दिवंगत NCP नेता अजित पवार के बेटे पार्थ पवार ने राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ ली
नई दिल्ली, 9 अप्रैल। महाराष्ट्र के पूर्व उप मुख्यमंत्री व राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) के दिवंगत नेता अजित पवार के पुत्र पार्थ पवार ने गुरुवार को यहां राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ ली। राज्यसभा के सभापति सी. पी. राधाकृष्णन ने संसद भवन में पार्थ को शपथ दिलाई। 35 वर्षीय पार्थ पवार ने अंग्रेजी में शपथ ली। इस दौरान सदन के नेता जे.पी. नड्डा, कांग्रेस के मुख्य सचेतक जयराम रमेश और कई अन्य नेता मौजूद रहे।
गौरतलब है कि अजित पवार का इसी वर्ष 28 जनवरी को बारामती में एक विमान हादसे में निधन हो गया था। पार्थ से पहले अजित पवार की पत्नी सुनेत्रा पवार राज्यसभा सदस्य चुनी गई थीं, लेकिन बाद में महाराष्ट्र की उप मुख्यमंत्री बनने के बाद उन्होंने अपना पद छोड़ दिया। इसके बाद पार्थ पवार को राज्यसभा के लिए चुना गया। इससे पहले उन्होंने 2019 में मावल लोकसभा सीट से चुनाव लड़ा था, लेकिन उन्हें हार का सामना करना पड़ा था।
बारामती उपचुनाव में सुनेत्रा पवार का निर्विरोध निर्वाचन तय, कांग्रेस सहित 23 उम्मीदवारों ने वापस लिया नाम
इस बीच महाराष्ट्र में एक राजनीतिक घटनाक्रम के तहत बारामती विधानसभा सीट पर प्रस्तावित उपचुनाव में सुनेत्रा पवार का निर्विरोध निर्वाचन लगभग तय हो गया, जब नाम वापसी के आखिरी दिन कांग्रेस पार्टी ने अपने उम्मीदवार आकाश विश्वनाथ मोरे का नाम वापस लेने का फैसला किया। बारामती के चुनावी रण से अंतिम समाचार मिलने तक कुल 23 उम्मीदवारों ने नाम वापस ले लिए थे।

कांग्रेस ने पेशे से अधिवक्ता आकाश मोरे को बनाया था उम्मीदवार
गौरतलब है कि कांग्रेस ने बारामती उपचुनाव के लिए अधिवक्ता आकाश मोरे को उम्मीदवार घोषित किया था। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने उनकी उम्मीदवारी को मंजूरी दी थी, जिसकी औपचारिक जानकारी महासचिव के.सी. वेणुगोपाल ने पांच अप्रैल को दी थी। हालांकि अब पार्टी ने रणनीतिक तौर पर चुनाव से हटने का फैसला किया है.
अजित पवार की विरासत और सहानुभूति लहर
उल्लेखनीय है कि बारामती सीट को पवार परिवार का गढ़ माना जाता है। अजित पवार यहां से लगातार आठ बार जीत दर्ज कर चुके थे। वर्ष 2024 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने 24 उम्मीदवारों के सामने चुनाव लड़ते हुए एक लाख 81 हजार से अधिक मतों की भारी बढ़त हासिल की थी, जिसमें उनके भतीजे योगेंद्र पवार भी शामिल थे।
अजित पवार के निधन के बाद हो रहे इस उपचुनाव में क्षेत्र में सहानुभूति की लहर साफ देखी जा रही है। इसी भावनात्मक माहौल के बीच उनकी पत्नी और मौजूदा उप मुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार को प्रत्याशी बनाया गया।
दिलचस्प यह है कि शुरुआत से ही सुनेत्रा पवार को निर्विरोध जिताने की अपील की जा रही थी। यहां तक कि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने भी कांग्रेस से अपील की थी कि वह अपने उम्मीदवार का नाम वापस ले ले। वहीं एनसीपी (एसपी) के विधायक व अजित पवार के भतीजे रोहित पवार ने भी महाराष्ट्र कांग्रेस अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल से मुलाकात कर अनुरोध अनुरोध किया था कि वह अपने उम्मीदवार का नामांकन वापस ले लें, ताकि सुनेत्रा पवार का बारामती उपचुनाव में निर्विरोध चुनाव हो सके।
23 अप्रैल को चुनाव
उल्लेखनीय है कि बारामती के साथ‑साथ राहुरी विधानसभा सीट पर 23 अप्रैल को मतदान होना था जबकि मतगणना चार मई 2026 को होनी थी। हालांकि अब सभी उम्मीदवारों के नाम वापस लेने से सुनेत्रा पवार की जीत तय मानी जा रही है।
