नेपाल में बड़ा राजनीतिक उलटफेर : पूर्व पीएम केपी ओली गिरफ्तार, Gen-Z प्रोटेस्ट में 77 मौतों पर लापरवाही का आरोप
काठमांडू, 28 मार्च। नेपाल की राजनीति में आज उस समय हड़कंप मच गया जब पुलिस ने पूर्व प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली को उनके आवास से गिरफ्तार कर लिया। यह कार्रवाई नए प्रधानमंत्री बालेन शाह के शपथ ग्रहण के ठीक अगले दिन की गई है, जिससे देश में सत्ता परिवर्तन के साथ ही जवाबदेही का नया दौर शुरू होता दिख रहा है।
भक्तपुर स्थित आवास से हुई गिरफ्तारी
शनिवार तड़के नेपाल पुलिस की एक विशेष टीम ने भक्तपुर के गुंडु स्थित केपी ओली के घर पर छापेमारी की और उन्हें हिरासत में ले लिया। इसी कड़ी में पूर्व गृह मंत्री रमेश लेखक को भी सुबह करीब 5 बजे सूर्यविनायक इलाके से गिरफ्तार किया गया है। यह पूरी कार्रवाई पिछले साल हुए ‘Gen-Z’ (युवा पीढ़ी) के हिंसक प्रदर्शनों की जांच के आधार पर की गई है। ये गिरफ्तारियां गृह मंत्रालय की औपचारिक शिकायत के बाद शुरू हुई जांच के क्रम में की गई हैं।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, कार्रवाई पूर्व विशेष न्यायालय की न्यायाधीश गौरी बहादुर कार्की की अध्यक्षता वाले जांच आयोग की सिफारिशों को लागू करने के लिए हो रही है।आयोग की रिपोर्ट में पूर्व प्रधानमंत्री ओली, पूर्व गृह मंत्री रमेश लेखक और तत्कालीन पुलिस महानिरीक्षक चंद्र कुबेर खापुंग को मुख्य रूप से जिम्मेदार ठहराया गया है। आयोग ने सिफारिश की है कि इन पर नेपाल की राष्ट्रीय दंड संहिता की धारा 181 और 182 के तहत आपराधिक लापरवाही का मामला दर्ज किया जाए, जिसमें 10 वर्ष तक की कैद का प्रविधान है।
