भारतीय रंगमंच की दिग्गज हस्ती विजया मेहता के निधन पर पीएम मोदी सहित कई नेताओं ने दी श्रद्धांजलि
नई दिल्ली, 1 जुलाई। भारतीय रंगमंच और सिनेमा की दिग्गज हस्ती विजया मेहता के निधन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और डिप्टी सीएम सुनेत्रा पवार सहित कई नेताओं ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके योगदान को याद किया।
मराठी रंगमंच की मशहूर एक्टर और फिल्म डायरेक्टर 91 वर्षीय मेहता लंबे समय से बीमार चल रही थीं। उन्होंने सोमवार (30 जून) की देर रात आखिरी सांस ली। भारतीय थिएटर में सबसे प्रभावशाली हस्तियों में से एक मानी जाने वाली मेहता अपने पीछे एक शानदार विरासत छोड़ गई हैं। उन्होंने कई पीढ़ियों के एक्टर्स, डायरेक्टर्स और थिएटर कलाकारों को तैयार किया।
‘भारतीय संस्कृति और सिनेमा की सबसे महान हस्तियों में हमेशा याद की जाएंगी’
पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर शोक व्यक्त करते हुए लिखा, ‘विजया मेहता भारतीय संस्कृति और सिनेमा की सबसे महान हस्तियों में हमेशा याद की जाएंगी। आधुनिक मराठी रंगमंच की अग्रणी हस्ती के रूप में विजया मेहता अपनी रचनात्मकता और कला के प्रति समर्पण के लिए जानी जाती थीं। उनके काम ने कई पीढ़ियों के कलाकारों, निर्देशकों और रंगमंच प्रेमियों को प्रेरित किया। दुख की इस घड़ी में मेरी संवेदनाएं उनके परिवार, प्रशंसकों और पूरे कला जगत के साथ हैं।’
विजया मेहता जी यांच्या निधनाने अत्यंत दुःख झाले आहे. सांस्कृतिक आणि चित्रपट क्षेत्रातील एक उत्तुंग व्यक्तिमत्त्व म्हणून त्या सदैव स्मरणात राहतील.
आधुनिक मराठी रंगभूमीच्या त्या प्रणेत्या होत्या, सर्जनशीलता आणि कलात्मक उत्कृष्टता यांच्याप्रती असलेल्या निष्ठेसाठी त्या ओळखल्या जात…
— Narendra Modi (@narendramodi) July 1, 2026
केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने भी उनके निधन पर गहरा दुख जताया। उन्होंने ‘एक्स’ पोस्ट के जरिए कहा कि विजया मेहता ने अपने नाटकों और फिल्मों के माध्यम से मराठी रंगमंच और सिनेमा को अमूल्य योगदान दिया। उनके नाटकों ने मराठी थिएटर में एक नई क्रांति लाई और अनेक महान कलाकारों को आगे बढ़ने का अवसर दिया। उनका निधन मराठी रंगमंच और फिल्म जगत के लिए अपूरणीय क्षति है।
ज्येष्ठ अभिनेत्री, नाट्य दिग्दर्शिका विजया मेहता यांच्या निधनाचे वृत्त दुःखद आहे. त्यांना माझी भावपूर्ण श्रद्धांजली. विविध नाटकांमधून, चित्रपटांतून विजयाबाईंनी काम केले. त्यांच्या नाटकांनी मराठी रंगभूमीवर वेगळी क्रांती घडवली. त्यांच्या नाटकांच्या मुशीत अनेक दिग्गज कलाकार घडले.…
— Nitin Gadkari (@nitin_gadkari) June 30, 2026
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने ‘एक्स’ पोस्ट के जरिए कहा कि विजया मेहता के निधन की खबर बेहद दुखद है। उन्होंने अभिनय से अपनी पहचान बनाई और बाद में कई यादगार नाटकों का निर्देशन किया। उन्होंने अनेक प्रतिभाशाली रंगकर्मियों को तैयार किया और फिल्मों में निभाए गए उनके किरदार भी हमेशा याद किए जाएंगे। उनके निधन के साथ एक पूरा कलात्मक दौर इतिहास के पर्दे के पीछे चला गया।
रंगमंच आणि पडद्यावरील नावाजलेला चेहरा आणि मराठी रंगभूमीवरील ज्येष्ठ निर्मात्या, दिग्दर्शिका विजया मेहता यांच्या निधनाचे वृत्त दुःखद आहे.
