नई दिल्ली, 16 सितम्बर। इस्पात मंत्रालय और उसके सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम (PSU) अगले माह दो अक्टूबर से 31 अक्टूबर 2026 तक चलने वाले विशेष अभियान 6.0 में भाग लेंगे। अभियान का उद्देश्य स्वच्छता, स्थिरता और बेहतर प्रशासन के प्रति मंत्रालय की प्रतिबद्धता को और मजबूत करना है। इसमें ई-कचरे (E-Waste) के प्रभावी संग्रह, पृथक्करण और निपटारे पर विशेष जोर दिया जाएगा।
विशेष अभियान 5.0 में लंबित मामलों के निबटारे पर जोर
विशेष अभियान 5.0 के दौरान अक्टूबर, 2025 में मंत्रालय ने अपने कार्यालयों और सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों में व्यापक गतिविधियां संचालित की थीं। इससे लंबित मामलों के निबटारे, अनुपयोगी फाइलों के निबटान और उपलब्ध स्थान के बेहतर उपयोग की दिशा में महत्वपूर्ण प्रगति हुई। इन प्रयासों से स्थायी दस्तावेज प्रबंधन और बेहतर सेवा वितरण की नींव तैयार हुई।
अभियान के बाद भी जारी रहे स्वच्छता संबंधी प्रयास
अभियान के बाद की अवधि में इन प्रयासों को जारी रखा गया। पुराने रिकॉर्ड हटाए गए, कचरा निपटान प्रक्रियाओं को सुव्यवस्थित किया गया और शिकायतों का अधिक कुशलता से समाधान किया गया। मंत्रालय के अनुसार, ये प्रयास स्वच्छता और प्रशासनिक दक्षता को सतत प्रक्रिया बनाने की प्रतिबद्धता को दर्शाते हैं।
4 प्राथमिकता वाले क्षेत्रों पर रहेगा विशेष ध्यान
विशेष अभियान 6.0 में पिछली उपलब्धियों को आगे बढ़ाते हुए चार प्रमुख क्षेत्रों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। इनमें ई-कचरा प्रबंधन, मशीनीकृत सफाई पद्धतियां, लंबित मामलों का समय पर निपटारा तथा जागरूकता और सहभागिता शामिल हैं।
E-Waste के संग्रह और पृथक्करण पर जोर
E-Waste प्रबंधन के तहत ई-कचरा (प्रबंधन) नियम, 2022 के अनुरूप ई-कचरे के प्रभावी संग्रह और पृथक्करण को सुनिश्चित करने पर जोर दिया जाएगा। इसका उद्देश्य ई-कचरे के व्यवस्थित निबटारे की प्रक्रिया को अधिक प्रभावी बनाना है।
मशीनीकृत सफाई पद्धतियों को बढ़ावा
अभियान के तहत कार्यस्थलों में स्वच्छता और कार्यकुशलता बनाए रखने के लिए आधुनिक एवं मशीनीकृत सफाई विधियों के उपयोग को बढ़ाया जाएगा। इससे सफाई व्यवस्था को अधिक प्रभावी और व्यवस्थित बनाने पर ध्यान दिया जाएगा।
लंबित मामलों का समयबद्ध निबटारा
प्रधानमंत्री कार्यालय, राज्य सरकारों, संसद और वीआईपी मामलों से संबंधित लंबित संदर्भों का समय पर निबटारा अभियान की प्राथमिकताओं में शामिल है। इसके साथ पुरानी फाइलों और दस्तावेजों का व्यवस्थित निबटान भी जारी रखा जाएगा।
जागरूकता और जनभागीदारी को बढ़ावा
स्वच्छता अभियानों के प्रति जागरूकता बढ़ाने और जनता की भागीदारी को प्रोत्साहित करने के लिए डिजिटल प्लेटफॉर्म और जनसम्पर्क गतिविधियों का इस्तेमाल किया जाएगा।
दो चरणों में चलेगा विशेष अभियान 6.0
विशेष अभियान 6.0 दो चरणों में चलाया जाएगा। तैयारी चरण 15 से 30 सितम्बर 2026 तक होगा, जिसमें लक्ष्य निर्धारित करने और आधारभूत कार्यों पर ध्यान दिया जाएगा। इसके बाद दो से 31 अक्टूबर 2026 तक कार्यान्वयन चरण चलेगा, जिसमें निर्धारित उपायों को लागू करने, निगरानी और मापने योग्य परिणाम हासिल करने पर जोर रहेगा।
स्वच्छता और नागरिक-केंद्रित शासन के लिए प्रतिबद्ध मंत्रालय
इस्पात मंत्रालय ने कहा कि वह कुशल और नागरिक-केंद्रित शासन के व्यापक लक्ष्यों के अनुरूप स्वच्छता, शिकायत निवारण और सतत प्रक्रियाओं में नए मानक स्थापित करने के लिए प्रतिबद्ध है।


