मुंबई, 26 जून। राम मंदिर चढ़ावा विवाद को लेकर सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। शिवसेना (यूबीटी) के राज्यसभा सांसद संजय राउत ने शुक्रवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में मामले को लेकर केंद्र और राम मंदिर ट्रस्ट पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि चढ़ावे में कथित गड़बड़ी के मुख्य आरोपी अब भी गिरफ्त से बाहर हैं और इस मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
राम मंदिर चढ़ावा मामले में आठ लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज होने का हवाला देते हुए राउत ने कहा कि असली जिम्मेदार लोगों पर अब तक कार्रवाई नहीं हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि मंदिर के धन का दुरुपयोग राजनीतिक उद्देश्यों के लिए किया गया। हालांकि, उन्होंने अपने आरोपों के समर्थन में कोई सार्वजनिक साक्ष्य पेश नहीं किया।
इस दौरान संजय राउत ने शिवसेना (यूबीटी) के सांसदों के एकनाथ शिंदे गुट में शामिल होने के मुद्दे पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कथित “ऑपरेशन टाइगर” पर कटाक्ष करते हुए कहा कि इससे पार्टी को कोई नुकसान नहीं हुआ। राउत ने कहा, “हम आज भी टाइगर हैं। जो लोग पार्टी छोड़कर गए हैं, वे टाइगर नहीं हैं। शिवसेना के वफादार कार्यकर्ता आज भी हमारे साथ खड़े हैं।”
उन्होंने आगे कहा कि शिवसेना (यूबीटी) महाराष्ट्र के विभिन्न क्षेत्रों का दौरा कर अपने कार्यकर्ताओं से मुलाकात करेगी। उनके अनुसार, पार्टी के अधिकांश कार्यकर्ता अब भी संगठन के साथ मजबूती से जुड़े हुए हैं।
संजय राउत ने एकनाथ शिंदे गुट पर भी निशाना साधते हुए कहा कि शिवसेना उनकी पार्टी है और विरोधी गुट को पहले अपने नाम और चुनाव चिन्ह पर जनता का समर्थन हासिल करना चाहिए। उन्होंने दावा किया कि पार्टी के वफादार कार्यकर्ता उनके साथ हैं और पार्टी संगठन को मजबूत करने का अभियान लगातार जारी रहेगा।

