भारत और न्यूजीलैंड के बीच ऐतिहासिक FTA पर हस्ताक्षर, 20 अरब डॉलर का निवेश, 5000 वीजा और ड्यूटी-फ्री एक्सेस
नई दिल्ली, 27 अप्रैल। भारत और न्यूजीलैंड ने सोमवार को ऐतिहासिक मुक्त व्यापार समझौते (FTA) पर हस्ताक्षर किए। इसके तहत न्यूजीलैंड को होने वाले 100 प्रतिशत भारतीय निर्यात पर टैरिफ छूट मिलेगी। वहीं, न्यूजीलैंड से भारत आने वाले 95 प्रतिशत सामान पर टैरिफ में छूट दी गई है या फिर टैरिफ कम कर दिया गया है। वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल और उनके न्यूजीलैंड समकक्ष टॉड मैक्ले की उपस्थिति में समझौते पर हस्ताक्षर किए गए।
वर्षभर पहले 16 मार्च को शुरू हुए इस फ्री ट्रेड एग्रीमेंट ने रिकॉर्ड नौ महीनों में संपन्न होकर दोनों देशों के आर्थिक संबंधों में एक नया अध्याय स्थापित किया है। इस समझौते के तहत भारत को सभी टैरिफ उत्पादों पर तत्काल 100 प्रतिशत शुल्क-मुक्त पहुंच प्राप्त होगी।
Addressed the India-New Zealand Business Forum along with my friend Mr. @ToddMcClayMP, Minister for Trade & Investment, New Zealand.
The strong participation and ideas shared by business leaders from both sides highlighted the vast potential for deeper trade, investment, and… pic.twitter.com/iBOum6BqEL
— Piyush Goyal (@PiyushGoyal) April 27, 2026
यह न्यूजीलैंड द्वारा वर्तमान में भारत से निर्यात किए जाने वाले लगभग 450 टैरिफ उत्पादों पर लगाए जाने वाले 10 प्रतिशत शुल्क से कम है, जिनमें वस्त्र और परिधान उत्पाद, चमड़ा और टोपी, चीनी मिट्टी के बर्तन, कालीन और वाहन एवं वाहन पुर्जे शामिल हैं।
Zero-duty access to New Zealand markets will benefit India's major sectors! 🇮🇳🇳🇿#IndiaNZFTA pic.twitter.com/XxMi9r5q7z
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इस मुक्त व्यापार समझौते में एक प्रावधान यह भी है कि न्यूजीलैंड अगले 15 वर्षों में भारत में 20 अरब डॉलर का निवेश करेगा। यह यूरोपीय मुक्त व्यापार संघ (ईयू) द्वारा भारत के साथ किए गए मुक्त व्यापार समझौते में किए गए 100 अरब डॉलर के निवेश की ‘प्रतिबद्धता’ के समान है।
A wonderful gift from one cricket fan to another! 🇮🇳🏏🇳🇿
Thank you, my friend @ToddMcClayMP, for bringing back a fond memory from Mumbai. pic.twitter.com/bkrHUdRMZn
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इसके अलावा, इस एफटीए में कामकाजी पेशेवरों और छात्रों की आवाजाही से संबंधित कई प्रावधान शामिल हैं। न्यूजीलैंड ने किसी भी देश के साथ पहली बार छात्र आवाजाही और अध्ययन के बाद कार्य वीजा संबंधी अनुबंध पर हस्ताक्षर किए हैं। इसके तहत, भारतीय छात्र न्यूजीलैंड में पढ़ाई के दौरान विस्तृत अध्ययन के बाद कार्य वीजा के साथ प्रति सप्ताह 20 घंटे तक काम कर सकते हैं।
The direct beneficiaries of this integration will be our youth and women, the backbone of these labour-intensive sectors. It will ensure better value for their work while boosting rural incomes and driving prosperity.#IndiaNZFTA pic.twitter.com/mk8BVaxNTI
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एफटीए में भारतीय पेशेवरों लोगों को भी उच्च वेतन वाले रोजगार के अवसर खुलेंगे। समझौते के तहत कौशल युक्त भारतीय पेशेवरों को अस्थायी रोजगार वीजा देगा, जिसके तहत पेशेवर न्यूजीलैंड में तीन साल तक रहकर कार्य कर सकेंगे। हालांकि, यह कोटा 5,000 वीजा का निर्धारित किया गया है।
The signing of the #IndiaNZFTA marks an important milestone in India-New Zealand bilateral ties.
It will create new opportunities in India across sectors through higher investments, wider market access, and stronger services cooperation.
This is truly a landmark step that will… pic.twitter.com/QZTOY2KpjN
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समझौते में शामिल वर्किंग हॉलिडे वीजा कार्यक्रम के तहत, प्रतिवर्ष 1,000 युवा भारतीय 12 माह की अवधि के लिए न्यूजीलैंड में कई बार प्रवेश कर सकते हैं। भारत ने दूध, क्रीम, मट्ठा, दही और पनीर जैसे सभी डेयरी उत्पादों के साथ-साथ कृषि उत्पादों सहित कई वस्तुओं को मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) से बाहर रखने में भी कामयाबी हासिल की है।
