hindi.revoi.in
  • होम
  • राष्ट्रीय
  • अंतरराष्ट्रीय
  • कारोबार
  • राज्य
    • दिल्ली
    • उत्तरप्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • मध्यप्रदेश
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • खेल
Reading: कांग्रेस ने साझा किया राजमोहन गांधी का वीडियो, अमित शाह पर नेहरू को लेकर झूठ बोलने का लगाया आरोप
Share
  • ગુજરાતી
  • English
Font ResizerAa
hindi.revoi.inhindi.revoi.in
  • होम
  • राष्ट्रीय
  • अंतरराष्ट्रीय
  • कारोबार
  • राज्य
  • राजनीति
  • खेल
Search
  • होम
  • राष्ट्रीय
  • अंतरराष्ट्रीय
  • कारोबार
  • राज्य
    • दिल्ली
    • उत्तरप्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • मध्यप्रदेश
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • खेल
Follow US
hindi.revoi.in > Blog > हिन्दी > राजनीति > कांग्रेस ने साझा किया राजमोहन गांधी का वीडियो, अमित शाह पर नेहरू को लेकर झूठ बोलने का लगाया आरोप
राजनीतिराष्ट्रीयहिन्दी

कांग्रेस ने साझा किया राजमोहन गांधी का वीडियो, अमित शाह पर नेहरू को लेकर झूठ बोलने का लगाया आरोप

Revoi Editor
Last updated: December 12, 2025 2:22 pm
Revoi Editor
Published: December 12, 2025
Share
SHARE

नई दिल्ली, 12 दिसंबर। कांग्रेस ने शुक्रवार को इतिहासकार-लेखक राजमोहन गांधी की टिप्पणियों का हवाला देते हुए गृह मंत्री अमित शाह के उस दावे को ‘‘सरासर झूठ’’ करार दिया कि पंडित जवाहरलाल नेहरू का पहली बार प्रधानमंत्री बनना ‘वोट चोरी’ के जरिये संभव हुआ था। पार्टी महासचिव जयराम रमेश ने महात्मा गांधी के पौत्र राजमोहन गांधी की एक वीडियो क्लिप ‘एक्स’ पर साझा की, जिसमें उन्होंने कहा है कि प्रदेश कांग्रेस कमेटियों ने 1946 में पटेल को कांग्रेस अध्यक्ष बनाने की वकालत की थी और उस समय प्रधानमंत्री पद का कोई सवाल ही नहीं था।

रमेश ने कहा, ‘‘प्रख्यात इतिहासकार-लेखक और पूर्व सांसद राजमोहन गांधी ने लोकसभा में केंद्रीय गृह मंत्री द्वारा बोले गए एक सफेद झूठ का पर्दाफाश किया है।’’ वीडियो में राजमोहन गांधी ने कहा, ‘‘भारत छोड़ो आंदोलन के लिए जेल गए हजारों लोगों को 1945 में रिहा कर दिया गया था। मौलाना आजाद 1940 में कांग्रेस के रामगढ़ अधिवेशन के बाद से कांग्रेस अध्यक्ष थे। चूंकि इतने सारे लोग जेल गए थे इसलिए नए अध्यक्ष के चुनाव का सवाल ही नहीं उठता था और अंग्रेजों द्वारा कांग्रेस पर प्रतिबंध भी लगा दिया गया था।’’

उन्होंने कहा, इसलिए मौलाना आज़ाद अध्यक्ष बने रहे और 1946 में नए अध्यक्ष के चुनाव का सवाल उठा। राजमोहन गांधी का कहना है, ‘‘यह सवाल नहीं था कि प्रधानमंत्री कौन होगा। लोग जानते थे कि भारत जल्द आजादी हासिल कर लेगा लेकिन ब्रिटिश और भारतीय पक्ष के बीच कोई समझौता नहीं हुआ था।’’ उन्होंने कहा, ‘‘एक प्रथा थी कि हर पीसीसी एक नाम आगे रखती थी कि इस व्यक्ति को अध्यक्ष बनाया जाना चाहिए। और अगर तीन-चार नाम आते थे तो ये सभी नाम (महात्मा) गांधी जी के सामने रखे जाते थे और वह कहते थे ‘आइए इस व्यक्ति को एक मौका दें’ और लोग ज्यादातर उनसे सहमत होते थे।’’

