मुंबई, 1 सितम्बर। अमेरिका-ईरान के बीच दोबारा बढ़ते तनाव से कच्चे तेल की ऊंची कीमतों के चलते मंगलवार को घरेलू शेयर बाजार में दिनभर काफी उतार-चढ़ाव देखने को मिला। हालांकि बाजार शुरुआती गिरावट से उबरने में काफी हद तक सफल रहा और दोनों बेंचमार्क इंडेक्स मामूली गिरावट लेकर बंद हुए। इस क्रम में बीएसई सेंसेक्स जहां 13 अंक कमजोर हुआ वहीं एनएसई निफ्टी 24,000 से ऊपर ही रुका।
बाजार विश्लेषकों के अनुसार अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा मौद्रिक नीति को लंबे समय तक सख्त बनाए रखने की आशंका बढ़ने से भी दुनिया के उभरते बाजारों में जोखिम लेने की धारणा प्रभावित हो रही है।
सेंसेक्स 12.99 अंक गिरकर 76,944.28 पर बंद
बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का 30 शेयरों पर आधारित मानक सूचकांक सेंसेक्स 12.99 अंक यानी 0.02 प्रतिशत गिरकर 76,944.28 अंक पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान एक समय यह 301.15 अंकों की गिरावट से 76,656.12 अंक तक जा फिसला था।
यही वहीं वरन अपराह्न 3.12 बजे सेंसेक्स 271.79 अंक गिरकर 76,685.48 अंक पर कारोबार कर रहा था, लेकिन समापन नीलामी सत्र (CAS) के दौरान इसने ज्यादातर नुकसान की भरपाई कर ली। सेंसेक्स से संबद्ध कम्पनियों में 12 के शेयर मजबूत रहे तो 17 में कमजोरी दिखी।
निफ्टी 24.60 अंक गिरकर 24,055.80 अंक पर बंद
उधर नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का 50 शेयरों पर आधारित मानक सूचकांक निफ्टी 24.60 अंक गिरकर 24,055.80 अंक पर बंद हुआ। साप्ताहिक वायदा अनुबंधों की समाप्ति के दिन निफ्टी एक समय करीब 100 अंक गिरकर 23,980.55 तक जा गिरा था। निफ्टी से संबद्ध कम्पनियों में 20 के स्टॉक हरे निशान पर रुके तो 30 में गिरावट दर्ज की गई।
मारुति सुजुकी के स्टॉक सबसे ज्यादा 4.16 फीसदी गिरे
सेंसेक्स समूह में शामिल कम्पनियों में से मारुति सुजुकी के स्टॉक सबसे ज्यादा 4.16 फीसदी गिरे। भारतीय स्टेट बैंक, इंटरग्लोब एविएशन (इंडिगो), बजाज फिनसर्व, महिंद्रा एंड महिंद्रा और एक्सिस बैंक में भी प्रमुख रूप से गिरावट दर्ज की गई। वहीं, आईटीसी, एचसीएल टेक, इन्फोसिस और भारती एयरटेल बढ़त वाले प्रमुख शेयरों में शामिल रहे।
ब्रेंट क्रूड 2.03% बढ़कर 92.33 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंचा
इस बीच, वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड 2.03 प्रतिशत बढ़कर 92.33 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया। उधर शेयर बाजार के आंकड़ों के अनुसार विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने सोमवार को 7,985.88 करोड़ रुपये के शेयरों की शुद्ध बिकवाली की।
रुपया 28 पैसे की बढ़त के साथ 94.94 प्रति डॉलर पर
इस बीच भारतीय रुपया आज 28 पैसे मजबूत होकर अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 94.94 (अस्थायी) पर रहा। घरेलू अर्थव्यवस्था में मजबूत वृद्धि, राजकोषीय घाटे पर नियंत्रण और पोर्टफोलियो निवेश से जुड़े प्रवाह के बीच यह दो माह के उच्च स्तर पर रहा।
विदेशी मुद्रा कारोबारियों के अनुसार हाल में एमएससीआई से जुड़े निवेश प्रवाह से रुपये को अस्थायी सहारा मिल रहा है। उन्होंने कहा कि भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने भी संभवत: घरेलू मुद्रा को समर्थन देने के लिए बाजार में हस्तक्षेप किया है।
अंतरबैंक विदेशी मुद्रा विनिमय बाजार में रुपया 95.06 प्रति डॉलर पर खुला और कारोबार के दौरान 94.79 से 95.10 के दायरे में रहा। अंत में यह 94.94 (अस्थायी) प्रति डॉलर पर रहा, जो पिछले बंद भाव से 28 पैसे की बढ़त है।


