चेन्नई, 8 सितम्बर। पूर्व क्षेत्र के पहाड़ सरीखे स्कोर (708) का दक्षिण क्षेत्र फिलहाल मजबूती से जवाब देने में असफल रहा और देवदत्त पडिक्कल (62 रन, 104 गेंद, चार चौके) व कप्तान तिलक वर्मा (नाबाद 56 रन, 133 गेंद, पांच चौके) के अर्धशतकीय प्रयासों के बावजूद मेजबान दल यहां दलीप ट्रॉफी फाइनल में निश्चित फॉलोआन के कगार पर जा पहुंचा है।
मो. शमी व मुकेश कुमार ने मेजबान बल्लेबाजों पर लगाया अंकुश
दरअसल, प्रथम श्रेणी करिअर का 100वां मैच खेल रहे सीनियर पेसर ने मोहम्मद शमी (2-17) जहां छोटे-छोटे स्पेल में प्रभावी गेंदबाजी की वहीं अनुभवी पेसर मुकेश कुमार (2-36) से भी उन्हें सहयोग मिला। इन दोनों ने बल्लेबाजों को बड़ी साझेदारी विकसित करने की अनुमति नहीं दी। अंततः तीसरे दिन का खेल खत्म हुआ तो दक्षिण क्षेत्र की टीम 80 ओवरों में 242 रनों पर छह विकेट गंवा चुकी थी। यानी पूर्व की पहली पारी से दक्षिण 466 रन पीछे है और उसे फॉलोऑन बचाने के लिए अब भी 267 रनों की दरकार है जबकि विकेट सिर्फ चार बचे हैं।
Shami-Mukesh combo strikes 🤝
The pace bowling duo dismiss set batters Shaik Rasheed and Devdutt Padikkal and breaks 56-run stand 🙌
South Zone are 134/4, trail by 574 runs.
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— BCCI Domestic (@BCCIdomestic) September 8, 2026
तिलक व श्रेयस गोपाल के बीच 66 रनों की साझेदारी
एमए चिदांबरम स्टेडियम में मंगलवार को स्टंप्स उखाड़े गए तो तिलक वर्मा के साथ सीवी मिलिंद बिना खाता खोले क्रीज पर थे। श्रेयस गोपाल (26 रन, 79 गेंद, एक चौका) संभव हुए खेल के अंतिम ओवर में मो. कोनैन कुरेशी (1-77) को कैच थमा बैठे। हालांकि तब तक वह तिलक संग 66 रनों की साझेदारी कर चुके थे। तिलक ने गोपाल से पहले रविचंद्रन स्मरण (23 रन, 55 गेंद, एक चौका) के साथ पांचवें विकेट पर 45 रन जोड़े थे।

पडिक्कल ने कीं दो अर्धशतकीय भागीदारियां
वहीं रिकी भुई (एक रन) के रूप में पहला विकेट 10 के योग पर गिरने के बाद पडिक्कल ने दो अर्धशतकीय भागीदारियां कीं। उन्होंने ओपनर नारायण जगदीशन (32 रन, 42 गेंद, छह चौके) संग 60 रन जोड़ने के बाद शेख रशीद (27 रन, 48 गेंद, पांच चौके) के साथ 56 रनों की भागीदारी की।
अब मंगलवार को यह देखना दिलचस्प रहेगा कि शमी एंड कम्पनी के सामने तिलक वर्मा सहित दक्षिण क्षेत्र अन्य बचे बल्लेबाज कितनी देर तक फॉलोऑन टालने में सफल होते हैं।