राजमोहन गांधी ने कहा कि गांधी जी द्वारा चुने गए व्यक्ति को सर्वसम्मति से कांग्रेस का अगला अध्यक्ष चुना जाता था। उन्होंने कहा, ‘‘मैं यह नहीं कहता कि यह एक अच्छा तरीका था लेकिन उस समय इसका पालन किया जा रहा था।’’ उन्होंने कहा, ‘‘1946 में जब अध्यक्ष पद का सवाल उठा तो कई पीसीसी ने सरदार पटेल का नाम आगे बढ़ाया कि उन्हें अध्यक्ष बनाया जाना चाहिए और दो-तीन पीसीसी ने आचार्य कृपलानी का नाम भी आगे बढ़ाया, लेकिन किसी ने नेहरू का नाम आगे नहीं बढ़ाया।

राजमोहन गांधी ने कहा, ‘‘जबलपुर के डीपी मिश्रा ने अपनी किताब में लिखा है कि जब हमने पटेल का नाम आगे बढ़ाया, तो हमारे दिमाग में प्रधानमंत्री पद नहीं था।’’ उन्होंने बताया कि पटेल केवल एक बार 1931 में अध्यक्ष रहे थे, जबकि नेहरू 1929, 1936 और 1937 में अध्यक्ष रहे थे। राजमोहन गांधी ने कहा, ‘‘पटेल नेहरू से 14 साल बड़े थे, उनका स्वास्थ्य भी ठीक नहीं था और भारत छोड़ो आंदोलन में उनकी बड़ी भूमिका थी। बहुत से लोगों ने सोचा था कि वे पटेल को अध्यक्ष बनाकर सम्मान देंगे लेकिन उन्हें प्रधानमंत्री बनाने के बारे में कोई विचार नहीं था।’’

राजमोहन गांधी ने कहा, ‘‘गांधी जी ने पटेल और कृपलानी को अपना नाम वापस लेने के लिए कहा और उन्होंने तुरंत ऐसा किया। जब कार्य समिति बैठी थी, तो उन्होंने (कार्य समिति के सदस्यों ने) केवल यह प्रस्ताव रखा कि नेहरू को अध्यक्ष बनाया जाए।’’ इतिहासकार ने कहा कि जब अंग्रेजों के साथ समझौता हुआ, तो नेहरू कांग्रेस अध्यक्ष थे और उन्हें सरकार बनाने के लिए आमंत्रित किया गया था। अमित शाह ने बुधवार को लोकसभा में चुनाव सुधारों पर चर्चा में भाग लेते हुए कहा था कि स्वतंत्रता के समय प्रधानमंत्री का चयन प्रदेश कांग्रेस कमेटियों के वोट से हो रहा था तथा सरदार वल्लभभाई पटेल को 28 वोट मिले, जबकि जवाहरलाल नेहरू को केवल दो वोट मिले। इसके बावजूद नेहरू प्रधानमंत्री बन गए।

रमेश ने ‘एक्स’ पर एक अन्य पोस्ट में कहा, ‘‘कल राज्यसभा में, इतिहास को तोड़-मरोड़कर पेश करने के बाद, सदन के नेता और भाजपा अध्यक्ष जे.पी. नड्डा जी ने अपनी मुख्य मांग रखी कि राष्ट्रगान और राष्ट्रीय गीत का दर्जा एक समान होना चाहिए। मुझे बीच में टोककर उन्हें याद दिलाना पड़ा कि बहुत पहले, 24 जनवरी 1950 को संविधान सभा की आखिरी बैठक में उसके अध्यक्ष डॉ. राजेंद्र प्रसाद ने घोषणा की थी कि जन गण मन और वंदे मातरम् को बराबर सम्मान दिया जाएगा… और उनका दर्जा बराबर होगा…।’’ उन्होंने दावा किया कि बंकिम चंद्र चट्टोपाध्याय और रवींद्रनाथ टैगोर को एक-दूसरे के विरुद्ध खड़ा करने और गुरुदेव का अपमान करने की भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की रणनीति उलटा पड़ गई है।

