जनता दर्शन में सीएम योगी बोले: ‘नर सेवा ही नारायण सेवा’, 25 करोड़ प्रदेशवासियों के हित में कार्य कर रही सरकार
लखनऊ, 7 जुलाई। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार सुबह राजधानी लखनऊ स्थित अपने सरकारी आवास पर आयोजित ‘जनता दर्शन’ में प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए लोगों की समस्याएं सुनीं। मुख्यमंत्री ने प्रत्येक फरियादी से व्यक्तिगत रूप से मुलाकात कर उनकी शिकायतें सुनीं और संबंधित अधिकारियों को समयबद्ध, निष्पक्ष एवं प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जरूरतमंद परिवारों को आवास उपलब्ध कराने और गंभीर बीमारियों से पीड़ित लोगों के इलाज के लिए हरसंभव आर्थिक सहायता का भरोसा दिलाया। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार ‘नर सेवा ही नारायण सेवा’ के भाव से प्रदेश के 25 करोड़ नागरिकों के हित में निरंतर कार्य कर रही है।
अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश
जनता दर्शन के दौरान मुख्यमंत्री ने राजस्व, पुलिस और प्रशासन से जुड़े मामलों में अधिकारियों को संवेदनशीलता के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी शिकायतों का समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से समाधान सुनिश्चित किया जाए ताकि पीड़ित को न्याय मिल सके। अवैध कब्जे की शिकायतों पर मुख्यमंत्री ने पुलिस को स्पष्ट निर्देश दिए कि यदि कोई दबंग किसी की जमीन पर अवैध कब्जा करता है तो उसके खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि शिकायतों के निस्तारण में पीड़ित की संतुष्टि को प्राथमिकता दी जाए।
CMO ने साझा की जनता दर्शन की तस्वीरें
मुख्यमंत्री कार्यालय (CMO) ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर जनता दर्शन की तस्वीरें साझा करते हुए लिखा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राजधानी लखनऊ में आयोजित जनता दर्शन में विभिन्न जनपदों से आए नागरिकों की समस्याएं सुनीं और उनके प्रभावी, पारदर्शी एवं समयबद्ध समाधान के लिए अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।
डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी को दी श्रद्धांजलि
जनता दर्शन से पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भारतीय जनसंघ के संस्थापक अध्यक्ष डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की जयंती पर उनकी प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। सोशल मीडिया पर किए गए अपने संदेश में मुख्यमंत्री ने लिखा कि डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी भारत माता के महान सपूत थे, जिनका राष्ट्र की एकता और अखंडता के लिए योगदान सदैव प्रेरणादायी रहेगा। उन्होंने कहा कि उनकी पावन स्मृतियों को विनम्र नमन।
