राम मंदिर में दान चोरी विवाद पर बोले सपा सांसद अवधेश प्रसाद- SIT पर भरोसा नहीं, सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में हो जांच
अयोध्या, 14 जून। अयोध्या स्थित श्री राम मंदिर में दान चोरी विवाद को लेकर राजनीतिक सरगर्मी बढ़ी हुई है। प्रदेश सरकार ने चढ़ावे की राशि में हेराफेरी के आरोप लगने के बाद श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के आग्रह पर विशेष जांच टीम (SIT) गठित कर दी है, जिसे 15 दिनों में अपनी रिपोर्ट सौंपनी है।
लेकिन दूसरी तरफ समाजवादी पार्टी लगातार इस मुद्दे को आंच देने में जुटी हुई है। इसी क्रम में सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने रविवार को श्री राम मंदिर ट्रस्ट पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि प्रदेश सरकार की SIT पर उन्हें भरोसा नहीं है, इसलिए मामले की जांच सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में गठित स्वतंत्र कमेटी से कराई जानी चाहिए।
अवधेश प्रसाद ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में मामले की निष्पक्ष जांच के लिए श्री राम मंदिर ट्रस्ट को तुरंत भंग करने और सभी जिम्मेदार पदाधिकारियों को पद से हटाने की मांग की। उनका कहना है कि ट्रस्ट के पदाधिकारी यदि पद पर बने रहेंगे तो जांच प्रभावित हो सकती है।
सपा सांसद ने इस पूरे प्रकरण के खुलासे का श्रेय सपा प्रमुख अखिलेश यादव को दिया। उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव ने ही X पोस्ट के जरिए इस मामले को सार्वजनिक किया और जांच की मांग उठाई थी। सांसद ने जोर देकर कहा कि ये मामला सिर्फ ट्रस्ट या प्रदेश तक सीमित नहीं है, बल्कि भगवान राम और पूरे देश की आस्था से जुड़ा है।
उन्होंने दावा किया कि चढ़ावे की रकम को गोबर और घूर, गड्ढों में छिपाए जाने जैसी सूचनाएं भी सामने आ रही हैं। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में जांच होने पर ही पूरी सच्चाई सामने आएगी। कोई भी दोषी कानून से बच नहीं पाएगा। सभी के खिलाफ सख्त कानूनी काररवाई होनी चाहिए।
