लखनऊ, 15 अगस्त। डायबिटीज में खानपान का विशेष ध्यान रखना पड़ता है। खासकर मीठी चीजों को लेकर मरीजों के मन में कई सवाल रहते हैं। अंजीर स्वाद में मीठा होने के बावजूद पोषक तत्वों से भरपूर फल है। इसमें फाइबर, विटामिन और कई खनिज पाए जाते हैं। हालांकि, डायबिटीज में अंजीर को सीमित मात्रा में लेना जरूरी है, क्योंकि इसमें प्राकृतिक शर्करा भी होती है।
अंजीर में मौजूद फाइबर भोजन के बाद ब्लड शुगर के बढ़ने की गति को धीमा करने में मदद कर सकता है। लेकिन इसे डायबिटीज की दवा या इलाज का विकल्प नहीं माना जाना चाहिए। आइए जानते हैं अंजीर को डाइट में शामिल करने का सही तरीका।
डायबिटीज में अंजीर खाना कितना सही?
अंजीर का ग्लाइसेमिक इंडेक्स अपेक्षाकृत कम बताया जाता है, लेकिन ड्राई अंजीर में प्राकृतिक शर्करा और कैलोरी काफी केंद्रित होती है। इसलिए डायबिटीज के मरीजों को मात्रा का ध्यान रखना चाहिए। अंजीर खाने से पहले अपने ब्लड शुगर, दवाओं और पूरी डाइट को ध्यान में रखना जरूरी है। हर व्यक्ति में इसका असर अलग हो सकता है।
एक दिन में कितने अंजीर खाएं?
डायबिटीज के मरीजों के लिए अंजीर की मात्रा व्यक्ति की डाइट और ब्लड शुगर पर निर्भर करती है। सामान्य तौर पर 1-2 सूखे अंजीर से शुरुआत करना बेहतर हो सकता है। इसे खाने के बाद ब्लड शुगर पर नजर रखें और जरूरत के अनुसार डॉक्टर या डाइटीशियन से मात्रा तय करें। अंजीर को रातभर भिगोकर सुबह खाने का चलन है। हालांकि, भिगोने से इसकी प्राकृतिक शर्करा खत्म नहीं होती। इसलिए भीगा हुआ अंजीर भी सीमित मात्रा में ही खाना चाहिए।
अंजीर में पाए जाते हैं ये पोषक तत्व
अंजीर में फाइबर के अलावा कैल्शियम, पोटैशियम और कुछ अन्य विटामिन व खनिज पाए जाते हैं। फाइबर पाचन तंत्र के लिए उपयोगी है और भोजन के बाद ब्लड शुगर के तेजी से बढ़ने को नियंत्रित करने में मदद कर सकता है। हालांकि, अंजीर को किसी बीमारी का इलाज या ‘अमृत’ मानना सही नहीं है।
हड्डियों के लिए फायदेमंद
अंजीर में कैल्शियम और पोटैशियम जैसे खनिज पाए जाते हैं। संतुलित डाइट के हिस्से के रूप में ये पोषक तत्व हड्डियों के सामान्य स्वास्थ्य में योगदान कर सकते हैं। लेकिन केवल अंजीर खाने से ऑस्टियोपोरोसिस जैसी बीमारी से बचाव की गारंटी नहीं होती।
त्वचा के लिए भी उपयोगी
अंजीर में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट और अन्य पोषक तत्व संपूर्ण स्वास्थ्य के लिए उपयोगी हो सकते हैं। संतुलित आहार का हिस्सा होने के कारण यह त्वचा के स्वास्थ्य में भी योगदान दे सकता है। हालांकि, अंजीर खाने से झुर्रियां या उम्र बढ़ने की प्रक्रिया रुकने जैसे दावों के पर्याप्त प्रमाण नहीं हैं।
किन लोगों को बरतनी चाहिए सावधानी?
डायबिटीज के मरीजों को अंजीर खाते समय इसकी मात्रा और अपने ब्लड शुगर पर ध्यान देना चाहिए। अगर आप ब्लड शुगर कम करने वाली दवाएं लेते हैं, तो डाइट में किसी बड़े बदलाव से पहले डॉक्टर या डाइटीशियन की सलाह लेना बेहतर है।
ब्लड थिनर लेने वाले लोगों के लिए अंजीर को ‘खून गाढ़ा करने वाला’ बताने का दावा सामान्य तौर पर स्थापित तथ्य नहीं है। ऐसी दवाएं लेने वाले व्यक्ति को अंजीर बंद करने या शुरू करने का फैसला अपने डॉक्टर से पूछकर करना चाहिए।

