रामपुर, 31 अक्टूबर। समाजवादी पार्टी (सपा) के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री मोहम्मद आजम खान शनिवार को जेल से निकलते ही फिर गिरफ्तार कर लिए गए। रामपुर जेल के बाहर ही 15 वाहनों से 50 सीआरपीएफ जवानों को लेकर पहुंची प्रवर्तन निदेशालय (ED) की टीम ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार जौहर विश्वविद्यालय से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में ईडी ने आजम खान को कस्टडी में ले लिया है। आजम के जेल से रिहा होने की सूचना पर ईडी और सीआरपीएफ के जमावड़े की खबर मिलते ही जिला प्रशासन और पुलिस के आला अधिकार भी जेल पहुंच गए थे।
हालांकि आजम को गिरफ्तार करने के बाद भी गाड़ी में बैठाने के लिए ईडी को काफी मशक्कत करनी पड़ी। इस बीच जेल पर जमा समर्थकों का हंगामा पुलिस को झेलना पड़ा। किसी तरह आजम को ईडी ने गाड़ी में बैठाया और उन्हें लेकर गाजियाबाद रवाना हो गई।
दरअसल, हाई कोर्ट से जमानत मिलने के बाद भी आजम खान के जेल से बाहर आने पर संशय की स्थिति बनी हुई थी क्योंकि इधर जमानत मिली तो उधर ईडी ने शिकंजा कस दिया था। जमानत की खबर मिलते ही ईडी की ओर से अजीमनगर थाने में दर्ज कराई गई भ्रष्टाचार की एफआईआर में आजम को रिमांड पर लेने के लिए न्यायालय में प्रार्थना पत्र दाखिल कर दिया गया था। इस पर सोमवार को सुनवाई होनी है। कोर्ट की तरफ से आजम खान को दो नवम्बर को तलब किया गया था। इससे पहले ही ईडी की टीम शनिवार की शाम उस समय रामपुर जेल पहुंच गई, जब आजम और उनके बेटे अब्दुल्ला जेल से बाहर निकलने वाले थे।
जेल से निकलते ही कस्टडी में लिया
आजम खान और अब्दुल्ला जैसे ही बाहर निकले ईडी ने आजम को अपनी कस्टडी में ले लिया। अब्दुल्ला को वहां से जाने के लिए कहा गया और आजम को गाड़ी में बैठने के लिए कहा गया। आजम ने गाड़ी में बैठने से इनकार कर दिया। इस पर तकरार शुरू हो गई। दूर खड़े समर्थकों ने यह नजारा देखा तो नारेबाजी शुरू कर दी। इससे पहले कि बड़ा हंगामा होता, पुलिस ने भी मोर्चा संभाल लिया। समर्थकों को किसी तरह शांत कराया गया।
गाड़ी में बैठने को लेकर काफी देर तक जिच चलती रही। आजम और ईडी अफसरों के बीच धक्कामुक्की भी हुई। मौके पर पहुंची पुलिस के अफसरों ने भी आजम को समझाने की कोशिश की। भारी फोर्स के सामने आजम की नहीं चल सकी। अंततः ईडी ने आजम को अपनी गाड़ी में बैठा लिया और गाजियाबाद के लिए रवाना हो गई। बताया गया कि रविवार को वहां की अदालत में आजम को पेश किया जाएगा।


