कोलकाता, 22 अगस्त। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुक्रवार को बिहार के बाद पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता पहुंचे, जहां उन्होंने 5,200 करोड़ रुपये से अधिक की कई विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। इनमें कोलकाता मेट्रो की नई लाइनों की शुरुआत, नई सबवे सुविधाएं और 7.2 किलोमीटर लंबे छह लेन वाले कोना एक्सप्रेसवे का निर्माण शामिल है, जिसकी लागत लगभग 1,200 करोड़ रुपये है।
नोआपाड़ा से जय हिंद विमानबंदर मेट्रो सेवा की यात्रा भी की
प्रधानमंत्री ने नोआपाड़ा से जय हिंद विमानबंदर मेट्रो सेवा की यात्रा भी की इस दौरान आम लोगों से बातचीत की। उन्होंने बताया कि नई परियोजनाएं कोलकाता के परिवहन तंत्र को आधुनिक बनाएंगी और यात्रियों को आसान और तेज यात्रा सुविधा देंगी। नई मेट्रो लाइनों में 13.61 किमी लंबा नेटवर्क शामिल है, जिसमें सात नए स्टेशन जोड़े जा रहे हैं।
नई मेट्रो सेवाओं में सियालदह-एस्प्लेनेड मार्ग भी शामिल
नई मेट्रो सेवाओं में सियालदह-एस्प्लेनेड मार्ग भी शामिल है, जिससे सफर का समय 40 मिनट से घटकर सिर्फ 11 मिनट रह जाएगा। इसके अलावा, बेलेघाटा-हेमंता मुखोपाध्याय मेट्रो सेक्शन आईटी हब की कनेक्टिविटी को बेहतर बनाएगा। इन सेवाओं से रोजाना लाखों यात्रियों को फायदा होगा और कोलकाता एयरपोर्ट तक पहुंचना भी आसान होगा। वहीं कोना एक्सप्रेसवे के निर्माण से हावड़ा, आसपास के ग्रामीण इलाकों और कोलकाता के बीच कनेक्टिविटी बेहतर होगी। इससे व्यापार, पर्यटन और आवागमन में बड़ा सुधार होगा।
Speaking at the inauguration of key metro projects in Kolkata. This marks a big step towards improved urban mobility and seamless connectivity. https://t.co/6zG2MSb99Y
— Narendra Modi (@narendramodi) August 22, 2025
21वीं सदी के भारत को 21वीं सदी की परिवहन व्यवस्था की जरूरत
पीएम मोदी ने इस अवसर पर कहा, ‘21वीं सदी के भारत को 21वीं सदी की परिवहन व्यवस्था की जरूरत है। इसलिए देशभर में रेल, सड़क, मेट्रो और एयरपोर्ट को आधुनिक और आपस में जुड़ा हुआ बनाया जा रहा है।’ उन्होंने बताया कि 2014 से पहले भारत में केवल 250 किलोमीटर मेट्रो नेटवर्क था, जो अब बढ़कर 1,000 किलोमीटर से अधिक हो गया है, और भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा मेट्रो नेटवर्क बन गया है।
पश्चिम बंगाल में अब शत-प्रतिशत रेलवे विद्युतीकरण
प्रधानमंत्री ने बताया कि पश्चिम बंगाल में अब शत-प्रतिशत रेलवे विद्युतीकरण हो चुका है। राज्य में नौ वंदे भारत ट्रेनें और दो अमृत भारत ट्रेनें भी चल रही हैं। उन्होंने यह भी बताया कि पुरुलिया और हावड़ा के बीच मेमू ट्रेन की पुरानी मांग को भी सरकार ने पूरा किया है। कार्यक्रम में पश्चिम बंगाल के राज्यपाल डॉ. सी.वी. आनंद बोस, केंद्रीय मंत्री शांति ठाकुर, रवनीत सिंह बिट्टू और डॉ. सुकांत मजूमदार समेत कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।

