लखनऊ, 4 नवंबर । बहुचर्चित कारोबारी शिवा शर्मा हत्याकांड में फरार आरोपियों की मदद करने वाले ड्राइवर आमिर की तलाश में एसटीएफ ने सीतापुर के महमूदाबाद में छापेमारी की। सोमवार को एसटीएफ की टीम ने पुरानी बाजार स्थित आमिर के पैतृक आवास पर दबिश दी और आसपास रहने वाले लोगों से पूछताछ कर उसके बारे में जानकारी जुटाई। हालांकि, आमिर का कोई सुराग नहीं मिला। जांच में पता चला कि वह करीब डेढ़ दशक पहले अपने परिवार के साथ महमूदाबाद छोड़कर दुबग्गा में रहने लगा था। एसटीएफ अब कई मोबाइल नंबरों को सर्विलांस पर लेकर उसकी तलाश में जुटी है।
हत्या के बाद आमिर ने कार से नेपाल पहुंचाए थे तीनों आरोपी
पुलिस जांच के मुताबिक, शिवा शर्मा की हत्या के बाद 9 अक्टूबर की रात आमिर ने ही मॉडल श्रद्धा दुबे, उसकी बहन रश्मि और ड्राइवर दानिश को कार से सीतापुर के रास्ते बहराइच के रुपईडीहा पहुंचाया था। वहां शुक्ला पार्किंग में कार खड़ी करने के बाद तीनों को नेपाल पहुंचाने में मदद की थी। अब तक की जांच में आमिर को आरोपियों की फरारी के दौरान मदद करने वाला अहम व्यक्ति माना जा रहा है।
नेपाल में ठिकाने बदलते रहे आरोपी, नागपुर से हुई थी गिरफ्तारी
जांच के दौरान पुलिस को जानकारी मिली थी कि तीनों आरोपी नेपाल पहुंचने के बाद लगातार अपने ठिकाने बदल रहे थे। उनकी तलाश में यूपी एसटीएफ, लखनऊ पुलिस और नागपुर पुलिस की संयुक्त टीम ने 20 अक्टूबर को नागपुर में कार्रवाई करते हुए श्रद्धा दुबे, रश्मि और दानिश को गिरफ्तार कर लिया था।
फरारी में मदद करने वालों की भूमिका खंगाल रही पुलिस
तीनों आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद अब पुलिस और एसटीएफ उनकी फरारी के दौरान मदद करने वाले अन्य लोगों की भूमिका की जांच कर रही है। इसी कड़ी में आमिर की तलाश तेज कर दी गई है। एसटीएफ उसके पुराने ठिकानों, संपर्कों और मोबाइल नंबरों के आधार पर उसकी लोकेशन पता लगाने में जुटी है।


