कोलकाता, 2 जून। तृणमूल कांग्रेस (TMC) की अध्यक्ष और पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने मंगलवार को अपने सांसद भतीजे अभिषेक बनर्जी एवं कल्याण बनर्जी समेत पार्टी नेताओं पर हमलों के विरोध में कोलकाता में सड़क पर उतरकर विरोध प्रदर्शन शुरू किया।
UNSTOPPABLE. FEARLESS. UNMATCHED.@MamataOfficial stands tall among her people, embraced by their unwavering love, trust and support.
Today, thousands gathered at the protest site in a powerful display of solidarity with our Hon'ble Chairperson and to unequivocally condemn the… pic.twitter.com/BS5xrTRW6T
— All India Trinamool Congress (@AITCofficial) June 2, 2026
रानी राशमणि एवेन्यू में प्रदर्शन शुरू करने से पहले, बनर्जी ने भारत रत्न डॉ. बीआर अंबेडकर की प्रतिमा पर श्रद्धांजलि अर्पित की। बनर्जी ने पार्टी नेताओं डोला सेन और कल्याण बनर्जी के साथ अंबेडकर की प्रतिमा पर फूल चढ़ाए। प्रदर्शन के लिए जाने से पहले बनर्जी को भारत के संविधान पर एक पुस्तक पकड़े हुए भी देखा गया।
यह विरोध मुख्य रूप से चुनाव के बाद हिंसा से जुड़ी घटनाओं और दूसरे मुद्दों में अपने नेताओं पर लक्षित हमलों के खिलाफ है। यह विरोध पश्चिम बंगाल में प्रभावित इलाकों के दौरे के दौरान अभिषेक बनर्जी और पार्टी सांसद कल्याण बनर्जी पर कथित हमलों के बाद बढ़े हुए राजनीतिक तनाव के बीच हो रहा है।
Bengal govt refused permission for @MamataOfficial for dharna. But you CAN’T STOP HER. From a bus stand on the streets of Kolkata leading us all-fighting for rights of hawkers evicted illegally, post poll violence & atrocities
Shot this on my phone at the highly emotive dharna pic.twitter.com/3u2cWdeEJx— Derek O'Brien | ডেরেক ও'ব্রায়েন (@derekobrienmp) June 2, 2026
इससे पहले सोमवार को ममता बनर्जी ने इन घटनाओं की कड़ी आलोचना की थी और उन्हें ‘बेतुका और तानाशाही वाला व्यवहार’ कहा था। उन्होंने सत्तारूढ़ भाजपा पर प्रहार करते हुए कहा था, ‘जिस तरह से आपने दूसरी सबसे बड़ी विपक्षी पार्टी के सांसद पर हमला किया, वह चौंकाने वाला है। डॉक्टरों को बुलाया गया, फिर भी अस्पतालों को कथित तौर पर इलाज न करने का निर्देश दिया गया। यह किस तरह का बेतुका और तानाशाही वाला व्यवहार है।’
ममता ने भाजपा पर आरोप लगाया कि पार्टी को कमजोर करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा, ‘आप कुछ विधायक और सांसद को डराकर या रिश्वत देकर पार्टी को कमजोर नहीं कर सकते। असल में, इससे पार्टी और मजबूत ही होगी।’ टीएमसी प्रमुख ने यह भी चेतावनी दी कि यदि उनकी पार्टी को कोलकाता में विरोध प्रदर्शन करने की इजाजत नहीं दी गई तो वह आंदोलन को राष्ट्रीय राजधानी तक ले जाएंगी।
THE CROWD SAYS IT ALL!
The love and affection for @MamataOfficial is ORGANIC, GENUINE AND UNMATCHED.
No amount of propaganda can manufacture this kind of connection with the people. It is built on years of trust, compassion and unwavering commitment to Bengal. pic.twitter.com/38tSeu0utZ
— All India Trinamool Congress (@AITCofficial) June 2, 2026
उन्होंने कहा था, ‘यदि आप चाहें तो मुझे गिरफ्तार कर लें। टीएमसी दो जून को पुलिस की इजाजत, माइक्रोफोन या स्टेज के बिना भी अपना विरोध प्रदर्शन करेगी। यदि हमें कोलकाता में विरोध प्रदर्शन करने की इजाजत नहीं मिली तो हम दिल्ली में विरोध करेंगे।’
पार्टी सांसद कल्याण बनर्जी ने यह भी आरोप लगाया है कि डेप्युटेशन जमा करते समय चंडीतला पुलिस स्टेशन के पास ‘हत्या की कोशिश’ में वे बच गए थे। इस बीच, पुलिस ने अभिषेक बनर्जी पर कथित हमले के सिलसिले में पांच लोगों को गिरफ्तार किया है। मामले की जांच चल रही है।

