UP School Chalo Abhiyan 2026: 1 जुलाई से शुरू होगा दूसरा चरण, सीएम योगी ने छात्रों और अभिभावकों से की खास अपील
लखनऊ, 29 जून। उत्तर प्रदेश में शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए 1 जुलाई से ‘स्कूल चलो अभियान’ का दूसरा चरण शुरू होने जा रहा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेशवासियों, अभिभावकों और शिक्षकों से इस अभियान को जनभागीदारी के साथ सफल बनाने की अपील की है। उन्होंने कहा कि 15 जुलाई तक चलने वाले इस अभियान का लक्ष्य कक्षा 1 से 12वीं तक शत-प्रतिशत नामांकन सुनिश्चित करना, स्कूल छोड़ चुके बच्चों को दोबारा शिक्षा से जोड़ना और नए शैक्षणिक सत्र में प्रवेश प्रक्रिया को गति देना है।
मुख्यमंत्री ने अपने संदेश में कहा कि जुलाई का महीना केवल नए सत्र की शुरुआत नहीं, बल्कि लाखों बच्चों के सपनों को नई उड़ान देने का अवसर है। उन्होंने कहा कि शिक्षा ही जीवन की सबसे बड़ी पूंजी है और विद्यालय वह स्थान है जहां बच्चों के ज्ञान, संस्कार, व्यक्तित्व और चरित्र का निर्माण होता है। उन्होंने कहा कि प्राचीन गुरुकुल परंपरा में विद्यार्थियों को जीवन के विभिन्न क्षेत्रों का ज्ञान दिया जाता था और आज के विद्यालय उसी परंपरा का आधुनिक स्वरूप हैं, जहां पढ़ाई के साथ अनुशासन, नैतिक मूल्य और राष्ट्र निर्माण की भावना विकसित की जाती है।
शिक्षा के क्षेत्र में सरकार की योजनाओं का जिक्र
सीएम योगी ने कहा कि राज्य सरकार शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए लगातार काम कर रही है। ‘प्रोजेक्ट अलंकार’ के तहत माध्यमिक विद्यालयों का आधुनिकीकरण किया जा रहा है। वहीं ‘ऑपरेशन कायाकल्प’, ‘मिशन प्रेरणा’, ‘मिशन निपुण’ और ‘कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय योजना’ जैसी योजनाओं के माध्यम से शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार लाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि बच्चों के बेहतर स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए सरकारी स्कूलों में पौष्टिक और गर्म पका हुआ मध्याह्न भोजन भी उपलब्ध कराया जा रहा है।
शिक्षकों और अभिभावकों से विशेष अपील
मुख्यमंत्री ने शिक्षकों से कहा कि वे विद्यालय का माहौल ऐसा बनाएं कि बच्चे स्कूल को केवल दिनचर्या का हिस्सा न समझें, बल्कि उत्साह के साथ स्कूल आएं। इसके लिए खेलकूद और अन्य रचनात्मक गतिविधियों को बढ़ावा देने की जरूरत है। अभिभावकों से उन्होंने आग्रह किया कि वे बच्चों का मूल्यांकन केवल परीक्षा के अंकों से नहीं, बल्कि उनकी मेहनत, लगन और आत्मविश्वास के आधार पर करें। साथ ही बच्चों की नियमित स्कूल उपस्थिति सुनिश्चित करें और 3 से 6 वर्ष के बच्चों को ‘बाल वाटिका’ से जोड़ने का भी आह्वान किया।
‘स्कूल चलो अभियान’ को जनआंदोलन बनाने का आह्वान
अपने संदेश के अंत में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेशवासियों से अपील की कि ‘स्कूल चलो अभियान’ को केवल सरकारी कार्यक्रम न समझें, बल्कि इसे जनआंदोलन बनाएं। उन्होंने कहा कि यदि आसपास कोई बच्चा अभी तक स्कूल नहीं पहुंच पाया है, तो उसे विद्यालय तक पहुंचाना समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश का भविष्य तभी उज्ज्वल होगा, जब प्रदेश का हर बच्चा शिक्षा से जुड़कर आगे बढ़ेगा।
