ट्रंप की युद्धविराम को आगे बढ़ाने की घोषणा के कुछ घंटों बाद ईरान का पलटवार, होर्मुज में कंटेनर जहाज पर की गोलीबारी
तेहरान, 22 अप्रैल। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दूसरे दौर की बातचीत के प्रति ईरान की हीलाहवाली के बीच ही बुधवार को समाप्त हो रही सीजफायर की अवधि और बढ़ाने की घोषणा कर दी। लेकिन ट्रंप के एलान के कुछ घंटों बाद ही ईरान ने फिर हमला शुरू कर दिया है।
ईरान के अर्धसैनिक बल, इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स ने होर्मुज जलडमरूमध्य में एक कंटेनर जहाज पर गोलीबारी की। इससे जहाज को नुकसान पहुंचा और पाकिस्तान में होने वाली संघर्ष विराम वार्ता रद होने के बाद तनाव और बढ़ गया। यूनाइटेड किंगडम मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस (UKMTO) ने बताया कि यह हमला सुबह करीब 7.55 बजे हुआ। इस हमले में गार्ड की एक गनबोट ने बिना किसी पूर्व चेतावनी के जहाज को निशाना बनाया।
जहाज को नुकसान पहुंचा, लेकिन किसी के घायल होने की सूचना नहीं
प्राप्त जानकारी के अनुसार, इस घटना में किसी के घायल होने की खबर नहीं है और न ही पर्यावरण को कोई नुकसान पहुंचा है। वैसे ईरान ने अब तक इस घटना की जिम्मेदारी भी नहीं ली है। रिपोर्ट में बताया कि IRGC की एक नाव तट और ओमान से लगभग 15 नॉटिकल मील दूर जहाज के करीब पहुंची और फिर गोलीबारी शुरू कर दी। इससे जहाज के ‘ब्रिज’ (कंट्रोल रूम) को ‘भारी नुकसान’ पहुंचा।
गौरतलब है कि मंगलवार को होर्मुज जलडमरूमध्य में व्यावसायिक यातायात लगभग पूरी तरह से रोक दिया गया था। हालांकि, हाल के दिनों में ईरान के कुछ तेल टैंकर अमेरिकी नाकाबंदी को पार करते हुए आगे निकल गए हैं।
अमेरिका ने बीते दिनों ईरान का एक कंटेनर जहाज जब्त कर लिया था
यह घटनाक्रम अमेरिका द्वारा हाल ही में की गई काररवाइयों के बाद सामने आया है। अमेरिका ने सप्ताहांत में गोलीबारी करने के बाद ईरान के एक कंटेनर जहाज को जब्त कर लिया था, और हिन्द महासागर में ईरान के तेल व्यापार से जुड़े एक तेल टैंकर पर भी चढ़कर उसे अपने कब्जे में ले लिया था।
इस जहाज की पहचान ‘टौस्का’ के रूप में हुई है। USS Spruance ने इसे तब रोका, जब उसने अधिकारियों के अनुसार, एक ‘उचित चेतावनी’ जारी की थी। डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि जहाज के चालक दल द्वारा आदेशों का पालन न करने पर उसे निष्क्रिय कर दिया गया। उन्होंने दावा किया कि अमेरिकी सेना ने जहाज को रोकने के लिए उसके ‘इंजन रूम में एक छेद कर दिया’ था। यह जहाज अब यूनाइटेड स्टेट्स मरीन कॉर्प्स के कर्मियों की हिरासत में है।
ईरान की शर्त – अमेरिका पूरी तरह प्रतिबंध हटाए, तभी बातचीत संभव
इस बीच, ट्रंप ने मंगलवार को घोषणा की कि ईरान के साथ संघर्ष विराम को आगे बढ़ाया जाएगा, लेकिन साथ ही यह भी स्पष्ट किया कि अमेरिकी नौसैनिक नाकाबंदी जारी रहेगी। वही ईरान का कहना है कि वह नाकाबंदी हटाए जाने के बाद ही बातचीत करने को तैयार है। बताया जा रहा है कि अमीर सईद इरावानी ने ईरान का यह रुख स्पष्ट किया है। उन्होंने कहा कि बातचीत पूरी तरह से अमेरिका द्वारा लगाए गए प्रतिबंधों को हटाने पर निर्भर करेगी।
