kunal kamra: कुणाल कामरा ने प्राथमिकी के खिलाफ खटखटाया बंबई हाईकोर्ट का दरवाजा

मुंबई, 7 अप्रैल।‘स्टैंड-अप कॉमेडियन’ कुणाल कामरा ने महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के खिलाफ कथित अपमानजनक टिप्पणी को लेकर शहर पुलिस द्वारा दर्ज प्राथमिकी को रद्द किए जाने का अनुरोध करते हुए बंबई उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया है। कामरा ने पांच अप्रैल को उच्च न्यायालय में याचिका दायर की थी।

कामरा की याचिका में दावा किया गया है कि उनके खिलाफ दर्ज शिकायतें अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता, कोई भी पेशा अपनाने एवं व्यवसाय करने का अधिकार और भारत के संविधान के तहत प्रदत्त जीवन एवं स्वतंत्रता के अधिकार समेत उनके मौलिक अधिकारों का उल्लंघन करती हैं।

अधिवक्ता मीनाज काकलिया के माध्यम से दायर याचिका पर संभवत: न्यायमूर्ति सारंग कोतवाल की अगुवाई वाली पीठ 21 अप्रैल को सुनवाई करेगी। कामरा को उनके खिलाफ दर्ज मामले में पिछले महीने मद्रास उच्च न्यायालय से अंतरिम अग्रिम जमानत मिल गई थी। वह तमिलनाडु के स्थायी निवासी हैं। उनको तीन बार समन भेजे जाने के बावजूद वह पूछताछ के लिए मुंबई पुलिस के सामने पेश नहीं हुए।

कामरा ने एक कार्यक्रम के दौरान शिंदे का नाम लिए बिना उन पर कटाक्ष करते हुए फिल्म ‘दिल तो पागल है’ के एक हिंदी गाने का परिवर्तित संस्करण इस्तेमाल किया था जिसमें उन्होंने शिंदे को कथित तौर पर ‘‘गद्दार’’ कहा था। शिवसेना विधायक मुरजी पटेल की शिकायत के बाद पुलिस ने कामरा के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की प्रासंगिक धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की थी।

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