आजम खान की जौहर यूनिवर्सिटी को फायर सेफ्टी पर अंतिम नोटिस, 7 दिन में जवाब नहीं दिया तो होगी बड़ी कार्रवाई
रामपुर, 17 जुलाई। मोहम्मद अली जौहर यूनिवर्सिटी एक बार फिर प्रशासनिक कार्रवाई के घेरे में आ गई है। फायर सेफ्टी ऑडिट में गंभीर खामियां मिलने के बाद अग्निशमन विभाग ने विश्वविद्यालय प्रबंधन को अंतिम नोटिस जारी किया है। मुख्य अग्निशमन अधिकारी (CFO) ने प्रबंधन से सात दिनों के भीतर सभी जरूरी अभिलेख उपलब्ध कराने और नोटिस का जवाब देने को कहा है। चेतावनी दी गई है कि तय समय सीमा में जवाब नहीं मिलने पर विश्वविद्यालय का बिजली कनेक्शन काटने के साथ ही परिसर को सील करने की कार्रवाई भी की जा सकती है।
फायर सेफ्टी ऑडिट में मिलीं कई गंभीर खामियां
मुख्य अग्निशमन अधिकारी की टीम ने 29 जून और 1 जुलाई को जौहर यूनिवर्सिटी का संयुक्त फायर सेफ्टी ऑडिट और विस्तृत भौतिक निरीक्षण किया था। जांच के दौरान कई भवनों में अग्निशमन उपकरण निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं मिले। इसके अलावा कई स्थानों पर आपातकालीन निकास (इमरजेंसी एग्जिट) की व्यवस्था भी मानकों के अनुसार नहीं पाई गई। निरीक्षण के बाद विश्वविद्यालय प्रबंधन को सभी कमियों को दूर करने, आधुनिक फायर सेफ्टी सिस्टम स्थापित करने, पर्याप्त अग्निशमन उपकरण लगाने, आपातकालीन निकास विकसित करने और सुरक्षा मानकों का पूरी तरह पालन करने के निर्देश दिए गए थे।
पहले नोटिस का नहीं दिया जवाब
फायर सेफ्टी ऑडिट के बाद अग्निशमन विभाग ने जौहर यूनिवर्सिटी प्रबंधन को पहला नोटिस जारी किया था, लेकिन निर्धारित अवधि बीतने के बावजूद प्रबंधन की ओर से कोई जवाब नहीं दिया गया। इसके बाद अब विभाग ने अंतिम नोटिस जारी करते हुए सात दिन का आखिरी मौका दिया है।
जवाब नहीं मिला तो होगी सख्त कार्रवाई
अग्निशमन विभाग के अधिकारियों के मुताबिक यदि अंतिम नोटिस का भी जवाब नहीं दिया जाता है, तो नियमानुसार विश्वविद्यालय का बिजली कनेक्शन काटने, परिसर को सील करने सहित अन्य कानूनी कार्रवाई की जा सकती है। मुख्य अग्निशमन अधिकारी विजय कुमार सिंह ने बताया कि, “फायर सेफ्टी ऑडिट में मिली कमियों के आधार पर पहले नोटिस जारी किया गया था, लेकिन उसका कोई जवाब नहीं मिला। अब अंतिम नोटिस जारी कर सात दिन का समय दिया गया है। यदि इस अवधि में भी जवाब नहीं आता है तो विश्वविद्यालय प्रबंधन के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।”
