‘छात्रों की गूंज’ : कॉमेडियन पुलकित की मिमिक्री को लेकर राहुल गांधी पर भाजपा हमलावर, बताया शर्मनाक व घिनौना कृत्य

नई दिल्ली, 20 सितम्बर। मध्य प्रदेश के औद्योगिक शहर इंदौर में शनिवार को कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम में स्टैंड-अप कॉमेडियन पुलकित मणि द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नकल के बाद भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) राहुल गांधी पर हमलावर है। पार्टी नेताओं ने राहुल पर एक बुजुर्ग महिला का मज़ाक उड़ाने का आरोप लगाया और इसे शर्मनाम व घिनौना कृत्य करार दिया।

कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने पुलकित मणि का वीडियो शेयर करते हुए X पर लिखा – ‘इंदौर में आये खीखीखी स्मार्ट, माथे पर सिक्का चिपकाकर किया ग्रेट हैरेसमेंट का अद्भुत प्रदर्शन।’

वहीं दूसरी तरफ भाजपा ने राहुल पर निशाना साधते हुए एक्स पर पोस्ट में लिखा – ‘एक तरफ पीएम मोदी ने एक बुजुर्ग मां को सम्मान और अपनापन दिया तो दूसरी तरफ राहुल गांधी ने अपने कार्यक्रम में उनका मजाक उड़ाया। यही फर्क है संस्कार और दिखावे की राजनीति में। जिस उम्र में सम्मान मिलना चाहिए, वहां राहुल गांधी का यह शर्मनाक रवैया उनकी सोच के बारे में क्या कहता है?’ भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता सीआर केसवन ने राहुल गांधी पर नारी शक्ति के अपमान का आरोप लगाया।

इसी क्रम में केंद्रीय शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी ने पुलकित मणि द्वारा पीएम मोदी की मिमिक्री को ‘शर्मनाक और घिनौना’ करार देते हुए X पर लिखा – ‘राहुल गांधी और कांग्रेस पार्टी नैतिक पतन के निचले स्तर पर पहुंच गए हैं। छात्रों के साथ बातचीत का इस्तेमाल पीएम श्री @narendramodi जी की दिवंगत मां का मजाक उड़ाने और उनका अपमान करने के लिए करना, बुनियादी मानवीय संवेदना और राजनीतिक संस्कृति की चौंकाने वाली कमी को दिखाता है।’

सपा के राष्ट्रीय सचिव मो. अरशद ने भी व्यक्त की प्रतिक्रिया

भाजपा के साथ-साथ समाजवादी पार्टी (सपा) की ओर से पीएम मोदी की मिमिक्री को लेकर प्रतिक्रिया आई है। सपा के राष्ट्रीय सचिव मोहम्मद अरशद खान ने कहा कि राजनीतिक मतभेद अपनी जगह हैं, लेकिन प्रधानमंत्री पद की गरिमा और हर व्यक्ति की मां का सम्मान होना चाहिए।

‘राजनीति अपनी जगह, लेकिन हर व्यक्ति की मां का सम्मान होना चाहिए’

मोहम्मद अरशद खान ने कहा कि चाहे कोई आम नागरिक हो या सांसद-विधायक, सभी का सम्मान और गरिमा है। किसी की मां के खिलाफ अपमानजनक शब्द कहने का अधिकार किसी को नहीं है। इस तरह की टिप्पणी निंदनीय है, चाहे वह किसी भी व्यक्ति की ओर से की गई हो।

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