एशियाई खेल : एथलीटों ने जीते 2 रजत सहित 5 पदक, ट्रैक एंड फील्ड स्पर्धाओं में पांचवें दिन भी स्वर्ण का इंतजार

नागोया, 27 सितम्बर। सर्वेश अनिल कुशारे और एंसी सोजन एडापल्ली की अगुआई में भारतीय एथलीटों ने 20वें एशियाई खेलों (Aichi-Nagoya 2026) में रविवार को दो रजत सहित पांच पदक जीते। इनमें कुशारे व सोजन को क्रमशः पुरुषों की ऊंची कूद और महिलाओं की लंबी कूद में दूसरा स्थान मिला वहीं 10 स्पर्धांओं के खेल डेकाथलॉन में तेजस्विन शंकर कांस्य जीतने में सफल रहे जबकि पारुल चौधरी ने महिलाओं की 3000 मीटर स्टीपलचेज व हरिता भद्रा ने महिलाओं की 200 मीटर दौड़ में कांस्य पदक जीते।

हालांकि मिजुहो पार्क एथलेटिक स्टेडियम में पांच दिनों से जारी ट्रैक एंड फील्ड स्पर्धाओं में 75 सदस्यीय मजबूत एथलेटिक्स टीम को अब तक पहले स्वर्ण पदक का इंतजार है जबकि एथलेटिक्स मुकाबलों में अब सिर्फ दो दिन शेष हैं। भारतीय एथलेटिक्स महासंघ (AFI) को कम से कम 25 पदक जीतने की उम्मीद है और एथलीटों ने अब तक छह रजत व सात कांस्य यानी कुल 13 पदक जीते हैं।

पदक तालिका : 4 स्वर्ण सहित 37 पदकों के साथ भारत 12वें स्थान पर

ओवरआल पदक तालिका की बात करें तो पदक स्पर्धाओं के आठवें दिन भारत ने स्क्वाश व्यक्तिगत वर्ग में अनाहत सिंह व अभय सिंह को मिले रजत सहित कुल सात पदक जीते, जिनमें चार रजत व तीन कांस्य शामिल है। फिलहाल भारतीय दल 37 पदकों (4+16+17) के साथ अब भी 12वें स्थान पर पिछड़ा है।

पावर हाउस चीन ने पूरा किया पदकों का दोहरा शतक

वहीं अग्रणी स्थान पर चल रहा पावर हाउस चीन (119+48+38=205) पदकों का दोहरा शतक पूरा कर चुका है। दूसरे स्थान पर काबिज मेजबान जापान (37+52+58=157) भी 150 से ज्यादा पदक बटोर चुका है। कोरिया गणराज्य (21+23+39=83) तीसरे स्थान पर है।

ऊंची कूद में अंतिम क्षणों में दूसरे स्थान पर पिछड़े

खैर, एथलेटिक्स मुकाबलों की बात करें तो ऊंची कूंद स्पर्धा में  सर्वेश कुशारे काफी समय तक शीर्ष पर रहे, लेकिन 2.25 मीटर की ऊंचाई को पहली कोशिश में पार नहीं कर पाने के बाद दूसरे स्थान पर खिसक गए। चीनी ताइपे के चाओ शुआन फू ने यह ऊंचाई अपनी पहली कोशिश में पार कर ली। हालांकि कुशारे ने दूसरी कोशिश में 2.25 मीटर की ऊंचाई पार कर ली।

महिला लंबी कूद : एंसी ने सर्वश्रेष्ठ प्रयास से रजत पदक जीता

महिला लंबी कूद फाइनल में एंसी सोजन ने पांचवें प्रयास में 6.53 मीटर का सर्वश्रेष्ठ छलांग लगाई और दूसरे स्थान पर रहीं। चीन की हुआंग यिंगयिंग ने आखिरी प्रयास में 6.55 मीटर की कूद लगाकर भारतीय खिलाड़ी को पीछे छोड़ते हुए स्वर्ण पदक जीत लिया।

हालांकि एंसी की हमवतन शैली सिंह को निराशा हाथ लगी। चीन की मेंगयी तान ने 6.46 मीटर की कूद लगाकर भारतीय खिलाड़ी को पीछे छोड़ दिया, जिससे शैली कांस्य पदक से चूक गईं। शैली का दिन का सर्वश्रेष्ठ प्रयास 6.42 मीटर रहा।

1500 मी. दौड़ में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन से कांस्य जीत ले गए डेकाथलीट तेजस्विन

