केंद्र सरकार ने 14 नए न्यायाधीशों की नियुक्ति को दी मंजूरी, दिल्ली उच्च न्यायालय के लिए 7 नामों पर लगी मुहर

नई दिल्ली, 19 सितम्बर। केंद्र सरकार ने शनिवार को अलग-अलग उच्च न्यायालयों में 14 न्यायाधीशों की नियुक्ति को मंजूरी दे दी। केंद्रीय विधि एवं न्याय मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) अर्जुन राम मेघवाल ने यह जानकारी दी।

अर्जुन राम मेघवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर जजों की सूची जारी करते हुए लिखा, ‘भारत के संविधान द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए और भारत के मुख्य न्यायाधीश से परामर्श के बाद, राष्ट्रपति न्यायिक अधिकारियों को उच्च न्यायालयों में न्यायाधीश/अतिरिक्त न्यायाधीश के रूप में नियुक्त करते हैं।’

दिल्ली हाई कोर्ट में कुल सात जजों की नियुक्ति की गई है। निवेदिता अनिल शर्मा और निशा सहाय सक्सेना को स्थायी जज नियुक्त किया गया है। वहीं, संजय शर्मा, भरत पाराशर, अदिति चौधरी, दिनेश भट्ट और अरुण भारद्वाज को अतिरिक्त जज नियुक्त किया गया है। अरुण भारद्वाज अभी दिल्ली हाई कोर्ट के रजिस्ट्रार जनरल हैं।

दिल्ली हाई कोर्ट में अब भी जजों के 16 पद खाली

इससे पहले, 10 सितम्बर को सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने दिल्ली हाई कोर्ट के जजों के लिए आठ न्यायिक अधिकारियों की सिफारिश भेजी थी। हालांकि, केंद्र सरकार ने उनमें से सिर्फ सात नामों को मंजूरी दी है। दिल्ली हाई कोर्ट में जजों की कुल स्वीकृत संख्या 60 है। फिलहाल वहां 44 जज काम कर रहे हैं, यानी 16 पद खाली हैं।

झारखंड हाई कोर्ट में तीन नए जज नियुक्त

झारखंड हाई कोर्ट में तीन नए जज नियुक्त किए गए हैं, जिनमें मनोज प्रसाद, अखिल कुमार और राम शर्मा शामिल हैं। झारखंड हाई कोर्ट में जजों की स्वीकृत संख्या 25 है। अब तक यहां 13 जज काम कर रहे थे और 12 पद खाली थे। नई नियुक्तियों के बाद, हाई कोर्ट में काम करने वाले जजों की संख्या बढ़कर 16 हो जाएगी।

यश पॉल बोर्नी जम्मू-कश्मीर व लद्दाख हाई कोर्ट के जज नियुक्त

सरकार ने शनिवार को यश पॉल बोर्नी की जम्मू-कश्मीर और लद्दाख हाई कोर्ट के जज के तौर पर नियुक्ति की घोषणा की। सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने 10 सितम्बर को हुई बैठक में हाई कोर्ट जज के तौर पर उनकी नियुक्ति के लिए उनके नाम की सिफारिश की थी।

कर्नाटक हाई कोर्ट में तीन न्यायिक अधिकारी प्रोन्नत

इसके अलावा, केंद्र सरकार ने कर्नाटक हाई कोर्ट में तीन न्यायिक अधिकारियों को अतिरिक्त जज के तौर पर नियुक्त करने की मंजूरी दी। जिन तीन न्यायिक अधिकारियों को प्रोन्नत किया गया है, उनमें उषा रानी, केएस भरत कुमार और नेराले वीरभद्रैया भवानी शामिल हैं। कर्नाटक हाई कोर्ट में 62 जजों की मंजूर संख्या के मुकाबले 54 जज हैं। इन तीन नए जजों के पद संभालने के बाद इन जजों की संख्या बढ़कर 57 हो जाएगी।

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