FIH हॉकी विश्व कप : भारतीय अभियान की प्रभावी शुरुआत, वेल्स पर 3-1 की जीत में कप्तान हरमनप्रीत के दो गोल

एम्सटेलवीन, 15 अगस्त। FIH हॉकी विश्व कप में पांच दशक से पदक के इंतजार में भटक रही भारतीय पुरुष टीम ने शनिवार को यहां मौजूदा संस्करण में अपने अभियान की प्रभावशाली शुरुआत की और पूल डी के पहले मैच में कप्तान हरमनप्रीत सिंह के दो गोलों की मदद से वेल्स को 3-1 से परास्त किया।

वेगनेर हॉकी स्टेडियम में अच्छी भीड़ के सामने भारतीय टीम ने अपने प्रशंसकों को निराश नहीं किया। विजेता टीम के लिए ‘प्लेयर आफ द मैच’ हरमनप्रीत ने 11वें और 43वें मिनट में गोल किए जबकि संजय ने आठवें मिनट में गोल दागा। वहीं अपना दूसरा विश्व कप खेल रहे वेल्स के लिए एकमात्र गोल सैम वेल्श ने 56वें मिनट में पेनाल्टी कॉर्नर पर दागा।

इसके पूर्व वेल्स को 54वें मिनट में उसे मैच का पहला पेनाल्टी कॉर्नर भी मिला, लेकिन फर्लोंग के दमदार शॉट को भारतीय गोलकीपर मोहित एचएस ने रोक लिया। इसके बाद हालांकि नाटकीय घटनाक्रम में वेल्श ने रिबाउंड पर गेंद भीतर डाली, लेकिन इस गोल पर भारतीय टीम ने रेफरल लिया। टीवी अम्पायर ने गोल अमान्य कर दिया क्योंकि सीटी बजने से पहले गेंद भीतर चली गई थी।

टूर्नामेंट के नए प्रारूप को देखते हुए भारत की कोशिश अधिक अंतर से जीतने और क्लीन शीट रखने की थी, लेकिन आखिरी मिनटों में एक गोल गंवाने के बाद कोच क्रेग फुल्टोन को इंग्लैंड के खिलाफ अगले कठिन मैच से पहले इस पर काम करना होगा।

वेल्स की टीम ने अच्छी शुरूआत की और पहले पांच मिनट में गेंद पर कब्जा बनाये रखा। दूसरे ही मिनट में वेल्स ने भारतीय सर्कल में प्रवेश किया जब फ्रेड न्यूबोल्ड के पास पर जैक प्रिचार्ड का शॉट गोलकीपर सूरज करकेरा ने बचा लिया। रिबाउंड पर फ्रेड का शॉट गोल के ऊपर से निकल गया। फ्रेड ने भारतीय डिफेंस को लगातार व्यस्त रखा और पांचवें मिनट में फिर गोल पर निशाना लगाया, लेकिन गेंद सीधे करकेरा के पास गई।

इसके बाद भारतीय टीम ने जवाबी हमला शुरू किया और हार्दिक सिंह ने सातवें मिनट में पहला पेनाल्टी कॉर्नर दिलाया। कप्तान हरमनप्रीत उस समय बाहर थे और संजय का प्रयास नाकाम रहा, लेकिन गेंद पहले रशर के पैर से टकराने के कारण भारत को लगातार दूसरा पेनाल्टी कॉर्नर मिला। इस बार संजय का सीधा तेज शॉट वेल्स के गोलकीपर दाहिनी ओर डाइव लगाकर भी बचा नहीं सके।

इसके तीन मिनट बाद जरमनप्रीत दाहिने विंग से बेहतरीन दौड़ लगाते हुए सर्कल के करीब पहुंचे, लेकिन उनकी रिवर्स हिट सटीक नहीं लगी। भारत को 11वें मिनट में तीसरा पेनाल्टी कॉर्नर मिला, जिस पर कप्तान हरमनप्रीत ने कोई चूक नहीं की। एक गोल गंवाने के बाद वेल्स टीम ने अगले ही मिनट जवाबी हमला किया लेकिन जरमनप्रीत की अगुआई में भारत के डिफेंस ने बड़ी फुर्ती दिखाते हुए उनके बराबरी के प्रयास को नाकाम कर दिया। पहला क्वार्टर खत्म होने से एक मिनट पहले भारत को फिर पेनाल्टी कॉर्नर मिला जिस पर हरमनप्रीत की ड्रैग फ्लिक बाहर निकल गई।

दूसरे क्वार्टर के पहले ही मिनट में इस विश्व कप के सबसे अनुभवी खिलाड़ी मनप्रीत सिंह (417 अंतरराष्ट्रीय मैच) ने भारत को पेनाल्टी कॉर्नर दिलाया। हरमनप्रीत के शॉट पर मनप्रीत गेंद को ट्रैप नहीं कर सके और मनदीप सिंह का डिफ्लैक्शन का प्रयास भी विफल रहा।

वेल्स के लिए 19वें मिनट में प्रिचार्ड को डिफेंस से लंबा पास मिला, जिस समय सामने गोलकीपर मोहित एचएस और डिफेंडर संजय ही थे। मोहित आगे निकले, लेकिन प्रिचार्ड का शॉट गोलपोस्ट से टकराकर निकल गया। भारत को दूसरे क्ववार्टर के आखिरी मिनटों में फिर गेंद मिली और सुखजीत ने दाहिने ओर राजिंदर को पास दिया, जिन्होंने शॉट भी लिया, लेकिन सही निशाना नहीं लगा सके। हाफटाइम तक भारत के पास दो गोल की बढत बरकरार।

तीसरे क्वार्टर में भारत ने उसी रफ्तार और लय के साथ हमले जारी रखे और इसका नतीजा 43वें मिनट में पांचवें पेनाल्टी कॉर्नर के रूप में मिला। हरमनप्रीत ने बायीं ओर दमदार शॉट पर दूसरा गोल दागा।

इंग्लैंड ने पाकिस्तान को 4-1 से शिकस्त दी, जर्मनी की भी बड़ी जीत

पहले दिन अंतिम समाचार मिलने तक खेले जा चुके दो अन्य मैचों में इंग्लैंड व जर्मनी ने बड़ी जीत दर्ज की। भारत के ही पूल डी में इंग्लैंड ने इसी स्टेडियम में खेले गए मैच में पाकिस्तान को जहां 4-1 से धराशायी किया वहीं जर्मनी ने बेल्जियम के बेल्फियस हॉकी एरेना में पूल बी के मैच में मलेशिया पर 5-1 से एकतरफा जीत हासिल की।

RELATED ARTICLES

Most Popular