तेहरान, 11 जुलाई। ईरान के नए सर्वोच्च नेता अयातुल्ला सैयद मोजतबा खामेनेई ने पिता अयातुल्ला अली खामेनेई के सुपुर्द-ए-खाक होने के बाद मुल्क को पहली बार संबोधित किया और अमेरिका-इजराइल से बदला लेने की मांग दोहराई। उन्होंने कहा कि बदला लेना सिर्फ नारा नहीं बल्कि जरूरी है।
सैयद मोजतबा खामेनेई ने पिता के अंतिम संस्कार में ‘हैरान करने वाली, दुश्मनों की कमर तोड़ने वाली और ऐतिहासिक’ भीड़ की दिल से तारीफ की और कसम खाई कि ‘अपराधी और हत्यारों’ से बदला जरूर लिया जाएगा। उन्होंने एक संदेश में कहा, मैं ईरान और इराक के शहरों और गांवों खासकर तेहरान, कोम, नजफ, कर्बला और मशहद में करोड़ों लोगों की मौजूदगी की दिल से तारीफ करता हूं।’
‘हम शहीद नेता और इन दो युद्धों के सभी शहीदों के पवित्र खून का बदला लेने की कसम खाते हैं’
मोजतबा खामेनेई ने कहा, ‘हम शहीद नेता और इन दो युद्धों के सभी शहीदों के पवित्र खून का बदला लेने की कसम खाते हैं।’ उन्होंने हमलावरों की सूची उच्चतम से निम्नतम स्तर तक तैयार होने का जिक्र किया, जो स्पष्ट रूप से बदले की काररवाई की तैयारी का संकेत देता है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी कहा है कि ईरान ने एक किल लिस्ट तैयार किया है, जिसमें उनका नाम सबसे ऊपर है।

‘आपके बताए रास्ते पर चलेंगे’
अपने पिता खामेनेई का जिक्र करते हुए मोजतबा ने कहा, ‘नम आंखों और भारी मन से जब हम आपके पार्थिव शरीर को विदाई दे रहे हैं तो हम आपकी विचारधारा को बनाए रखने और आपके दिखाए सीधे रास्ते पर मजबूती से चलने का संकल्प लेते हैं। हम किसी भी कठिनाई से नहीं डरेंगे।’ उन्होंने एलान किया, ‘ईरान के खिलाफ अमेरिका-इजराइली हमलों के दौरान शहीद हुए हमारे नेता और दूसरे शहीदों के खून का बदला लेना हमारे देश की मांग है और इसे जरूर पूरा किया जाना चाहिए।’
‘अब उन्हें शांति से मौत नहीं मिलेगी’
मोजतबा ने कहा, ‘जो लोग इस हमले लिए जिम्मेदार हैं, वे ‘बिस्तर पर शांति से मौत का सपना लेकर अपनी कब्र में ही जाएंगे। यह वादा मेरी या दूसरे अधिकारियों की मौजूदगी पर निर्भर नहीं करता है। हम यहां रहें या न रहें यह पूरा होगा और जल्द ही दुनियाभर के आजाद लोग इस पवित्र मिशन का हिस्सा बनेंगे।’ मोजतबा ने अली खामेनेई के साथ शहीद हुए लोगों को भी श्रद्धांजलि दी और कहा, ‘आप धन्य हैं क्योंकि अब आप उनके मेहमान हैं, जिनकी आपने पूरी निष्ठा से सेवा की थी।’
अमेरिकी-इजराइली हमले में 28 फरवरी को हुई थी अली खामेनेई की मौत
उल्लेखनीय है कि ईरान के सर्वोच्च धार्मिक नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत इसी वर्ष 28 फरवरी को अमेरिकी और इजराइली हमले में हुई थी। इस हमले में खामेनेई के परिवार के दूसरे सदस्य भी जख्मी हुए थे। अब लगभग चार माह बाद उनका अंतिम संस्कार गत नौ जुलाई को किया गया है। इस हमले में मोजतबा खामेनेई स्वयं भी चोटिल हो गए थे। अली खामेनेई की मौत के बाद मोजतबा का ईरान का नया धार्मिक नेता चुना गया है। हालांकि सुरक्षा चिंताओं की वजह से मोजतबा अपने पिता के जनाजे में शामिल नहीं हुए थे।

