नेपाल बाढ़ त्रासदी : चिलिमे जलविद्युत परियोजना स्थल पर भारतीय सुरंग बचाव टीम को मिली शुरुआती सफलता

काठमांडू, 5 सितम्बर। नेपाल के बाढ़ प्रभावित रसुवा जिले के चिलिमे सुरंग में फंसे लोगों को बचाने के लिए नेपाल सेना के साथ काम कर रही भारतीय सुरंग बचाव टीम को शुरुआती सफलता मिली है और उसने एक अस्थायी रास्ता बनाया है, ताकि प्रभावित इलाकों तक और भारी उपकरण पहुंचाए जा सकें।

अधिकारियों ने शनिवार को को बताया कि बचाव टीम ने शुक्रवार को पानी निकालने के लिए और गहराई तक खुदाई की क्योंकि पानी की वजह से बचाव कार्यों में बाधा आ रही थी।

नेपाल में भारत के राजदूत नवीन श्रीवास्तव ने शनिवार को सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘भारतीय सुरंग बचाव टीम ने नेपाली सेना के साथ मिलकर कल चिलिमे सुरंग में और गहराई तक खुदाई की तथा पानी बाहर निकाला। सुरंग तक और भारी उपकरण पहुंचाने के लिए एक अस्थायी रास्ता भी बनाया जा रहा है, और टीम के साथ आए चिकित्सकों ने स्थानीय लोगों के लिए एक स्वास्थ्य शिविर भी लगाया।’

उल्लेखनीय है कि नेपाल में गत 26 अगस्त को अचानक आई भयावह बाढ़ के बाद हिमालयी देश की मदद के लिए भारत ने विशेष टीमें भेजी हैं। इस बाढ़ ने देश के उत्तरी और मध्य हिस्सों में भारी तबाही मचाई, जिसमें अब तक 1,344 लोगों की मौत हो चुकी है और हजारों लोग अब भी लापता हैं। सैकड़ों घर, सड़कें, पुल व पनबिजली परियोजनाएं नष्ट हो चुकी हैं।

भारत और चीन की विशेषज्ञ टीमें नेपाल की बचाव टीमों की मदद कर रही हैं ताकि उन मजदूरों और कर्मचारियों का पता लगाया जा सके, जो आपदा के बाद से अलग-अलग जल विद्युत परियोजना स्थलों पर लापता हैं। माना जा रहा है कि उनमें से कई सुरंग के अंदर फंसे हुए हैं। चिलिमे जलविद्युत परियोजना स्थल रसुवा जिले के स्याब्रूबेसी गांव के पास स्थित है, जो अचानक आई बाढ़ से बुरी तरह प्रभावित हुआ था।

RELATED ARTICLES
- Advertisment -

Most Popular