डब्ल्यूटीसी स्टैंडिंग : एजबेस्टन टेस्ट में प्वॉइंट पेनाल्टी के बाद पाकिस्तान से पिछड़कर भारत चौथे स्थान पर खिसका

बर्मिंघम, 5 जुलाई। भारत को यहां एजबेस्टन ग्राउंड पर मंगलवार को इंग्लैंड के हाथों पिछले वर्ष के पुनर्व्यवस्थित पांचवें टेस्ट में सात विकेट की पराजय से काफी नुकसान उठाना पड़ा। इस क्रम में टीम इंडिया न सिर्फ इंग्लैंड की धरती पर 2007 के बाद से पहली बार टेस्ट जीतने के करीब जाकर ठिठक गई वरन आईसीसी विश्व टेस्ट चैंपियनशिप (डब्ल्यूटीसी) स्टैंडिंग में वह पाकिस्तान से पिछड़कर चौथे स्थान पर खिसक गई।

धीमे ओवर रेट के लिए प्वॉइंट पेनाल्टी का खामियाजा भुगतना पड़ा

दरअसल, एजबेस्टन टेस्ट में धीमी ओवर गति के लिए भारत पर पॉइंट पेनाल्टी लगा दी गई, जिसके चलते पाकिस्तान डब्ल्यूटीसी स्टैंडिंग में उससे ऊपर तीसरे स्थान पर जा पहुंचा। प्वॉइंट पेनाल्टी के बाद भारत 75 अंक (अंक प्रतिशत 52.08) पर है, जो पाकिस्तान के पीसीटी (52.38) से कुछ ही कम है। अंक दंड के अलावा भारत पर टेस्ट के दौरान अपराध के लिए मैच फीस का 40 प्रतिशत जुर्माना भी लगाया गया है।

उल्लेखनीय है कि आईसीसी आचार संहिता के अनुच्छेद 2.22 के अनुसार खिलाड़ियों को निर्धारित समय में गेंदबाजी करने में विफल रहने वाले प्रत्येक ओवर के लिए उनकी मैच फीस का 20 प्रतिशत जुर्माना लगाया जाता है। इसके अलावा, आईसीसी विश्व टेस्ट चैंपियनशिप (डब्ल्यूटीसी) की खेल शर्तों के अनुच्छेद 16.11.2 के अनुसार एक पक्ष को प्रत्येक ओवर शॉर्ट के लिए एक अंक का दंड दिया जाता है।

निर्धारित समय में दो ओवर कम फेंकने से भारत के काटे गए दो डब्ल्यूटीसी अंक

इस क्रम में समय भत्तों को ध्यान में रखने के बाद भी भारत निर्धारित से दो ओवर पीछे रह गया, इसलिए उसके दो डब्ल्यूटीसी अंक काट लिए गए। एमिरेट्स आईसीसी एलीट पैन के मैच रेफरी डेविड बून ने मैदानी अंपायर – अलीम डार और रिचर्ड केटलबोरो, तीसरे अंपायर मरैस इरास्मस और चौथे अंपायर एलेक्स ह्वार्फ द्वारा आरोप मढ़े जाने के बाद भारतीय टीम पर यह प्रतिबंध लगाया।

आईसीसी विश्व टेस्ट चैंपियनशिप टेबल (5 जुलाई तक)

  • ऑस्ट्रेलिया –  84 अंक (77.78 पीसीटी)।
  • दक्षिण अफ्रीका – 60 अंक (71.43 पीसीटी)।
  • पाकिस्तान – 44 अंक (52.38 पीसीटी)।
  • भारत – 75 अंक (52.08 पीसीटी)।
  • वेस्टइंडीज – 54 अंक (50 पीसीटी)।

देखा जाए तो यह प्वॉइंट पेनाल्टी पिछली डब्ल्यूटीसी उपजेता भारतीय टीम के लिए एक झटके के समान है, जो आगामी डब्ल्यूटीसी तालिका में शीर्ष दो स्थानों की लड़ाई लड़ रहा है। डब्ल्यूटीसी स्टैंडिंग की शीर्ष दो टीमें वर्ष 2023 के फाइनल के लिए क्वालीफाई करेंगी।

RELATED ARTICLES

Most Popular