नई दिल्ली, 12 अक्टूबर। मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ उठे जबर्दस्त राजनीतिक तूफान के बीच भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने मतदाता सूची की विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया के बाद सोमवार को पंजाब के सभी 117 विधानसभा क्षेत्रों के लिए अंतिम वोटर लिस्ट जारी कर दी। नई सूची में 13.60 लाख से ज्यादा मतदाताओं के नाम हटा दिए गए।
पंजाब में 25 जून को शुरू की गई थी SIR की प्रक्रिया
चुनाव आयोग के निर्देशों और 14 मई, 2026 की अधिसूचना के अनुसार, पंजाब में 2026 के लिए वोटर लिस्ट के SIR की प्रक्रिया 25 जून, 2026 को शुरू की गई थी। पंजाब को इस ‘स्पेशल इंटेंसिव रिविज़न’, 2026 के तीसरे चरण में शामिल किया गया था। 9 जून, 2026 तक पंजाब में कुल 2,14,61,043 रजिस्टर्ड वोटर थे।
वोटर लिस्ट में कुल 7,97,263 नए वोटर जोड़े गए
संशोधित लिस्ट के अनुसार, अब पंजाब में 2,01,00,727 वोटर हैं, जबकि SIR प्रक्रिया की शुरुआत में यह संख्या 2,14,61,043 थी। वोटर लिस्ट में कुल 7,97,263 नए वोटर जोड़े गए, जबकि रिविज़न प्रक्रिया के दौरान 13,60,316 नाम हटा दिए गए।
35.49 लाख से ज्यादा वोटरों को नोटिस जारी की गई
आयोग की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार प्रक्रिया के दौरान जिन 35,49,036 वोटरों को नोटिस जारी की गई थी, उनमें से 86,038 को वेरिफिकेशन और ‘स्पीकिंग ऑर्डर’ जारी होने के बाद अयोग्य घोषित कर दिया गया।
ड्राफ्ट वोटर लिस्ट में 1,93,94,435 वोटर थे जबकि अंतिम लिस्ट में वोटरों की संख्या बढ़कर 2,01,00,727 हो गई है, जो 3.64 प्रतिशत की बढ़ोतरी को दिखाता है। अंतिम वोटर लिस्ट में 1,03,76,026 पुरुष वोटर, 97,24,195 महिला वोटर और 506 थर्ड-जेंडर वोटर शामिल हैं।
वोटरों के लिए आसानी से पहुंच सुनिश्चित करने के मकसद से सभी जिलों में पोलिंग स्टेशनों को तर्कसंगत बनाया गया, जिसके परिणामस्वरूप पोलिंग स्टेशनों की कुल संख्या 24,453 से बढ़कर 25,332 हो गई।


