पीएम मोदी ने विकास कार्यों पर सवाल उठाने वालों पर साधा निशाना, बोले- ‘नाराज फूफा को अब काम मिल गया’

वडोदरा, 8 सितम्बर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सरकार के विकास कार्यों पर सवाल उठाने वालों को निशाने पर लेते हुए उन्हें एक बार फिर ‘नाराज फूफा’ बताया। पीएम मोदी ने अपने गृह राज्य गुजरात के दौरे पर वडोदरा में ‘नमो फॉर विकसित भारत’ कार्यक्रम को संबोधित करते हुए यह टिप्पणी की और कहा कि ऐसा ‘नाराज फूफा’ को अब फिर काम मिल गया है।

भाजपा के सत्ता में आने के बाद 12 वर्षों में देश की कार्यसंस्कृति बदल गई

पीएम मोदी ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के सत्ता में आने के बाद पिछले 12 वर्षों में देश की कार्यसंस्कृति बदल गई है। इस कार्यक्रम में उन्होंने 35,000 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का उद्घाटन एवं शिलान्यास किया। इन परियोजनाओं में 2,800 किलोमीटर लंबा समर्पित माल ढुलाई गलियारा भी शामिल है, जिसे मोदी ने ‘21वीं सदी की ऐतिहासिक उपलब्धि’ बताया।

भारत ने 14 वर्षों में 50 हजार आधुनिक रेल कोच बनवाए, कांग्रेस 50 हजार शौचालय भी नहीं बनवा सकी

प्रधानमंत्री मोदी ने गलियारा परियोजना की उपयोगिता पर सवाल उठाने वालों पर तंज कसते हुए कहा, ‘नाराज फूफा जी कहेंगे कि ट्रक वालों का क्या होगा?’ उन्होंने कांग्रेस नेता राहुल गांधी का नाम लिए बिना कहा, ‘नाराज फूफा को अब काम मिल गया।’ उन्होंने इसी क्रम में कांग्रेस पर प्रहार करते हुए कहा, ‘2014 के बाद भारत ने 50,000 आधुनिक रेल कोच बनवाए, लेकिन पिछली (कांग्रेस) सरकार 10 वर्षों में 50,000 शौचालय भी नहीं बनवा सकी।’

पीएम मोदी ने समर्पित माल ढुलाई गलियारे (पश्चिम) के तीन प्रमुख खंडों का उद्घाटन किया। यह गलियारा नवी मुंबई के जवाहरलाल नेहरू बंदरगाह को उत्तर प्रदेश के दादरी से जोड़ता है और इन खंडों के उद्घाटन के साथ परियोजना पूरी हो गई। उन्होंने कहा, ‘समर्पित माल ढुलाई गलियारे तेजी से विकसित हो रहे भारत की जीवनरेखा हैं। इस आधुनिक माल ढुलाई नेटवर्क के कारण भारत में बदलाव की रफ्तार तेज हो रही है।’

उन्होंने कहा कि पहले यात्री और मालगाड़ियों को एक ही पटरी पर चलना पड़ता था, जिससे यात्री और माल परिवहन दोनों की रफ्तार धीमी हो जाती थी, लेकिन समर्पित माल ढुलाई गलियारे ने इस स्थिति को बदल दिया है।

2,800 किलोमीटर लंबे समर्पित माल ढुलाई गलियारे का काम पूरा हो गया

पीएम मोदी ने कहा, ‘आपके आशीर्वाद से जब मैं 2014 में दिल्ली पहुंचा तो हमने इस परियोजना के काम में तेजी लानी शुरू कर दी। आज 2,800 किलोमीटर लंबे समर्पित माल ढुलाई गलियारे का काम पूरा हो गया है। आज पूर्वी और पश्चिमी माल ढुलाई गलियारे देश के व्यापार और कारोबार की मुख्य रीढ़ बन रहे हैं। 2,800 किलोमीटर लंबा समर्पित माल ढुलाई गलियारा इस बात का प्रमाण है कि पिछले 12 वर्षों में देश की कार्यसंस्कृति किस तरह बदली है।’

समर्पित माल ढुलाई गलियारे की फाइलें 2014 तक इधर-उधर भटकती रहीं

उन्होंने कहा, ‘इस समर्पित माल ढुलाई गलियारे का विचार 2004 में सामने आया था। इस काम के लिए 2006 में एक विशेष कम्पनी बनाई गई, लेकिन 2014 तक फाइलें एक जगह से दूसरी जगह घूमती रहीं। इन फाइलों की किस्मत में भी दुर्भाग्य से कोई समर्पित गलियारा नहीं था। फाइलें कहीं अटक जाती थीं, कहीं पड़ी रहती थीं और इधर-उधर भटकती रहती थीं।’

देश के युवा सच्चाई के साथ खड़े रहेंगे और ‘झूठ की गूंज’ से गुमराह नहीं होंगे

प्रधानमंत्री मोदी ने राहुल गांधी की ‘छात्रों की गूंज’ पहल पर भी तंज कसते हुए कहा कि युवा सच्चाई के साथ खड़े रहेंगे और ‘झूठ की गूंज’ से गुमराह नहीं होंगे। उन्होंने कहा, ‘‘आपको हर जगह ऐसे लोग मिलेंगे, जो ‘झूठ की गूंज’ के जरिये आपको गुमराह करने की कोशिश करेंगे, लेकिन आज का युवा सच्चाई के साथ खड़ा रहेगा। युवा देख सकते हैं कि सरकार सौर, पवन, जलविद्युत और परमाणु ऊर्जा समेत विभिन्न क्षेत्रों में कितनी गंभीरता से काम कर रही है।”

