वॉशिंगटन, 3 जनवरी। अमेरिका की अटॉर्नी जनरल पामेला बोंडी ने शनिवार को कहा कि वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस पर न्यूयॉर्क के दक्षिणी जिले में आरोप लगाए गए हैं, जिसमें उन पर अमेरिका के खिलाफ ड्रग्स और हथियारों से जुड़े गंभीर अपराधों का आरोप है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट में बोंडी ने कहा कि ये आरोप वेनेजुएला के नेतृत्व को कथित नार्को-टेररिज्म गतिविधियों के लिए जवाबदेह ठहराने की दिशा में एक बड़ा कदम है।
बोंडी के अनुसार मादुरो पर कई आरोप हैं, जिनमें नार्को-टेररिज्म साजिश, कोकीन आयात साजिश, संयुक्त राज्य अमेरिका के खिलाफ मशीनगन और विनाशकारी डिवाइस रखने की साजिश शामिल है। उन्होंने इसे एक सफल मिलिट्री ऑपरेशन करार देते हुए कहा कि मादुरो और फ्लोरेस दोनों पर अमेरिकी अदालतों में मुकदमा चलाया जाएगा। उन्होंने कहा, ‘वे जल्द ही अमेरिकी धरती पर अमेरिकी अदालतों में अमेरिकी न्याय के पूरे गुस्से का सामना करेंगे।’
Nicolas Maduro and his wife, Cilia Flores, have been indicted in the Southern District of New York. Nicolas Maduro has been charged with Narco-Terrorism Conspiracy, Cocaine Importation Conspiracy, Possession of Machineguns and Destructive Devices, and Conspiracy to Possess…
— Attorney General Pamela Bondi (@AGPamBondi) January 3, 2026
ट्रंप, अमेरिकी सेना की तारीफ
अटॉर्नी जनरल ने जवाबदेही के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को श्रेय दिया और ऑपरेशन को अंजाम देने के लिए सेना की तारीफ की। बोंडी ने कहा, ‘पूरे अमेरिकी DOJ की ओर से, मैं राष्ट्रपति ट्रंप को अमेरिकी लोगों की ओर से जवाबदेही की मांग करने का साहस दिखाने के लिए धन्यवाद देना चाहती हूं। हमारे बहादुर सैनिकों को बहुत-बहुत धन्यवाद, जिन्होंने इन दो कथित अंतरराष्ट्रीय नार्को तस्करों को पकड़ने के लिए यह अविश्वसनीय और बहुत सफल मिशन चलाया।’
अमेरिका ने वेनेजुएला पर बड़े पैमाने पर हमला किया
अमेरिकी अधिकारियों ने बताया कि अमेरिका ने शनिवार तड़के वेनेजुएला पर बड़े पैमाने पर हमला किया, जिसमें राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी सीलिया फ्लोरेस को पकड़ लिया गया और उन्हें देश से बाहर ले जाया गया। यह एक नाटकीय रातभर का सैन्य अभियान था, जिसकी घोषणा राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया पर की थी।
ट्रंप ने हमले के घंटों बाद इस काररवाई का खुलासा किया, इसे अमेरिकी कानून प्रवर्तन के साथ एक संयुक्त अभियान बताया। उन्होंने कहा कि और जानकारी बाद में दी जाएगी और दिन में बाद में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की घोषणा की।
अमेरिकी उप विदेश मंत्री क्रिस्टोफर बोले – ‘तानाशाह चला गया‘
वहीं अमेरिकी उप विदेश मंत्री क्रिस्टोफर लैंडौ ने मादुरो की गिरफ्तारी को ‘वेनेजुएला के लिए एक नई सुबह’ बताया और कहा कि तानाशाह चला गया है। विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने पहले के बयानों को फिर से पोस्ट किया, जिसमें मादुरो की वैधता पर सवाल उठाया गया था जबकि सीनेटर माइक ली ने कहा कि रुबियो ने उन्हें बताया कि मादुरो को अमेरिकी कर्मियों द्वारा गिरफ्तार किया गया है ताकि अमेरिका में उन पर मुकदमा चलाया जा सके।
वेनेजुएला ने मादुरो के जीवित होने का सबूत मांगा
उधर वेनेजुएला की उपराष्ट्रपति डेल्सी रॉड्रिग्ज ने कहा कि सरकार को मादुरो और फ्लोरेस के ठिकाने के बारे में नहीं पता है और उन्होंने उनके जीवित होने का सबूत मांगा है। रॉड्रिग्ज ने कहा, ‘हम जीवित होने का सबूत मांगते हैं।’
विपक्ष का टिप्पणी से इनकार
इसी क्रम में वेनेजुएला की विपक्षी नेता मारिया कोरिना मचाडो के प्रवक्ताओं ने अमेरिकी ऑपरेशन पर टिप्पणी करने से इनकार कर दिया। मचाडो को आखिरी बार पिछले माह सार्वजनिक रूप से देखा गया था, जब वह लगभग एक साल तक छिपे रहने के बाद नॉर्वे गई थीं, जहां उन्हें नोबेल शांति पुरस्कार मिला था।

