लोकसभा के 8 सांसदों का निलंबन रद, कांग्रेस नेतृत्व की ओर से ‘अफसोस’ व्यक्त करने के बाद फैसला

नई दिल्ली, 17 मार्च। केद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू की ओर से पेश किए गए प्रस्ताव के बाद मंगलवार को लोकसभा के आठ विपक्षी सदस्यों का निलंबन रद कर दिया गया। यह प्रस्ताव उनविपक्षी सांसदों के आचरण के संबंध में कांग्रेस नेतृत्व की ओर से ‘अफसोस’ व्यक्त करने के बाद लाया गया।

उल्लेखनीय है कि बजट सत्र के पहले चरण में अमरिंदर सिंह राजा वडिंग, मणिक्कम टैगोर, गुरजीत सिंह औजला, हिबी ईडन, सी. किरण कुमार रेड्डी, प्रशांत यदाओराव पाडोले, एस. वेंकटेश और डीन कुरियाकोस के खिलाफ काररवाई की गई थी। सदन की कार्यवाही में बाधा डालने और तीखी बहस के दौरान अध्यक्ष की ओर कागज फेंकने के आरोप में इन सभी आठ सांसदों को तीन फरवरी को बजट सत्र के शेष समय के लिए निलंबित कर दिया गया था।

कांग्रेस के मुख्य सचेतक के. सुरेश ने खेद व्यक्त किया

कांग्रेस के मुख्य सचेतक के. सुरेश ने कार्यवाही के दौरान सदस्यों की ओर से की गई ‘अनजाने में हुई लापरवाही’ पर खेद व्यक्त किया। इसके बाद संसदीय कार्य मंत्री रिजिजू ने सदन में सांसदों का निलंबन रद्द करने का प्रस्ताव रखा। इस प्रस्ताव को समाजवादी पार्टी के धर्मेंद्र यादव और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एसपी) की सुप्रिया सुले ने समर्थन दिया।

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यदि हम लक्ष्मण रेखा खींच लें तो कार्यवाही सुचारू रूप से चलेगी – रिजिजू

सदन को संबोधित करते हुए रिजिजू ने संसदीय कार्यवाही के सुचारू और प्रभावी संचालन को सुनिश्चित करने के लिए स्पष्ट रूप से परिभाषित सीमा में रहने पर जोर दिया। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि अनुशासन बनाए रखना और संसदीय प्रक्रियाओं का सम्मान करना विधायिका के सुचारू संचालन के लिए आवश्यक है। उन्होंने संसदीय नियमों के पालन के संबंध में सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच हुई पिछली चर्चाओं का भी जिक्र किया। सदन में मर्यादा बनाए रखने को लेकर उन्होंने कहा, ‘यदि हम लक्ष्मण रेखा खींच लें तो सदन की कार्यवाही सुचारू रूप से चलेगी।’

रिजिजू ने कहा कि कल हमने कहा था, ‘यदि विपक्ष सदन और अध्यक्ष के नियमों का पालन करने में हमारी मदद करता है, तो हम (सत्ता पक्ष) भी ऐसा ही करेंगे।’ उन्होंने विपक्ष से भविष्य में सुचारू कार्यवाही सुनिश्चित करने के लिए संसदीय मानदंडों के पालन के प्रति अपनी प्रतिबद्धता स्पष्ट करने को भी कहा। इसके बाद सदन ने ध्वनि मत से सभी आठ सांसदों का निलंबन रद कर दिया, जिससे उन्हें चल रहे बजट सत्र में भाग लेने की अनुमति मिल गई। निलंबन रद होने के बाद सांसदों ने संसद परिसर में महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि अर्पित की।

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