उन्होंने युवाओं से कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) के क्षेत्र में विशेषज्ञता हासिल करने का भी आग्रह करते हुए कहा, ‘देश के युवाओं को एआई के क्षेत्र में विशेषज्ञ बनना होगा और हम चाहते हैं कि हमारे युवा इस क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करें।’

मालगाड़ी सेवाओं व एक यात्री ट्रेन को दिखाई हरी झंडी

प्रधानमंत्री ने न्यू सानंद, न्यू मकरपुरा, न्यू उंबरगांव और नवी मुंबई के न्यू जेएनपीटी से मालगाड़ी सेवाओं को भी हरी झंडी दिखाई। साथ ही टांडा रोड और वडोदरा के बीच एक यात्री ट्रेन सेवा को भी हरी झंडी दिखाई।

 

ब्रिक्स शिखर सम्मेलन : दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने जारी की एडवाइजरी, मोटरकेड रिहर्सल के लिए 22 जगहों पर डायवर्जन

 

नई दिल्ली, 8 सितम्बर। राष्ट्रीय राजधानी में 11 से 13 सितम्बर तक आयोजित ब्रिक्स शिखर सम्मेलन (BRICS Summit 2026) से पहले दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने मंगलवार को मोटरकेड रिहर्सल को लेकर विस्तृत ट्रैफिक एडवाइजरी जारी की है। इसमें राजधानी की 22 जगहों पर डायवर्जन और 35 से अधिक सड़कों पर ट्रैफिक रेगुलेशन की जानकारी दी गई है। रिहर्सल मंगलवार शाम 7.45 बजे से रात 10 बजे तक चलेगी। इस दौरान भारत मंडपम, BRICS Summit के आयोजन स्थल प्रगति मैदान और आसपास के प्रमुख मार्गों पर ट्रैफिक पर रोक या नियंत्रण लागू रहेगा।

दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने X पर पोस्ट कर कहा, ‘8 सितम्बर 2026 को शाम 7.45 बजे से रात 10 बजे तक होने वाली मोटर कारकेड रिहर्सल को देखते हुए, दिल्ली के मुख्य रास्तों पर ट्रैफिक डायवर्जन और रेगुलेटेड मूवमेंट लागू रहेगा।’

इन प्रमुख सड़कों पर रहेगा असर

प्रभावित प्रमुख सड़कों में सरदार पटेल मार्ग, मदर टेरेसा क्रिसेंट, तीन मूर्ति मार्ग, अकबर रोड, तीस जनवरी मार्ग, राजेश पायलट मार्ग, सुब्रमण्यम भारती मार्ग, मथुरा रोड, मोती लाल नेहरू मार्ग, डॉ. जाकिर हुसैन मार्ग, अफ्रीका एवेन्यू, सत्य मार्ग, जनपथ, अशोक रोड, बाराखंभा रोड, टॉल्स्टॉय मार्ग, पंचशील मार्ग और कमाल अतातुर्क मार्ग शामिल हैं।

डायवर्जन प्वॉइंट्स में डॉ. दिनेश नंदिनी डालमिया चौक, राम चरण अग्रवाल चौक, मीर दर्द चौक, कस्तूरबा गांधी मार्ग/आउटर सर्कल, जनपथ, पटेल चौक, आरएमएल अस्पताल राउंडअबाउट, वंदे मातरम मार्ग, धौला कुआं, मोती बाग, लोधी रोड और नीला गुंबद शामिल हैं।

यात्रियों के लिए खास सलाह

पुलिस ने यात्रियों से अपील की है कि वे अपनी यात्रा की योजना पहले से बना लें, अतिरिक्त समय निकालकर निकलें और इस दौरान मेट्रो समेत पब्लिक ट्रांसपोर्ट का ज्यादा से ज्यादा इस्तेमाल करें। इमरजेंसी और जरूरी सेवाओं वाली गाड़ियों को प्राथमिकता दी जाएगी। एयरपोर्ट और रेलवे स्टेशन (नई दिल्ली, पुरानी दिल्ली, हजरत निजामुद्दीन) जाने वाले यात्रियों को वैकल्पिक रास्ते सुझाए गए हैं।

एयरपोर्ट के लिए मेट्रो से यात्रा करने की पुरजोर सलाह दी गई है। VVIP मूवमेंट के दौरान बसों के रूट बदल सकते हैं, लेकिन मेट्रो सामान्य रूप से चलेगी। टैक्सी और ऑटो चल सकेंगे, हालांकि तय जगहों के अलावा सड़क किनारे पार्किंग की अनुमति नहीं होगी। इससे पहले भी दिल्ली पुलिस ने चेतावनी दी थी कि विदेशी मेहमानों के आवागमन के दौरान ट्रैफिक को अस्थायी रूप से नियंत्रित या डायवर्ट किया जा सकता है। नागरिकों से अनुरोध है कि वे पुलिस निर्देशों का पालन करें और अनावश्यक यात्रा से बचें।

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