कांग्रेस ने डिलीट किया विवादित ‘गायब’ वाला पोस्ट, भाजपा ने की थी कड़ी निंदा
नई दिल्ली, 29 अप्रैल। पहलगाम आतंकी हमले के बाद देश में सियासी गर्माहट के बीच कांग्रेस पार्टी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को ‘गायब’ बताने वाला विवादित पोस्ट मंगलवार की रात हटा दिया। दररअसल, पार्टी ने अपने ऑफिशियल एक्स हैंडल पर एक तस्वीर पोस्ट की थी, जिसमें कुर्ता-पायजामा पहने शख्स का सिर कटा हुआ और उसके हाथ-पैर गायब दिखाए थे। इसके कैप्शन में लिखा था – जिम्मेदारी के समय Gayab (गायब)।
कांग्रेस की इस पोस्ट को पहलगाम हमले के बाद 24 अप्रैल को हुई सर्वदलीय बैठक से जोड़कर देखा जा रहा था। बैठक में प्रधानमंत्री मोदी नहीं आए थे। कांग्रेस ने मांग की थी कि प्रधानमंत्री भी इसमें शामिल हों। इस बैठक की अध्यक्षता रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने की थी।
गौरव भाटिया ने कांग्रेस को लश्कर-ए-पाकिस्तान कहा
फिलहाल कांग्रेस पोस्टर पर भाजपा ने कड़ी आपत्ति जताई। भाजपा प्रवक्ता गौरव भाटिया ने कहा कि कांग्रेस और आतंकियों की सोच एक जैसी है। कांग्रेस लश्कर-ए-पाकिस्तान है। भाटिया ने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने प्रधानमंत्री मोदी पर हमला कर पाकिस्तान को संदेश भेजने का भी काम किया है कि पहलगाम आतंकी हमले के बावजूद भी वह उसके साथ है।
भाटिया ने कहा कि यह राहुल गांधी के निर्देश पर ही हुआ है। उन्होंने कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्दरमैया समेत विभिन्न कांग्रेस नेताओं के बयान का हवाला देते हुए कहा कि पहलगाम में जघन्य आतंकी हमले के बाद भी कांग्रेसी नेता पाकिस्तान को बचाने की कोशिश कर रहे हैं।
भाजपा ने ‘सर तन से जुदा’ से जोड़ा
भाजपा ने कांग्रेस की इस पोस्ट को भारत को कमजोर करने की ओछी चाल बताया तो केंद्रीय मंत्री जी किशन रेड्डी ने सीधे राहुल गांधी से सवाल खड़ा किया कि उनके नेतृत्व में कांग्रेस पाकिस्तान के हितों से ज्यादा जुड़ी नजर आ रही है।
वहीं भाजपा आईटी सेल के प्रमुख अमित मालवीय ने ‘सर तन से जुदा’ की मानसिकता से जोड़ दिया। मालवीय ने आरोप लगाया कि मुस्लिम वोटबैंक के लिए कांग्रेस ने प्रधानमंत्री की गरिमा पर हमला किया है। मालवीय के अनुसार कांग्रेस और राहुल गांधी इसके पहले भी प्रधानमंत्री पर इस तरह का अमर्यादित बयानबाजी करते रहे हैं। यहां तक राहुल गांधी भी कई बार प्रधानमंत्री पर हिंसक हमले को सही ठहरा चुके हैं।
कांग्रेस की पोस्ट और गजवा ए हिन्द लिखने वाला एक ही व्यक्ति
उधर निशिकांत दुबे ने प्रधानमंत्री की बिना सिर की तस्वीर और गजवा एक हिन्द (भारत में शरिया शासन) में बिना सिर के शिव की तस्वीर में समानता का उल्लेख किया। निशिकांत दुबे ने कहा कि दोनों तस्वीरों की समानता से साफ है कि कांग्रेस मुस्लिम तुष्टीकरण के लिए गजवा ए हिन्द तक भी जा सकती है।
