गॉल टेस्ट : पंत के अर्धशतक के बाद गेंदबाज निखरे, टीम इंडिया अपने 600वें टेस्ट में जीत से 6 विकेट दूर

गॉल, 18 अगस्त। गॉल इंटरनेशनल स्टेडियम की मुश्किल होती जा रही पिच पर प्रथम टेस्ट के चौथे दिन मंगलवार को अपेक्षानुरूप गेंद व बल्ले के बीच रोमांचक कश्मकश देखने को मिली। इस दौरान यदि बारिश व कम प्रकाश का हस्तक्षेप रहा दो दिनभर में 14 विकेटों के पतन पर दोनों टीमों के बल्लेबाजों ने कुल 277 रन भी बटोरे।

रिकॉर्ड लक्ष्य के सामने श्रीलंका को अंतिम दिन बनाने होंगे 288 रन

अंततः कम रोशनी के चलते अंतिम बार जब स्टंप्स उखाड़े गए तो टीम इंडिया अपने 600वें टेस्ट में जीत से छह विकेट के फासले पर खड़ी थी जबकि 372 रनों के रिकॉर्ड लक्ष्य का पीछा कर रही श्रीलंकाई टीम को मेहमान उम्मीदों पर पानी फेरने के लिए अंतिम दिन और 288 रन बनाने होंगे।

ऋषभ, पडिक्कल व राहुल के सहारे भारत की दूसरी पारी 193 तक पहुंची

भारत ने पहली पारी में अर्जित 178 रनों की मजबूत बढ़त के साथ आज पूर्वाह्न अपनी दूसरी पारी शुरू की तो श्रीलंकाई गेंदबाजों ने बेहतर कंट्रोल दिखाया। इस क्रम में पेसरों ने बीच के सत्र में प्रभावी गेंदबाजी की। फिलहाल ऋषभ पंत ने अपने चिर परिचित अंदाज में जहां पचासा (66 रन, 69 गेंद, 103 मिनट, दो छक्के, आठ चौके) जड़ा वहीं पहली पारी के शतकवीर देवदत्त पडिक्कल (44 रन, 75 गेंद, 126 मिनट, छह चौके) व केएल राहुल (35 गेंद, 47 गेंद, 71 मिनट, दो छक्के, दो चौके) ने भी दृढ़ता दिखाई और मेहमान पारी दूसरे सत्र के तनिक पहले 48.5 ओवरों में 193 रनों पर बंद हुई।

स्कोर कार्ड

श्रीलंका को 372 रनों का बेहद मुश्किल लक्ष्य मिला। यह लक्ष्य गॉल स्टेडियम में टेस्ट क्रिकेट में लक्ष्य का पीछा करते हुए सबसे बड़े स्कोर के रिकॉर्ड से ज्यादा है। यहां अब तक सबसे बड़ा सफल लक्ष्य हासिल करने का रिकॉर्ड पाकिस्तान के नाम है, जिसने 2022 में 344 रनों का लक्ष्य हासिल किया था।

सिराज, सुथार व प्रसिद्ध ने दूसरी पारी में 47 पर 4 बल्लेबाजों को लौटाया

खैर, बारिश की बाधा के बीच अंतिम सत्र में जब श्रीलंकाई पारी शुरू हुई तो मो. सिराज (1-11), मानव सुथार (2-30) व प्रसिद्ध कृष्णा (1-13) निखर उठे। नतीजा यह हुआ कि 47 रनों के भीतर चार मेजबान बल्लेबाज लौट चुके थे। इनमें ओपनर लाहिरु उदारा इगालागामगे (16 रन, 58 गेंद, एक चौका) ही दहाई में पहुंच सके थे।

कप्तान डीसिल्वा व पिछले पारी के शतकवीर दिनुशा क्रीज पर डटे

हालांकि कप्तान धनंजय डीसिल्वा (नाबाद 31 रन, 73 गेंद, तीन चौके) व पहली पारी के शतकवीर सोनल दिनुशा (नाबाद 25 रन, 36 गेंद, चार चौके) ने दृढ़ता दिखाई और बचे 12 ओवरों में कोई अन्य क्षति नहीं होने दी। फिलहाल अंतिम दिन यह देखना दिलचस्प रहेगा भारतीय आक्रमण, विशेष रूप से रवींद्र जडेजा, सुथार व कुलदीप यादव का स्पिन त्रिगुट, श्रीलंकाई बल्लेबाजों को कितनी दूर जाने देता है।

पडिक्कल व राहुल के बीच दूसरे विकेट पर 65 रनों की साझेदारी

भारत की दूसरी पारी देखें तो यशस्वी जायसवाल (शून्य) के असिथा फर्नांडो (4-31) की तीसरी ही गेंद पर लौटने के बाद पडिक्कल व पहली पारी में उनके साथ शतकीय भागीदारी निभाने वाले राहुल ने फिर मोर्चा संभाला और इन दोनों के बीच 65 रनों की साझेदारी आ गई। प्रबाथ जयसूर्या (3-43) ने राहुल का शिकार कर साझेदारी तोड़ी तो मेजबान गेंदबाज अचानक चढ़े नजर आए और 31वें ओवर में स्कोर 5-120 हो गया। इनमें कप्तान शुभमन गिल व ध्रुव जुरेल दहाई तक नहीं पहुंच सके।

पंत ने छठे विकेट पर जडेजा संग जोड़े 54 रन

लेकिन अपना 51वां टेस्ट खेल रहे पंत ने रवींद्र जडेजा (नौ रन, 19 गेंद, 64 मिनट) को सामने वाले छोर पर खड़ा रखते हुए आक्रामक अंदाज दिखाया और खुद 20वां पचासा पूरा करने के साथ 54 रनों की साझेदारी भी कर दी। हालांकि लाहिरु कुमारा (2-28) ने पंत को विकेट के पीछे डिकवेला से कैच कराया तो फिर लाइन लग गई और 19 रनों के भीतर अंतिम पांच बल्लेबाज लौट गए।

RELATED ARTICLES
- Advertisment -

Most Popular