मध्य पूर्व संकट : ईरान के हमलों पर G7 सख्त, तुरंत हमले रोकने की मांग
नई दिल्ली, 22 मार्च। विकसित देशों के संगठन जी-7 ने रविवार को पश्चिम एशिया के कई देशों में नागरिकों और महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे पर ईरान के हमलों की कड़ी निंदा की और इन हमलों का सामना कर रहे क्षेत्रीय सहयोगियों के प्रति दृढ़ समर्थन व्यक्त किया।
कनाडा, फ्रांस, जर्मनी, इटली, जापान, ब्रिटेन और अमेरिका के विदेश मंत्रियों और यूरोपीय संघ के शीर्ष राजनयिक ने एक संयुक्त बयान में तनाव बढ़ने से प्रभावित देशों के साथ एकजुटता व्यक्त की। बयान में कहा गया है कि जी-7 ईरान और उसके सहयोगियों द्वारा किए जा रहे अनुचित हमलों के मद्देनजर क्षेत्र में अपने सहयोगियों का समर्थन करता है।
संगठन ने कहा, ‘सुरक्षा परिषद के प्रस्ताव के अनुरूप हम बहरीन, कुवैत, ओमान, कतर, सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात, जार्डन और इराक में नागरिकों, ऊर्जा संयंत्रों और नागरिक बुनियादी ढांचे पर निर्मम हमलों की कड़ी निंदा करते हैं। ईरान की काररवाइयां न केवल इन देशों को खतरे में डालती हैं बल्कि क्षेत्रीय और वैश्विक सुरक्षा के लिए भी व्यापक खतरा पैदा करती हैं।’
संगठन ने तेहरान से अपनी सैन्य गतिविधियों को तुरंत रोकने का आग्रह किया है और कहा कि ये हमले क्षेत्रीय व वैश्विक सुरक्षा के लिए खतरा हैं। ऐसे सभी हमलों को तत्काल और बिना शर्त बंद किया जाना चाहिए।
जी-7 ने होर्मुज जलडमरूमध्य सहित समुद्री मार्गों और वैश्विक आपूर्ति श्रृंखलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के महत्व पर भी बल दिया। कहा कि हम ऊर्जा की वैश्विक आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक उपाय करने को तैयार हैं।
