संभल, 22 अक्टूबर। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव को लेकर समाजवादी पार्टी (सपा) और कांग्रेस के बीच सीट बंटवारे की चर्चा तेज हो गई है। संभल से सपा सांसद जियाउर रहमान बर्क ने कहा कि गठबंधन को लेकर बातचीत सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ रही है। उन्होंने संकेत दिया कि कांग्रेस को उन सीटों पर प्राथमिकता दी जा सकती है, जहां उसके जीतने की संभावना अधिक है। बर्क ने उम्मीद जताई कि सपा और कांग्रेस ‘इंडिया’ गठबंधन के तहत मिलकर विधानसभा चुनाव लड़ेंगे।
‘कांग्रेस को जीत की संभावना वाली सीटें देना चाहते हैं’
सपा सांसद ने कहा कि सीट बंटवारे को लेकर बातचीत जारी है और जल्द ही इसका फैसला सामने आ सकता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कांग्रेस कितनी सीटों की मांग कर रही है, यह अलग बात है, लेकिन सपा का मानना है कि सीटों का बंटवारा जीतने की संभावना के आधार पर होना चाहिए। बर्क के मुताबिक, गठबंधन में शामिल दलों के बीच सीटों पर सहमति बनाने में समय लगता है। उन्होंने कहा कि उनकी अखिलेश यादव से भी बातचीत हुई है, जो सकारात्मक रही। उन्हें उम्मीद है कि दोनों पार्टियां मिलकर भाजपा को चुनौती देंगी।
‘भाजपा के सामने सपा सबसे मजबूत विकल्प’
जियाउर रहमान बर्क ने कहा कि उत्तर प्रदेश में भाजपा के सामने समाजवादी पार्टी सबसे मजबूत विकल्प है। उन्होंने कहा कि जिस तरह विपक्षी दलों ने लोकसभा चुनाव में गठबंधन के तहत मुकाबला किया था, उसी तरह विधानसभा चुनाव में भी साथ आने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि गठबंधन का उद्देश्य भाजपा को हराने के साथ ऐसी सरकार बनाना है, जो सभी वर्गों को साथ लेकर चले। हालांकि, सीटों के बंटवारे पर अंतिम सहमति और आधिकारिक घोषणा का इंतजार है।
सीजेपी प्रवक्ताओं की जमानत पर क्या बोले बर्क?
कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के प्रवक्ता सौरव दास और आशुतोष रांका को जमानत मिलने पर भी सपा सांसद ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि वह हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट सहित सभी न्यायिक संस्थाओं का सम्मान करते हैं। बर्क ने शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन को संवैधानिक अधिकार बताते हुए कहा कि विरोध करने का अधिकार केवल युवाओं या ‘जेन-जी’ तक सीमित नहीं है। किसी भी उम्र का नागरिक सरकार की नीतियों या पुलिस-प्रशासन की कार्रवाई के खिलाफ आवाज उठा सकता है, बशर्ते विरोध कानून के दायरे में हो। उन्होंने सवाल उठाया कि सरकार की नीतियों की आलोचना करने और विरोध जताने वालों से ही सफाई क्यों मांगी जा रही है। बर्क ने यह भी स्पष्ट किया कि उनका सीजेपी से कोई संबंध नहीं है। उन्होंने कहा कि वह समाजवादी पार्टी से जुड़े हैं और विपक्ष के सदस्य होने के साथ-साथ देश के नागरिक भी हैं।
‘सीट बंटवारे पर जल्द सामने आएगा फैसला’
बर्क ने दोहराया कि सपा-कांग्रेस गठबंधन को लेकर बातचीत सकारात्मक है। उनके मुताबिक, सीटों का बंटवारा किसी भी गठबंधन का महत्वपूर्ण हिस्सा होता है और इस पर सहमति बनाने में समय लगना स्वाभाविक है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को उन सीटों पर मौका देने पर विचार किया जा रहा है, जहां पार्टी मजबूत स्थिति में है और जीत हासिल कर सकती है। अब सबकी नजरें दोनों दलों के बीच बातचीत और सीट बंटवारे की औपचारिक घोषणा पर टिकी हैं।


