उतार-चढ़ाव के बीच शेयर बाजार मामूली गिरावट के साथ बंद, सेंसेक्स 70 अंक कमजोर
मुंबई, 28 जुलाई। लगातार पांच सत्रों में बड़ी गिरावट के बाद कारोबारी सप्ताह के पहले दिन जबर्दस्त उछाल देखने वाला घरेलू शेयर बाजार मंगलवार को उतार-चढ़ाव के बीच लगभग स्थिर रहा और दोनों बेंचमार्क इंडेक्स मामूली गिरावट के साथ बंद हुए। इस क्रम में बीएसई सेंसेक्स जहां 70 अंक कमजोर हुआ वहीं एनएसई निफ्टी 11 अंक फिसला।
बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि दरअसल, दुनिया के प्रमुख केंद्रीय बैंकों की इस सप्ताह मौद्रिक नीति बैठकों से पहले और एशिया के अन्य बाजारों में भारी बिकवाली के बीच निवेशकों ने सतर्क रुख अपनाया।
सेंसेक्स 69.86 अंक टूटकर 76,765.92 पर बंद
बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का 30 शेयरों पर आधारित मानक सूचकांक सेंसेक्स 69.86 अंक यानी 0.09 प्रतिशत टूटकर 76,765.92 अंक पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान सूचकांक ने 76,988.48 अंक का उच्च स्तर और 76,672.77 अंक के निचला स्तर देखा। इस दौरान सूचकांक में 315.71 अंकों का उतार-चढ़ाव रहा। सेंसेक्स से संबद्ध कम्पनियों में 17 के शेयर मजबूत हुए तो 13 में कमजोरी रही।
निफ्टी 10.60 अंकों की फिसलन से 23,985.35 पर बंद
दूसरी तरफ नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का 50 शेयरों पर आधारित मानक सूचकांक निफ्टी 10.60 अंक यानी 0.04 प्रतिशत की मामूली गिरावट के साथ 23,985.35 अंक पर बंद हुआ। निफ्टी से संबद्ध कम्पनियों में 30 के स्टॉक हरे निशान पर रुके तो 20 में गिरावट दर्ज की गई।
हिन्दुस्तान यूनिलीवर का शेयर सबसे अधिक 6.97 प्रतिशत टूटा
सेंसेक्स समूह में शामिल कम्पनियों में हिन्दुस्तान यूनिलीवर का शेयर सबसे अधिक 6.97 प्रतिशत टूटा। कम्पनी के शुद्ध लाभ में कमी से शेयर नुकसान में रहा। कम्पनी का एकीकृत शुद्ध लाभ जून तिमाही में सालाना आधार पर 3.17 प्रतिशत की गिरावट के साथ 2,680 करोड़ रुपये रहा।
इसके अलावा भारत इलेक्ट्रॉनिक्स, एनटीपीसी, आईसीआईसीआई बैंक, पावर ग्रिड और रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयर भी नुकसान में रहे। दूसरी ओर लाभ में रहने वाले शेयरों में टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस), इटर्नल, टेक महिंद्रा, इन्फोसिस और टाइटन शामिल रहे।
एफआईआई ने 1,688.23 करोड़ रुपये के शेयर बेचे
शेयर बाजार के आंकड़ों के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने सोमवार को 1,688.23 करोड़ रुपये के शेयर बेचे। वहीं वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड 2.82 प्रतिशत की गिरावट के साथ 85.87 डॉलर प्रति बैरल पर रहा।
