1. Home
  2. राज्य
  3. उत्तरप्रदेश
  4. नोएडा श्रमिक आंदोलन में हिंसा भड़काने वाले दो आरोपी गिरफ्तार, मास्टरमाइंड से जुड़े तार उजागर
नोएडा श्रमिक आंदोलन में हिंसा भड़काने वाले दो आरोपी गिरफ्तार, मास्टरमाइंड से जुड़े तार उजागर

नोएडा श्रमिक आंदोलन में हिंसा भड़काने वाले दो आरोपी गिरफ्तार, मास्टरमाइंड से जुड़े तार उजागर

0
Social Share

सेंट्रल नोएडा, 20 अप्रैल। उत्तर प्रदेश के गौतमबुद्धनगर जिला जोन के सेंट्रल नोएडा फेस-दो थाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए श्रमिक आंदोलन के दौरान हुए हिंसक प्रदर्शन में शामिल दो अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान हिमांशु ठाकुर और सत्यम वर्मा के रूप में हुई है। पुलिस ने देर रात गिरफ्तारियों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि श्रमिकों के धरना-प्रदर्शन के दौरान दोनों आरोपी सक्रिय रूप से भीड़ को उकसाने और हिंसा भड़काने में शामिल थे।

घटना के बाद फेस दो थाना में संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया था, जिसके आधार पर आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष टीमों का गठन किया गया। पुलिस के अनुसार, ये दोनों विगुल मजदूर दस्ता (मजदूर बिगुल दस्ता) के सक्रिय सदस्य हैं। श्रमिक धरना-प्रदर्शन के समय इन्होंने हिंसा भड़काने और घटनाओं को अंजाम देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।

हिमांशु ठाकुर उत्तराखंड के उधम सिंह नगर का रहने वाला है। वह वर्तमान में दिल्ली के शालीमार बाग इलाके में रहता है। सत्यम वर्मा लखनऊ के निशातगंज क्षेत्र का निवासी है। पुलिस टीम ने इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस, तकनीकी साक्ष्यों और अन्य माध्यमों का इस्तेमाल करते हुए इनकी तलाश की। 19 अप्रैल 2026 को हिमांशु ठाकुर को दिल्ली से गिरफ्तार किया गया। सत्यम वर्मा को पूछताछ के बाद थाना फेस-2 से पकड़ा गया।

मुख्य आरोपी से कनेक्शन

पुलिस जांच में पता चला कि हिमांशु ठाकुर हिंसा वाले दिन नोएडा में मौजूद था। वह मुख्य आरोपी और एक लाख रुपये इनामी आदित्य आनंद के लगातार संपर्क में था। पुलिस का मानना है कि दोनों ने हिंसक घटनाओं को संगठित करने में मदद की। थाना फेस-2 में इन घटनाओं के संबंध में पहले ही मामला दर्ज किया गया था। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ जारी है और उनके खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

कुल गिरफ्तारियां और मामले

नोएडा श्रमिक हिंसा के पूरे मामले में पुलिस ने अब तक कुल 13 एफआईआर दर्ज की हैं। इनमें से 65 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। मुख्य आरोपी आदित्य आनंद को भी पहले ही पकड़ लिया गया है। पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह के सख्त निर्देश पर टीम लगातार काम कर रही है। पुलिस का कहना है कि हिंसा के पीछे कोई संगठित साजिश हो सकती है, जिसकी गहराई से जांच की जा रही है।

क्या हुआ था नोएडा में?

नोएडा के फेस-2 इलाके में श्रमिकों ने वेतन वृद्धि की मांग को लेकर धरना-प्रदर्शन किया था। बाद में यह प्रदर्शन हिंसक हो गया। पुलिस को स्थिति नियंत्रित करने के लिए बल का इस्तेमाल करना पड़ा। कई लोगों को हिरासत में लिया गया। यह घटना पूरे देश में चर्चा का विषय बनी हुई है। पुलिस अब सभी आरोपियों से पूछताछ कर रही है ताकि असली साजिशकर्ताओं तक पहुंचा जा सके। परिजनों और मजदूरों से अपील की गई है कि वे शांति बनाए रखें और कानून अपने हाथ में न लें। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद सच्चाई सामने आएगी।

Join our WhatsApp Channel

And stay informed with the latest news and updates.

Join Now
revoi whats app qr code