नई दिल्ली, 17 अगस्त। राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) ने परीक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार के तहत अपने 50 से अधिक कर्मचारियों को हटा दिया है और प्रमुख पदों के लिए पेशेवरों की नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू की है। शिक्षा मंत्रालय ने सोमवार को यह जानकारी दी।
यूजीसी-नेट के तीन विषयों के प्रश्नपत्रों में दोबारा परीक्षा कराने के आदेश के बाद फैसला
यह घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है, जब एनटीए ने रविवार को यूजीसी-नेट के तीन विषयों के प्रश्नपत्रों में कई त्रुटियां पाए जाने के बाद दोबारा परीक्षा कराने का आदेश दिया। इससे पहले, प्रश्नपत्र लीक होने के आरोपों के बीच चिकित्सा स्नातक पाठ्यक्रमों में दाखिले के लिए आयोजित राष्ट्रीय पात्रता-सह-प्रवेश परीक्षा (नीट-यूजी) 2026 की परीक्षा रद कर दी गई थी।
शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी ने वरिष्ठ अधिकारियों संग की बैठक
शिक्षा मंत्रालय ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा कि केंद्रीय शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी ने उच्च शिक्षा विभाग के सचिव, एनटीए के महानिदेशक और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक की। बैठक में उन्हें हालिया घटनाक्रम के मद्देनजर एजेंसी द्वारा उठाए गए कदमों और समग्र परीक्षा व्यवस्था में सुधार की जानकारी दी गई।
मंत्रालय ने कहा, ‘मंत्री को हालिया घटनाक्रम, विशेष रूप से समग्र व्यवस्था में सुधार के संबंध में एनटीए द्वारा उठाए गए कदमों से अवगत कराया गया। उन्हें बताया गया कि एनटीए से 50 से अधिक कर्मचारियों को हटा दिया गया है।’
Education Minister Shri @JoshiPralhad held a meeting with the Secretary, Department of Higher Education, DG @NTA_Exams, and other senior officials.
The Minister was apprised on the steps taken by NTA in the wake of recent issues, particularly with reference to reforming the… pic.twitter.com/D5r5jSY0q0
— Ministry of Education (@EduMinOfIndia) August 17, 2026
10 नए पेशेवर पदों के लिए विज्ञापन जारी
मंत्रालय के अनुसार, मुख्य प्रौद्योगिकी अधिकारी, मुख्य वित्त अधिकारी, मुख्य सूचना सुरक्षा अधिकारी (सीआईएसओ), महाप्रबंधक (परीक्षा सुरक्षा) और महाप्रबंधक (अनुसंधान एवं विकास तथा साइकोमेट्रिक्स) सहित 10 नए पेशेवर पदों के लिए विज्ञापन जारी किए गए हैं और नियुक्ति प्रक्रिया चल रही है। इसी क्रम में साइबर सुरक्षा, साइकोमेट्रिक्स, प्रश्नपत्र तैयार करने और अन्य विशेषज्ञ क्षेत्रों के लिए निजी क्षेत्र से भी विषय विशेषज्ञों को शामिल किया जा रहा है।
स्थापित परीक्षा प्रोटोकॉल का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने का निर्देश
शिक्षा मंत्री ने स्थापित परीक्षा प्रोटोकॉल का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने गोपनीय संचालन (कॉनऑप्स) ढांचे, अलग-थलग कमरों, एयर-गैप्ड प्रणालियों और उपकरण जमा करने की प्रक्रियाओं में व्यापक बदलाव को युद्धस्तर पर लागू करने का भी निर्देश दिया। मंत्रालय ने कहा कि एनटीए को सभी परीक्षा प्रक्रियाओं का गहन तरीके से ऑडिट करने और सुधारात्मक कदमों पर रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया गया है।
यह बैठक एनटीए द्वारा रविवार रात यूजीसी-नेट जून 2026 के तीन विषयों के प्रश्नपत्रों -अंग्रेजी, वाणिज्य और समाजशास्त्र- की दोबारा परीक्षा कराने की घोषणा के बाद हुई। इन प्रश्नपत्रों में कई त्रुटियों की शिकायतें सामने आई थीं। अंग्रेजी और वाणिज्य के प्रश्नपत्रों की दोबारा परीक्षा नौ सितम्बर को जबकि समाजशास्त्र की परीक्षा 10 सितम्बर को आयोजित की जाएगी।
एनटीए ने यूजीसी-नेट जून, 2026 की परीक्षा 22 से 30 जून के बीच 87 विषयों में आयोजित की थी। यह परीक्षा जूनियर रिसर्च फेलोशिप (जेआरएफ), सहायक प्रोफेसर पद के लिए पात्रता और पीएचडी कार्यक्रमों में प्रवेश के लिए आयोजित की गई थी।