प्रारंभी अभिनयातून आपली छाप उमटवल्यानंतर पुढे त्यांनी अनेक नाटकांचे दिग्दर्शन केले. एकाहून एक असे सरस नाट्य कलावंत त्यांनी घडवले.… pic.twitter.com/OHTrRImVpX— Devendra Fadnavis (@Dev_Fadnavis) June 30, 2026
वहीं, डिप्टी सीएम सुनेत्रा पवार ने ‘एक्स’ पोस्ट में कहा कि विजया मेहता ने निर्देशन और रंगमंच निर्माण के क्षेत्र में अपनी अलग पहचान बनाई और मराठी थिएटर को नई दिशा दी। उन्होंने कई उत्कृष्ट नाटकों का निर्माण किया और उभरते कलाकारों को मंच देकर उन्हें आगे बढ़ाया। फिल्मों में भी उनके सशक्त अभिनय ने अलग छाप छोड़ी। उन्होंने कहा कि विजया मेहता का काम हमेशा मराठी कला जगत के लिए प्रेरणा का स्रोत बना रहेगा। उनके निधन के साथ एक सशक्त कलात्मक युग का अंत हो गया है।
मराठी रंगभूमी व चित्रपटसृष्टीतील ज्येष्ठ दिग्दर्शिका, निर्मात्या व अभिनेत्री विजया मेहता यांच्या निधनाचं वृत्त अतिशय दुःखद आहे. दिग्दर्शन आणि नाट्यनिर्मिती क्षेत्रात त्यांनी आपली स्वतंत्र ओळख निर्माण करून मराठी रंगभूमीला नवी दिशा दिली. अनेक दर्जेदार नाट्यनिर्मिती घडवत नवोदित… pic.twitter.com/S7UljbVSZZ
— Sunetra Ajit Pawar (@SunetraA_Pawar) July 1, 2026
कला जगत में विजया को प्यार से ‘बाई’ कहकर पुकारा जाता था
विजया मेहता का जन्म 4 नवम्बर, 1934 को हुआ था। वह भारत की प्रसिद्ध थिएटर और फिल्म निर्देशक, अभिनेत्री तथा निर्माता थीं। कला जगत में उन्हें प्यार से ‘बाई’ कहकर पुकारा जाता था। उन्होंने आधुनिक भारतीय रंगमंच को नई पहचान देने में अहम भूमिका निभाई और प्रदर्शन कला की दिशा बदलने वाली अग्रणी हस्तियों में शामिल रहीं।
स्टेज के अलावा फिल्म और टेलीविजन पर भी गहरी छाप छोड़ी
स्टेज के अलावा उन्होंने फिल्म और टेलीविजन पर भी गहरी छाप छोड़ी। उन्होंने ‘राव साहब’, ‘पेस्टोनजी’, ‘शकुंतलम’ और टेलीविन सीरीज ‘स्मृतिचित्रे’ जैसे कामों के जरिए टेलीविजन में योगदान दिया। एक टीचर और मेंटर के तौर पर, उन्होंने कई पीढ़ियों के एक्टर्स और थिएटर कलाकारों को ट्रेनिंग भी दी।
कई पुरस्कारों से किया जा चुका है सम्मानित
विजया मेहता को 1975 में संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार और 1986 में ‘राव साहब’ के लिए सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेत्री का राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार से सम्मानित किया गया। फिल्म और थिएटर जगत की इस दिग्गज कलाकार के निधन से इंडस्ट्री में शोक है।
