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नार्वे शतरंज : प्रज्ञानानंद ने विश्व नंबर एक कार्लसन को मात दी, विश्व विजेता गुकेश का खराब फॉर्म जारी

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ओस्लो, 28 मई। युवा भारतीय ग्रैंडमास्टर रमेशबाबू प्रज्ञानानंद ने यहां नॉर्वे शतरंज टूर्नामेंट के तीसरे दौर में दुनिया के नंबर एक खिलाड़ी स्वीडिश मैग्नस कार्लसन को रोमांचक कश्मकश में हराकर पूरे तीन अंक ले लिए। लेकिन मौजूदा फिडे विश्व चैम्पियन डी. गुकेश का खराब फॉर्म जारी रहा, जिन्हें बाजी बराबरी पर छूटने के बाद अलीरजा फिरोजा ने आर्मागेडोन (सडेन डेथ टाइब्रेकर) पर हराया।

इस वर्ष टूर्नामेंट में कार्लसन चिर परिचित फॉर्म में नहीं दिख रहे थे, लेकिन सात बार के चैम्पियन को उसके देश में हराना विश्व शतरंज की सबसे बड़ी उपलब्धियों में से एक है । बुखारेस्ट में सुपरबेट शतरंज क्लासिक रूमेनिया में शानदार प्रदर्शन करके यहां आए प्रज्ञानानंद ने वही लय बरकरार रखी। प्रज्ञानानंद ने 2024 में इसी टूर्नामेंट में क्लासिकल प्रारूप में पहली बार कार्लसन को हराया था।

प्रज्ञानानंद 4.5 अंक लेकर दूसरे स्थान पर, फिरोजा शीर्षस्थ

प्रज्ञाननंद के इस जीत के बाद 4.5 अंक हो गए हैं और वह दूसरे स्थान पर हैं। फिरोजा 7.5 अंक लेकर शीर्ष पर हैं। गुकेश के 3.5 अंक हैं और वह छह खिलाड़ियों के ओपन वर्ग में चौथे स्थान पर हैं। कार्लसन 1.5 अंक लेकर छठे स्थान पर है।

फिरोजा की बात करें तो वह रूमेनिया में लगी चोट के कारण ह्वीलचेयर पर आयोजन स्थल से गए और मून बूट पहनकर आए थे। उन्हें दर्द हो रहा था, लेकिन उससे पार पाते हुए उन्होंने शानदार प्रदर्शन किया। वहीं शुक्रवार को 20वां जन्मदिन मनाने के लिए तैयार गुकेश का खराब फॉर्म चिंता का सबब है क्योंकि उन्हें इस वर्ष के आखिर में जावोखिर सिंडारोव के खिलाफ विश्व चैम्पियनशिप मुकाबला खेलना है।

जीत के बाद बोले प्रज्ञानानंद – इस जीत में जश्न मनाने जैसा कुछ नहीं

प्रज्ञानानंद ने जीत के बाद कहा, ‘इस जीत में जश्न मनाने जैसा कुछ नहीं है। यह सिक्के की उछाल जैसा है, जिसमें मैं भी जीत सकता था और मैग्नस भी। मुझे इस प्रदर्शन पर बहुत गर्व नहीं है, लेकिन खुश हूं कि पहले हाफ में अच्छा खेला, लेकिन टाइम कंट्रोल में बाजी किसी भी तरफ जा सकती थी।’ अब कार्लसन का सामना गुकेश से होगा।

महिला वर्ग में दिव्या जीतीं, हम्पी परास्त

उधर महिला वर्ग में दिव्या देशमुख ने टूर्नामेंट में तीसरी बार आर्मागेडोन पर जीत दर्ज की और इस बार बिबिसेरा असायुबायेवा को हराया। अब वह 4.5 अंक लेकर दूसरे स्थान पर है जबकि बिबिसेरा उनसे एक अंक आगे हैं। दो बार की विश्व रैपिड चैम्पियन कोनेरू हम्पी को गत चैम्पियन अन्ना मुजिचुक ने हराया। हम्पी दो अंक लेकर छठे स्थान पर है।

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