उधर भारतीय दल के सर्वाधिक कद्दावर एथलीट तेजस्विन शंकर ने 10 स्पर्धाओं को समाहित करने वाली डेकाथलॉन स्पर्धा में कांस्य पदक जीता। उन्होंने बेहद चुनौतीपूर्ण प्रतियोगिता की अंतिम स्पर्धा 1500 मीटर दौड़ में बाजी मारते हुए 7,934 अंकों के साथ यह पदक हासिल किया।

दरअसल, राष्ट्रीय रिकॉर्ड धारक तेजस्विन ने 100 मीटर, लंबी कूद, गोला फेंक, ऊंची कूद और 400 मीटर में शानदार प्रदर्शन के दम पर पहले दिन 4,338 अंक जुटाए थे और दूसरे दिन की शुरुआत शीर्ष स्थान से की थी। दो दिनों में हुई 10 स्पर्धाओं में तेजस्विन ने अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन आखिरी स्पर्धा के लिए बचाकर रखा। उन्होंने 1500 मीटर दौड़ चार मिनट 33.09 सेकेंड में पूरी कर पहला स्थान हासिल किया। इस वर्ष की शुरुआत में उन्होंने ग्लास्गो राष्ट्रमंडल खेलों में भी कांस्य पदक जीता था।

हरिता भद्रा 200 मीटर दौड़ में तीसरे स्थान पर रहीं

इससे पहले हरिता भद्रा ने महिलाओं की 200 मीटर में 23.20 सेकेंड के समय के साथ कांस्य पदक जीता। वह जापान की इडो अबिगेइरुफुका से मामूली अंतर से आगे रहीं, जिन्होंने 23.21 सेकेंड का समय निकाला।

फाइनल में शामिल एक अन्य भारतीय उन्नति अयप्पा बोलैंड 23.48 सेकेंड के समय के साथ छठे स्थान पर रहीं। सिंगापुर की शांति परेरा ने सत्र का सर्वश्रेष्ठ 22.78 सेकेंड का समय निकालकर स्वर्ण पदक जीता जबकि चीन की चेन युजी (22.93 सेकेंड) ने रजत पदक हासिल किया।

3000 मीटर स्टीपलचेज में पारुल को लगातार दूसरा कांस्य

महिलाओं की 3000 मीटर स्टीपलचेज में हांगझू 2023 में कांस्य पदक जीतने वाली पारुल ने नौ मिनट 8.67 सेकेंड के व्यक्तिगत सर्वश्रेष्ठ समय के साथ लगातार दूसरी बार कांस्य पदक अपने नाम किया। बहरीन की विनफ्रेड यावी ने नौ मिनट 4.36 सेकेंड के समय के साथ स्वर्ण पदक जीता जबकि कजाखस्तान की नोराह जेरुतो तनुई ने नौ मिनट 06.82 सेकेंड के समय के साथ रजत पदक अपने नाम किया। स्पर्धा में हिस्सा लेने वाली एक अन्य भारतीय एथलीट अंकिता नौ मिनट 19.24 सेकेंड के अपने व्यक्तिगत सर्वश्रेष्ठ प्रयास के साथ चौथे स्थान पर रहीं।

लंबी कूद व 400 मी. बाधा दौड़ के फाइनल में भी उपस्थिति

अन्य स्पर्धाओं में मुरली श्रीशंकर व डेविड सोलोमन (लंबी कूद), संतोष तमिलरसन), विथ्या रामराज व अनु राघवन (400 मीटर बाधा दौड ने फाइनल के लिए क्वालीफाई किया। श्रीशंकर ने 7.84 मीटर का सर्वश्रेष्ठ प्रयास कर क्वालीफिकेशन में दूसरा स्थान हासिल किया जबकि सोलोमन की 7.62 मीटर की छलांग ने उन्हें सातवें स्थान पर रखा। दोनों ने पुरुषों की लंबी कूद के फाइनल के लिए क्वालीफाई किया।

पुरुषों की 400 मीटर बाधा दौड़ में संतोष ने 49.61 सेकेंड के समय के साथ शुरुआती हीट में दूसरा स्थान हासिल कर फाइनल के लिए क्वालीफाई किया। हालांकि दूसरी हीट में प्रतिस्पर्धा कर रहे यशस पलाक्षा ने पहली बाधा पार करने से पहले ही दौड़ रोक दी और दौड़ पूरी नहीं कर सके।

वहीं दोनों भारतीय महिलाएं अपनी-अपनी हीट में दूसरे स्थान पर रहने के बाद 400 मीटर बाधा दौड़ में स्वतः आगे बढ़ गईं। विथ्या ने 55.73 सेकेंड का समय दर्ज किया जबकि अनु ने 55.84 सेकेंड का समय लिया।

 

RELATED ARTICLES
- Advertisment -

Most Popular