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थॉमस कप : भारत को कांस्य पदक से करना पड़ेगा संतोष, सेमीफाइनल में फ्रांस के हाथों 0-3 से परास्त

होर्सेंस (डेनमार्क), 2 मई। थॉमस कप के लिए यहां खेली जा रही विश्व पुरुष टीम बैडमिंटन चैम्पियनशिप में शनिवार की रात भारतीय अभियान समाप्त हो गया, जब एकतरफा सेमीफाइनल में वर्ष 2022 के चैम्पियनों को फ्रांस के हाथों 0-3 से शिकस्त झेलनी पड़ी। इस हार के बाद भारतीय टीम को अब कांस्य पदक से संतोष करना पड़ेगा।

फ्रांस फाइनल का टिकट पाने वाला डेनमार्क के बाद दूसरा यूरोपीय देश

उल्लेखनीय है कि भारत ने 2022 के स्वर्ण पदक अलावा 1952, 1955 और 1979 में कांस्य पदक जीते थे। अब उसके खाते में चौथा कांस्य पदक आएगा। वहीं फ्रांस इस जीत के साथ डेनमार्क के 2016 में पहला खिताब जीतने के बाद फाइनल में पहुंचने वाला दूसरा यूरोपीय देश बन गया।

चोटिल लक्ष्य सेन की जगह पूर्व विश्व नंबर एक किदांबी श्रीकांत को लेकर फोरम होर्सेंस के कोर्ट नंबर दो पर सेमीफाइनल खेलने उतरा भारत पहले तीनों एकल रबर में मात खाने के साथ ही निर्णायक लीड खा बैठा, जिसके बाद युगल रबर की जरूरत ही नहीं पड़ी।

क्रिस्टो पोपोव से सीधे गेमों में हारे भारतीय शटलर आयुष शेट्टी

24 घंटे पहले ही विश्व रैंकिंग में आठवें नंबर पर काबिज व मौजूदा ऑल इंग्लैंड ओपन चैम्पियन चीनी ताइपे लिन चुन-यी को आसान शिकस्त देने वाले विश्व नंबर आयुष शेट्टी पहले एकल रबर में मायूस हो गए, जब दुनिया के चौथे नंबर के खिलाड़ी क्रिस्टो पोपोव ने 20 वर्षीय भारतीय शटलर को सिर्फ 39 मिनट में 21-11, 21-9 से परास्त कर दिया।

श्रीकांत व प्रणय भी उच्च रैंकिंग वाले शटलरों को ज्यादा चुनौती नहीं दे सके

दूसरे एकल में विश्व नंबर 30 किदांबी श्रीकांत ने दुनिया के 10वें नंबर के खिलाड़ी एलेक्स लैनियर के सामने चुनौती पेश की, लेकिन वह 41 मिनट में 16-21, 18-21 से हार गए। फिर जिम्मेदारी विश्व नंबर 35 एचएस प्रणय पर थी। 2023 विश्व चैम्पियनशिप के कांस्य पदक विजेता प्रणय ने बेहतर चुनौती भी पेश की, लेकिन वह दुनिया के 17वें नंबर के खिलाड़ी टोमा जूनियर पोपोव के हाथों 48 मिनट में 19-21, 16-21 से हार गए। इसके साथ ही भारत 03 की निर्णायक लीड खा बैठा।

क्रिस्टो पर दबाव नहीं झोंक सके आयुष

आयुष ने कहा, ‘आज के प्रदर्शन से मैं थोड़ा निराश हूं, लेकिन क्रिस्टो बहुत बढ़िया खेला। वह मुझ पर काफ़ी दबाव बना रहा था मुझे लगता है कि मेरी रणनीति सही नहीं थी, मैं ऐसा ही कहूंगा। मुझे लगता है कि आज उसने मुझे पूरी तरह से मात दे दी।’ उन्होंने कहा, ‘मेरा मकसद उस पर दबाव बनाना था, लेकिन उसने मुझे नेट पर शॉट लगाने का कोई मौका ही नहीं दिया। मुझे लगता है कि नेट पर उसका दबदबा रहा और आज उसके शॉट भी थोड़े तेज थे। इसी वजह से फर्क पड़ा।’

विमल कुमार बोले – लक्ष्य की कमी साफ महसूस हुई

वहीं भारत के पूर्व मुख्य कोच विमल कुमार ने कहा कि लक्ष्य सेन की गैरमौजूदगी एक बड़ा झटका थी और फ्रांस के खिलाफ मुकाबले में इसकी कमी साफ महसूस हुई। उन्होंने कहा, ‘आज फ्रांस ने भारत को पूरी तरह से पछाड़ दिया और अहम मौकों पर लक्ष्य की कमी साफ महसूस हुई। भारत के लिए यह समय है कि वह फिर से एकजुट हो और और भी मजबूती से वापसी करे। इस टीम की काबिलियत पर कोई सवाल नहीं उठाया जा सकता।’

फ्रांस की अब चीन से होगी खिताबी मुलाकात

फ्रांस की अब रविवार को थॉमस कप के लिए चीन से मुलाकात होगी, जिसने सायंकालीन सत्र के दूसरे सेमीफाइनल में कोर्ट नंबर एक पर मेजबान डेनमार्क को 3-1 से शिकस्त दी।

उबर कप के लिए चीन व कोरिया आमने-सामने

उधर महिला विश्व टीम बैडमिंटन चैम्पियनशिप यानी उबर कप में चीन व कोरिया के बीच खिताबी टक्कर होगी। शनिवार को ही दिन में खेले गए सेमीफाइनल में चीन ने जापान को 3-0 से हराया तो कोरिया ने इंडोनेशिया पर 3-1 से जीत हासिल की।

 

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