रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की चेतावनी- ‘नापाक हरकतें बंद कर दे पाकिस्तान, नहीं तो अब दाना-पानी कर देंगे बंद’
आगरा, 14 जून। केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने रविवार को उत्तर प्रदेश की ताज नगरी यानी आगरा में वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप की प्रतिमा का अनावरण किया। इस दौरान उन्होंने संबोधन में पाकिस्तान को सख्त लहजे में चेतावनी देते हुए कहा कि वह सीमापार से अपनी नापाक हरकतें बंद कर दे अन्यथा अभी तो भारत ने उसका सिर्फ पानी बंद किया है, आगे दाना-पानी सब बंद कर दिया जाएगा।

आगरा में वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप की प्रतिमा का किया अनावरण
राजनाथ सिंह ने कहा, ‘आगरा की इस धरती पर वीरता, स्वाभिमान और देशभक्ति के अमर प्रतीक महाराणा प्रताप की प्रतिमा का अनावरण करके मुझे बेहद खुशी हुई है। देश के कोने-कोने में जहां भी महाराणा प्रताप की प्रतिमा का अनावरण करने के लिए मुझे आमंत्रित किया जाता है, मैं बराबर हर कार्यक्रम में पहुंचता हूं। एक कार्यक्रम को भी मैं छोड़ता नहीं हूं। मैं मानता हूं कि महाराणा प्रताप का शौर्य, त्याग और संघर्ष इतना बड़ा है कि देश उनको कभी भूल नहीं सकता।’
महाराणा प्रताप केवल एक राजा ही नहीं थे, बल्कि वह भारत की एक सोच के प्रतीक थे
रक्षा मंत्री ने कहा कि महाराणा प्रताप केवल एक राजा ही नहीं थे, बल्कि वह भारत की एक सोच के प्रतीक थे, जो किसी भी कीमत पर अपने आत्मसम्मान और मूल्यों से समझौता नहीं कर सकते थे। अकबर ने तो महाराणा प्रताप से समझौता करने की कोशिश की। अगर महाराणा चाहते थे तो अकबर के साथ समझौता कर लेते और महलों में बहुत ही सुख एवं आनंद से अपनी जिंदगी काट सकते थे, लेकिन उन्होंने महलों का कोमल बिस्तर छोड़कर पत्थरों पर सोना मंजूर किया। उन्होंने महलों का छप्पन भोग छोड़कर घास की रोटी खाकर भारत के स्वाभीमान की रक्षा की, ऐसे थे हमारे महाराणा प्रताप।
आगरा में वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप की प्रतिमा के अनावरण समारोह में संबोधन। https://t.co/JpqT8Q81KJ
— Rajnath Singh (@rajnathsingh) June 14, 2026
महाराणा प्रताप ने हर कष्ट सहा, लेकिन कभी-कभी मुगलों के सामने घुटने नहीं टेके
राजनाथ सिंह ने कहा, ‘महाराणा प्रताप ने हर कष्ट सहा, लेकिन कभी-कभी मुगलों के सामने अपने घुटने नहीं टेके और अपनी मातृभूमि की रक्षा के लिए हल्दी घाटी की भूमि को दुश्मन के खून से लाल कर दिया था। पिछले महीने ही जयपुर में मैंने महाराणा प्रताप की भव्य प्रतिमा का अनावरण किया था। आजादी के बाद देश में बहुत सरकारें आईं और गईं, लेकिन स्वतंत्रता के बाद कुछ सरकारें ऐसी आईं, जहां बच्चों को यह पढ़ाया जाता था कि अकबर महान था, लेकिन मां भारती के सच्चे सपूत महाराणा प्रताप को वह स्थान और सम्मान नहीं दिया गया जो उन्हें मिलना चाहिए था, लेकिन महाराणा प्रताप की वीरता और उनका शौर्य किसी सरकार और इतिहास का मोहताज नहीं है।’
हिन्दुस्तान के दिलों में महाराणा प्रताप जिंदा हैं
उन्होंने कहा कि अकबर भी चला गया और मुगल भी चले गए और उनके वशंजों का भी नामोनिशान मिट गया, लेकिन आज भी हिन्दुस्तान के दिलों में महाराणा प्रताप जिंदा हैं। आज भी भारत की माताएं और बहनें अपने बच्चों को महाराणा प्रताप की कहानी सुनाती हैं। महाराणा प्रताप के जीवन से यह प्रेरणा मिलती है कि आजादी की कोई कीमत नहीं होती। देश और देशवासियों के सम्मान और स्वाभिमान से बढ़कर कुछ नहीं है, और इसी सोच के साथ हमने पिछले 12 सालों में हिन्दुस्तान के स्वाभिमान की रक्षा के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में काम किया है।
पीएम मोदी के नेतृत्व में अंतरराष्ट्रीय जगत में भारत की प्रतिष्ठा बढ़ी है
राजनाथ सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में अंतरराष्ट्रीय जगत में भारत की प्रतिष्ठा बढ़ी है। पहले जब अंतररीष्ट्रीय मंचों पर भारत बोलता था तो बातों को इतनी गंभीरता से नहीं लिया जाता था, जितना लिया जाना चाहिए था। लेकिन अब अगर भारत बोलता है तो सारी दुनिया कान खोलकर सुनती है।
‘हमने अपने जवानों को खुली छूट दे रखी है’
रक्षा मंत्री ने कहा, ‘2014 के पहले आए दिन भारत में कहीं न कहीं आतंकी घटनाएं होती थीं, तब कांग्रेस की तत्कालीन अध्यक्ष ने आतंकवादियों के मारे जाने पर आंसू बहाए थे। यहां तक कि राहुल गांधी ने तो यह कह दिया था कि वे आतंकी घटनाओं को रोक नहीं सकते क्योंकि छुटपुट घटनाएं तो होती रहती हैं, लेकिन आज हमने अपने जवानों को खुली छूट दे दी है। कहीं भी आतंकी घटना होती है तो आतंकियों का सफाया होना चाहिए। यहां तक कि आतंकियों को सफाया करने के लिए सीमा के पार भी जाना पड़े तो जाओ।’
‘अभी तो पानी रोका है, लेकिन अब हम पाकिस्तान को दाना-पानी के लिए मोहताज कर देंगे’
उन्होंने कहा, ‘आपने देखा होगा ऑपरेशन सिंदूर। इस बार धर्म पूछकर निर्दोष नागरिकों को मारा। दूसरे दिन ही मैंने तीनों सेना अध्यक्षों और अधिकारियों की बैठक बुलाई और बोला कि ऑपरेशन करना है। हम लोग प्रधानमंत्री मोदी के साथ बैठे और मैंने उनके दर्द और मन के उबाल को महसूस किया। और फिर जो काररवाई हुई है, वो आप सबने देखी है। आज भी कहना चाहता हूं, पाकिस्तान अगर अपनी नापाक हरकतों को बंद नहीं करता तो अभी तो हमने सिंधु जल समझौते को निरस्त किया है। अभी तो पानी रोका है, लेकिन अब हम पाकिस्तान को दाना-पानी के लिए मोहताज कर देंगे।’