You Might Also Like

केन्द्र सरकार को भी पुरानी पेंशन योजना लागू करनी चाहिए : मुख्यमंत्री गहलोत
बांग्लादेश : ढाका में 6 मंजिली फूड प्रोसेसिंग फैक्ट्री में आग, 52 लोगों की मौत, 30 से ज्यादा घायल
विश्व कप क्रिकेट : गत चैम्पियन इंग्लैंड की दुर्गति जारी, श्रीलंका के हाथों आठ विकेट से परास्त
सुशासन दिवस : अटल जी की जयंती को खास बनाएगी भाजपा, 25 दिसम्बर को देशभर में होंगे विविध कार्यक्रम
पीएम मोदी को राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम का मिला न्योता, बोले – ‘धन्य महसूस कर रहा हूं, जय सियाराम!’
TAGGED:amit shahCOngressmahatma gandhiPandit NehruRajmohan Gandhi
Share This Article
Facebook Email Print
Popular News
खेलहिन्दी

कोरिया मास्टर्स : अश्मिता की टॉप सीड पर स्तब्धकारी जीत, रक्षिता ने तन्वी को बाहर किया, सेमीफाइनल में आमने-सामने

August 7, 2026

India-Cyprus Agreement : भारतीय कामगारों के लिए बड़ी पहल, भारत-साइप्रस माइग्रेशन समझौते को जल्द अंतिम रूप देने पर जोर

National Handloom Day 2026: पीएम मोदी बोले- हथकरघा क्षेत्र आत्मनिर्भर भारत और महिला सशक्तिकरण का मजबूत आधार

मायावती का सपा पर हमला, बोलीं- ‘PDA’ में पिछड़े से अब ‘पंडित’ तक पहुंची राजनीति

मोहन भागवत के जेन-जी बयान का भाजपा सांसदों ने किया समर्थन, बोले- युवा विपक्ष के बहकावे में नहीं आएगा

IIT Delhi Convocation: PM मोदी आज आईआईटी दिल्ली के 57वें दीक्षांत समारोह में होंगे शामिल, ‘परम प्रज्ञा’ सुपरकंप्यूटिंग सेंटर का करेंगे उद्घाटन

JPSC-JSSC Protest: 14वें दिन भी जारी छात्रों का आंदोलन, भूख हड़ताल पर अड़े अभ्यर्थी; पेपर लीक जांच की मांग तेज

Instagram CSEAM: इंस्टाग्राम पर बच्चों के यौन शोषण से जुड़े 50 से अधिक मामलों पर NHRC सख्त, Meta को नोटिस

राघव चड्ढा ने पीएम मोदी से की मुलाकात, बोले- एक सुबह जो हमेशा याद रहेगी

JPSC Exam Scam : मुख्य आरोपी के ससुर से सीआईडी की पूछताछ, करोड़ों की संपत्तियां जांच के दायरे में

Ad imageAd image

लोकप्रिय श्रेणियां

  • राष्ट्रीय
  • राजनीति
  • अंतरराष्ट्रीय
  • खेल
  • राज्य
  • चुनाव
  • कारोबार
  • देश-विदेश
  • बॉलीवुड
  • मनोरंजन
  • व्यापार

About US

REVOI is a independent media start-up. We are a new-age media company with a rich and storied legacy. REVOI believes : “INFACT EVERY PERSON ON THIS EARTH IS ARGUABLY A STAKEHOLDER IN EVERY ORGANISATION ON THIS PLANET”
Quick Link
  • ગુજરાતી
  • English
Top Categories

Subscribe US

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!

    © 2026 Trim Media Private Limited. All Rights Reserved.
    Welcome Back!

    Sign in to your account

    Username or Email Address
    Password

    Lost your password?