केबरहा, 19 दिसम्बर। वांडरर्स में बड़ी पराजय का सामना करने वाले दक्षिण अफ्रीका ने मंगलवार को यहां जबर्दस्त पलटवार किया और नांद्रे बर्गर (3-30) की अगुआई में मारक गेंदबाजी के बाद टोनी डीजॉर्जी के शानदार शतकीय प्रहार (नाबाद 111 रन, 122 गेंद, छह छक्के, नौ चौके) की मदद से दूसरे एक दिनी अंतरराष्ट्रीय मैच में भारत को 45 गेंदों के शेष रहते आठ विकेट से हरा दिया।
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सुदर्शन व राहुल के अर्धशतकों के बावजूद 211 तक पहुंच सका भारत
सेंट जॉर्जेस पार्क में पहले बल्लेबाजी पर बाध्य भारतीय टीम लगातार दूसरा अर्धशतक जड़ने वाले साई सुदर्शन (62 रन, 83 गेंद, एक छक्का, सात चौके) व कप्तान केएल राहुल (56 रन, 64 गेंद, सात चौके) की कोशिशों के बावजूद 46.2 ओवरों में 211 रनों तक ही पहुंच सकी।

डीजॉर्जी का नाबाद शतक, हेंड्रिक्स संग शतकीय भागीदारी
जवाब में करिअर के चौथे मैच में शतक जड़ने वाले डीजॉर्जी ने सलामी जोड़ीदार रीजा हेंड्रिक्स (52 रन, 81 गेंद, सात चौके) के साथ 130 रनों की जानदार शतकीय भागीदारी कर दी और मेजबानों ने 42.3 ओवरों में दो विकेट पर ही 215 रन बना लिए। अब दोनों टीमों के बीच अब पार्ल में तीसरा व अंतिम एक दिनी खेला जाएगा।
सामान्य स्कोर के सामने हेंड्रिक्स व डीजॉर्जी ने शुरुआत से ही मैदान पर नियंत्रण कर लिया और इन दोनों शतकीय भागीदारी 167 गेंदों के बाद ही टूटी, जब पिछले मैच के ‘प्लेयर ऑफ द मैच’ अर्शदीप सिंह (1-28) 28वें ओवर में हेंड्रिक्स की विदाई की। हालांकि ‘प्लेयर ऑफ द सीरीज’ डीजॉर्जी नहीं रुके। उन्होंने न सिर्फ संक्षिप्त करिअर का पहला शतक जमाया वरन रेसी वान डेर डुसेन (36 रन, 51 गेंद, पांच चौके) संग 76 रनों की भागीदारी से दल की जीत आसान बना दी। लक्ष्य से छह रनों के फासले पर वान डेर डुसेन प्रथम प्रवेशी रिंकू सिंह को पहला विकेट दिला गए तो कप्तान एडेन मार्करम (नाबाद 2) ने टोनी के साथ मिलकर जीत को अंतिम स्पर्श दिया।

साई और राहुल को छोड़ अन्य बल्लेबाज नहीं चल सके
इसके पूर्व दक्षिण अफ्रीकी गेंदबाजों ने शुरुआत से ही लाइन लेंग्थ में कसावट रखी। इस क्रम में 46 रनों के भीतर ऋतुराज गायकवाड़ (4) व तिलक वर्मा (10) 12वें ओवर तक लौट चुके थे। इसके बाद सुदर्शन व राहुल ने 68 रनों की भागीदारी की।
लेकिन यह पारी की सबसे बड़ी भागीदारी साबित हुई क्योंकि बर्गर, ब्युरेन हेंड्रिक्स (2-34) व स्पिनर केशव महाराज (2-51) ने इसके बाद किसी भी बल्लेबाज को जमने नहीं दिया और पहला वनडे खेल रहे रिंकू सिंह (17 रन, 14 गेंद, एक छक्का, दो चौके), संजू सैमसन (12) व पुछल्ले अर्शदीप सिंह (18 रन, 17 गेंद, एक छक्का, एक चौका) ही दहाई में पहुंच सके।

