कोलकाता, 13 जून। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अगले सप्ताह पश्चिम बंगाल के दो दिवसीय दौरे पर रहेंगे। उनके दौरे को लेकर राज्य में तैयारियां जारी हैं। अपने पश्चिम बंगाल प्रवास के दौरान वह पश्चिम बंगाल दिवस और अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के जश्न में शामिल होंगे।
भाजपा सरकार 20 जून को पहली बार मनाएगी पश्चिम बंगाल दिवस
उल्लेखनीय है पश्चिम बंगाल के इतिहास में पहली बार सत्ता में आई भाजपा सरकार 20 जून को पहली बार पश्चिम बंगाल दिवस मनाने वाली है, जिसमें पीएम मोदी मुख्य अतिथि होंगे। इस पहल का मकसद नई पीढ़ी को बंगाल का इतिहास, विरासत और सांस्कृतिक पहचान दिखाना है।
समारोह आयोजित करने के लिए हर जिले में उच्चस्तरीय कमेटियां पहले ही बनाई जा चुकी हैं। जिला मजिस्ट्रेट इस कमेटी के प्रमुख होंगे, जिसमें एसपी, प्राइमरी और सेकेंडरी एजुकेशन विभाग के प्रतिनिधि और स्थानीय सांसद और विधायक सदस्य होंगे।
योग दिवस पर कम से कम डेढ़ लाख लोगों को एकत्र करने की योजना
जहां तक अंतरराष्ट्रीय योग दिवस (21 जून) का सवाल है तो पगले इसका आयोजन रेड रोड पर करने का प्लान था, लेकिन अब धना धन्ये ऑडिटोरियम और ब्रिगेड परेड ग्राउंड को भी दूसरी जगहों के तौर पर देखा जा रहा है।
प्रशासनिक सूत्रों ने बताया कि उस दिन कम से कम 1,50,000 लोगों के एक साथ योग करने का टारगेट रखा गया है। इसलिए, प्रशासन को जगह की कमी और सुरक्षा इंतजाम को लेकर बड़ी चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। अलग-अलग विभाग के बीच समन्वय बैठक पहले ही शुरू हो चुकी हैं।
इस वर्ष के अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की मेन थीम ‘स्वस्थ उम्र बढ़ने के लिए योग’ है और कोलकाता में प्रधानमंत्री की मौजूदगी में इसे मनाने को खास महत्व दिया गया है।
पश्चिम बंगाल दिवस मनाने की तिथि को लेकर लंबे समय से राजनीतिक बहस जारी
ध्यान देने वाली बात यह है कि पश्चिम बंगाल दिवस मनाने की खास तारीख को लेकर लंबे समय से राजनीतिक बहस चल रही है। पिछली तृणमूल कांग्रेस सरकार पोइला बैसाख (बंगाली कैलेंडर का पहला दिन) को ‘बांग्ला दिवस’ मनाती थी, वहीं भाजपा लगातार 20 जून को मनाती आ रही है।








