कोटद्वार विवाद में मोहम्मद दीपक’ ने पुलिस कार्रवाई पर उठाए सवाल, कहा- मुझे समझ नहीं आता मेरे खिलाफ केस क्यों हुआ
कोटद्वार (पौड़ी), 3 फरवरी। उत्तराखंड के कोटद्वार में एक मुस्लिम दुकानदार के समर्थन में आकर चर्चा में आए ‘मोहम्मद दीपक’ उर्फ अक्की ने अपने खिलाफ दर्ज हुई एफ़आईआर (FIR) पर गहरी हैरानी जताई है। दीपक ने पुलिस की कार्रवाई को कटघरे में खड़ा करते हुए कहा है कि विवाद की शुरुआत दूसरे पक्ष की ओर से की गई थी।
‘इंसान की पहचान धर्म से नहीं होनी चाहिए’ सोशल मीडिया पर वायरल हुए अपने नाम ‘मोहम्मद दीपक’ के पीछे की वजह साफ करते हुए उन्होंने कहा, “मैंने खुद को मोहम्मद दीपक इसलिए बताया क्योंकि मेरा मानना है कि किसी भी इंसान की पहचान केवल उसके धर्म से तय नहीं होनी चाहिए।”
उन्होंने आगे स्पष्ट किया कि वे किसी राजनीतिक दल से नहीं जुड़े हैं, बल्कि एक मानवीय विचारधारा का समर्थन करते हैं। फिटनेस के प्रति अपने लगाव को जोड़ते हुए उन्होंने कहा कि ‘हनुमान’ हर जिम जाने वाले के लिए मेहनत की प्रेरणा और आदर्श हैं।
क्या था पूरा मामला?
यह विवाद 26 जनवरी को तब शुरू हुआ जब कुछ लोग एक मुस्लिम दुकानदार पर अपनी दुकान का नाम बदलने का दबाव बना रहे थे। दीपक ने इस दबाव का विरोध किया, जिसके बाद मामला बढ़ गया और यह घटना सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गई। स्थिति को बिगड़ता देख पुलिस ने मौके पर पहुँचकर नियंत्रण पाया था।
पुलिस की कार्रवाई और दर्ज मुकदमे
पौड़ी ज़िले के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) सर्वेश पंवार ने बताया कि इस प्रकरण में दोनों पक्षों की शिकायतों के आधार पर कार्रवाई की गई है।
पहला पक्ष : दीपक कुमार उर्फ अक्की, विजय रावत और अन्य के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 115(2), 191(1), 351(2) और 352 के तहत मामला दर्ज किया गया है।
दूसरा पक्ष : भीड़ द्वारा माहौल बिगाड़ने और बाहर (देहरादून) से आकर विवाद करने के मामले में 30 से 40 अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। पुलिस का कहना है कि उन्होंने घटना का स्वतः संज्ञान लेते हुए शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए यह कदम उठाया है। फिलहाल प्रशासन पूरे इलाके पर पैनी नजर रखे हुए है।
