IMD की बड़ी चेतावनी : 2026 में सूखे का खतरा, पूरे देश में मानसून सिर्फ 90% रहने का अनुमान
नई दिल्ली, 29 मई। मौसम विभाग (IMD) ने 2026 के दक्षिण-पश्चिम मानसून (जून-सितंबर) के लिए अपना दूसरा दीर्घकालिक पूर्वानुमान शुक्रवार को जारी कर दिया है। विभाग ने चेतावनी देते हुए कहा है कि इस साल देशभर में मानसून की बारिश सामान्य से कम रहने की संभावना है।IMD के अनुसार, पूरे देश में मानसून बारिश लंबी अवधि के औसत (LPA) का मात्र 90 प्रतिशत रह सकती है। यह आंकड़ा सामान्य से कम श्रेणी में आता है। अनुमान में ±4 प्रतिशत की त्रुटि हो सकती है।
क्षेत्रवार स्थिति:
1- उत्तर-पूर्वी भारत: यहां बारिश सामान्य रहने की उम्मीद है (94-106% LPA)।
2-उत्तर-पश्चिमी भारत: बारिश सामान्य से कम (92%) रह सकती है।
3- मध्य भारत: मानसून सुस्त रहने का अनुमान, बारिश सामान्य से कम (94%)।
दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत: यहां भी बारिश सामान्य से कम (94%) रहने की संभावना।
सबसे चिंताजनक बात यह है कि देश का मानसून कोर जोन (जिसमें ज्यादातर वर्षा आधारित कृषि क्षेत्र आते हैं) में बारिश दीर्घावधि औसत का 94 प्रतिशत या उससे भी कम रहने की सबसे अधिक संभावना है।IMD ने पहले भी 13 अप्रैल को जारी अपने पहले पूर्वानुमान में कमजोर मानसून की आशंका जताई थी। विभाग का कहना है कि इस साल देश में तापमान भी सामान्य से अधिक बना रह सकता है।
संभावित असर:
1-पानी की कमी और जल संकट
2-कृषि क्षेत्र पर नकारात्मक प्रभाव
3-बिजली उत्पादन पर दबाव
