नई दिल्ली, 23 अप्रैल। विदेश मंत्रालय (MEA) ने गुरुवार को जानकारी दी कि पिछले कुछ हफ्तों में 14 भारतीय जहाज होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को सुरक्षित पार कर चुके हैं जबकि 14 अन्य जहाज अब भी पर्शियन गल्फ में मौजूद हैं। एमईए के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने यहां साप्ताहिक प्रेस ब्रीफिंग के दौरान कहा कि स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और भारतीय जहाजों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है।
रणनीतिक क्षेत्र में बढ़ा तनाव
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज दुनिया के सबसे अहम समुद्री मार्गों में से एक है, जहां से वैश्विक तेल व्यापार का बड़ा हिस्सा गुजरता है। पश्चिम एशिया में जारी तनाव के चलते इस क्षेत्र की स्थिति और संवेदनशील हो गई है।
ईरान द्वारा जहाज पर हमले का दावा
मीडिया में जारी खबरों के अनुसार, ईरान ने हाल ही में इस क्षेत्र में एक जहाज पर हमला किया, जो भारत के मुंद्रा पोर्ट की ओर जा रहा था। यह हमला ऐसे समय में हुआ जब कुछ ही घंटे पहले डोनाल्ड ट्रंप ने युद्धविराम की घोषणा की थी।
आईआरजीसी-एन की काररवाई और जहाजों की पहचान
ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स नेवी (आईआरजीसी-एन) ने दो जहाजों पर काररवाई का दावा किया। इनमें “MSC Francesca” और “Epaminondas” शामिल बताए गए हैं। शिप ट्रैकिंग डेटा के मुताबिक, एपामिनोंडास दुबई के जेबेल अली पोर्ट से मुंद्रा की ओर जा रहा था।
भारत ने जताई कड़ी आपत्ति
घटना के बाद भारत ने ईरान के समक्ष कड़ा विरोध दर्ज कराया। भारत में ईरान के राजदूत मोहम्मद फथाली को विदेश मंत्रालय ने तलब कर भारतीय जहाजों पर हमले को गंभीर मुद्दा बताया।
नाविकों और जहाजों की सुरक्षा पर जोर
विदेश मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि भारत अपने जहाजों और नाविकों की सुरक्षा को लेकर बेहद गंभीर है। साथ ही ईरान से अपील की गई है कि वह भारतीय जहाजों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करे और स्थिति को जल्द सामान्य बनाए।

