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संसद के गेट पर जुबानी जंग : राहुल गांधी ने ‘गद्दार दोस्त’ कहा तो केंद्रीय मंत्री रवनीत बिट्टू बोले ‘देश का दुश्मन’

संसद के गेट पर जुबानी जंग : राहुल गांधी ने ‘गद्दार दोस्त’ कहा तो केंद्रीय मंत्री रवनीत बिट्टू बोले ‘देश का दुश्मन’

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नई दिल्ली, 4 फरवरी। बजट सत्र में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर चर्चा के दौरान लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के वक्तव्य पर जारी हंगामे के बीच बुधवार को संसद के गेट पर अजीब दृश्य देखने को मिला, जब कांग्रेस सांसदों के प्रदर्शन के दौरान राहुल गांधी और केंद्रीय मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू के बीच जुबानी जंग हो गई।

दरअसल, केंद्रीय राज्य मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू मकर द्वार पर प्रदर्शन कर रहे कांग्रेस सांसदों के पास से गुजर रहे थे, तभी लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने कहा, ‘यहां एक गद्दार जा रहा है. इसका चेहरा देखिए…’

राहुल गांधी ने बिट्टू से हाथ मिलाने की पेशकश करते हुए कहा, ‘नमस्ते भाई, मेरे गद्दार दोस्त। चिंता मत करो, तुम वापस आ जाओगे (कांग्रेस में)।’ इस पर, ‘देश के दुश्मन…’ कहते हुए रवनीत बिट्टू ने हाथ मिलाने से इनकार कर दिया और फिर संसद के अंदर दाखिल हो गए।

3 बार कांग्रेस से सांसद रहे बिट्टू 2024 के चुनाव से पहले भाजपा में शामिल हुए थे

तीन बार कांग्रेस सांसद रह चुके रवनीत सिंह बिट्टू पहली बार 2009 में आनंदपुर साहिब से लोकसभा के लिए चुने गए थे। इसके बाद 2014 और 2019 में लुधियाना से जीते थे। खालिस्तान समर्थक कट्टरपंथी आवाजों के मुखर आलोचक माने जाने वाले बिट्टू 2024 में हुए लोकसभा चुनाव से पहले भाजपा में शामिल हो गए थे।

खालिस्तान समर्थक कट्टरपंथी आवाजों के मुखर आलोचक रहे हैं

हालांकि चुनाव में बिट्टू लुधियाना से पंजाब कांग्रेस प्रमुख अमरिंदर सिंह राजा वारिंग से लगभग 20 हजार वोटों से हार गए। लेकिन चुनाव हारने के बावजूद केंद्र सरकार में उन्हें मंत्री बनाया गया और रेल तथा खाद्य प्रसंस्करण उद्योग राज्य मंत्री की जिम्मेदारी सौंपी गई।

उल्लेखनीय है कि बिट्टू सिर्फ 11 वर्ष के थे, जब उनके पिता का निधन हो गया। इसके बाद 20 वर्ष की उम्र में उन्होंने अपने दादा और पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री बेअंत सिंह को भी खो दिया, जिनकी 31 अगस्त, 1995 को चंडीगढ़ में खालिस्तान समर्थक आतंकवादियों ने हत्या कर दी थी। वर्ष 2007 में राहुल गांधी से मुलाकात के बाद बिट्टू ने राजनीति में कदम रखा।

बिट्टू ने पिछले वर्ष राहुल गांधी पर दिया था विवादित बयान

वैसे, यह पहला मौका नहीं है, जब बिट्टू और राहुल गांधी के बीच इस तरह की बयानबाजी चली हो। सितम्बर, 2024 में बिट्टू ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी को लेकर तीखा और विवादास्पद बयान दिया था। बिट्टू ने राहुल गांधी पर सिख समुदाय को बांटने की कोशिश करने का आरोप लगाया और कहा कि सिख किसी भी राजनीतिक दल से बंधे नहीं हैं।

रवनीत बिट्टू ने अमेरिका में सिखों को लेकर दिए गए राहुल गांधी के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा था, ‘राहुल गांधी ने सिखों को बांटने की कोशिश की है, सिख किसी पार्टी से जुड़ा नहीं है और यह चिंगारी लगाने की कोशिश है, राहुल गांधी देश के नंबर वन टेरेरिस्ट हैं।’

 

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