लखनऊ, 3 अगस्त। उत्तर प्रदेश विधानमंडल का चार दिवसीय मानसून सत्र सोमवार से शुरू हो गया। सत्र की शुरुआत से पहले समाजवादी पार्टी (सपा) के विधायकों ने विधानसभा परिसर में विभिन्न मुद्दों को लेकर प्रदर्शन किया। वहीं, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सभी दलों से लोकतांत्रिक मर्यादाओं के अनुरूप स्वस्थ और सकारात्मक चर्चा करने की अपील की। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विधानसभा पहुंचने पर सभी सदस्यों का स्वागत करते हुए कहा कि विधायिका जनहित से जुड़े मुद्दों पर चर्चा और समाधान का सबसे प्रभावी मंच है। उन्होंने कहा कि यह सत्र गरीबों, किसानों, युवाओं और महिलाओं से जुड़े विषयों पर विचार-विमर्श का महत्वपूर्ण अवसर है।
‘जनहित के मुद्दों पर हो सार्थक चर्चा’
सीएम योगी ने कहा कि सदन की गरिमा बनाए रखते हुए सभी दलों को प्रदेश के विकास और जनता से जुड़े विषयों पर गंभीर चर्चा करनी चाहिए। उन्होंने दावा किया कि पिछले वर्षों में करीब 6 करोड़ लोगों को गरीबी से बाहर निकालकर मध्यम वर्ग की श्रेणी में लाया गया है।उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश के किसान अपनी मेहनत से प्रदेश की अर्थव्यवस्था को मजबूती दे रहे हैं और किसानों की आय में पहले की तुलना में काफी वृद्धि हुई है।
महिलाओं और युवाओं के लिए सरकार के प्रयास गिनाए
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार कामकाजी महिलाओं की सुविधा के लिए हॉस्टल का निर्माण करा रही है। इसके अलावा बेहतर औद्योगिक माहौल के कारण युवाओं को उनके अपने जिलों में रोजगार के अवसर मिल रहे हैं। कांवड़ यात्रा का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि पूरे प्रदेश में शिवभक्त आस्था के साथ यात्रा निकाल रहे हैं। उनकी सुरक्षा और स्वागत के लिए व्यापक इंतजाम किए गए हैं। उन्होंने बताया कि 7 अगस्त से विधायक भी कांवड़ियों के स्वागत कार्यक्रमों में शामिल होंगे। साथ ही उन्होंने कहा कि आउटसोर्स कर्मियों के कल्याण के लिए भी सरकार लगातार काम कर रही है।
सपा विधायकों ने किया प्रदर्शन
वहीं, सत्र शुरू होने से पहले समाजवादी पार्टी के विधायक चौधरी चरण सिंह की प्रतिमा के पास प्रदर्शन करने पहुंचे। विधायक हाथों में पोस्टर और दानपेटी लेकर आए थे। उन्होंने राम मंदिर चढ़ावे में कथित अनियमितता, NEET पेपर लीक और शिक्षक भर्ती जैसे मुद्दों को लेकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
विपक्ष के आरोपों पर सरकार का पलटवार
विपक्ष के प्रदर्शन पर उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने कहा कि विपक्ष के पास कोई ठोस मुद्दा नहीं है और वह केवल राजनीतिक माहौल बनाने की कोशिश कर रहा है। संसदीय कार्य एवं वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने कहा कि राज्य सरकार विकास और जनहित से जुड़े हर सवाल का जवाब देने के लिए तैयार है।
दूसरे दिन पेश होगा अनुपूरक बजट
चार कार्य दिवसों तक चलने वाले इस मानसून सत्र के दूसरे दिन वित्त मंत्री सुरेश खन्ना वित्तीय वर्ष 2026-27 का पहला अनुपूरक बजट पेश करेंगे। इसके अलावा सरकार नौ अध्यादेशों को सदन से पारित कराने और संभल हिंसा की जांच के लिए गठित न्यायिक आयोग की रिपोर्ट सदन के पटल पर रखने की तैयारी में है।


