नई दिल्ली, 8 अप्रैल। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने केरलम में विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान गुजरातियों को ‘अशिक्षित’ कहने के लिए बुधवार को खेद प्रकट किया और कहा कि उनके मन में गुजराती जनता के प्रति बहुत सम्मान है।
उल्लेखनीय है कि खरगे ने गत रविवार (5 अप्रैल) को केरलम विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान एक भाषण में गुजरात के लोगों को ‘अशिक्षित’ बताया था। उन्होंने कहा था कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उन्हें बेवकूफ बना रहे हैं। कांग्रेस अध्यक्ष ने चुनावी सभा में कहा था, ‘केरल के लोगों को गुमराह मत कीजिए। वे बहुत चतुर और शिक्षित हैं। मोदी जी, विजयन, आप दोनों गुजरात या अन्य जगहों के अशिक्षित लोगों को मूर्ख बना सकते हैं, लेकिन केरल के लोगों को मूर्ख नहीं बना सकते।’
‘गुजरात के लोगों की भावनाओं को आहत करना मेरा कभी उद्देश्य नहीं था’
अपनी गलती का एहसास होने के बाद मल्लिकार्जुन खरगे ने बुधवार को X पर पोस्ट में कहा, ‘हाल ही में केरल में दिए गए मेरे एक चुनावी भाषण की कुछ टिप्पणियों को जान बूझकर गलत तरीके से पेश किया जा रहा है। फिर भी, मैं अपनी तरफ से जिम्मेदारी के साथ खेद व्यक्त करता हूं। गुजरात के लोगों के प्रति मेरे मन में सर्वोच्च सम्मान रहा है और हमेशा रहेगा। वहां के लोगों की भावनाओं को आहत करना मेरा कभी उद्देश्य नहीं था।’
Some remarks of mine in a recent election speech in Kerala are being deliberately misinterpreted. Even so, I express my sincere regret. It was never my intention to hurt the sentiments of the people of Gujarat for whom I have always had and will continue to have the highest of…
— Mallikarjun Kharge (@kharge) April 8, 2026
फिलहाल खरगे की इस टिप्पणी पर पलटवार करते हुए भारतीय जनता पार्टी ने इसे गुजरात और उत्तर भारत के लोगों का अपमान बताया था। भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष को बताना चाहिए कि महात्मा गांधी, सरदार वल्लभभाई पटेल, जवाहरलाल नेहरू, इंदिरा गांधी, राजीव गांधी और गुजरात, उत्तर प्रदेश तथा उत्तर भारत के अन्य हिस्सों से आने वाले कांग्रेस के सभी प्रमुख नेताओं की बुद्धिमत्ता पर उनकी क्या राय है।
गुजराती समूहों ने भी किया प्रदर्शन
वहीं गुजराती समुदाय के सदस्यों ने कांग्रेस अध्यक्ष की हालिया टिप्पणी के विरोध में बुधवार को राष्ट्रीय राजधानी में कांग्रेस मख्यालय के बाहर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने ‘अपमान की राजनीति बंद करो’ और ‘गुजरात जाग चुका है’ जैसे नारे लगाए। प्रदर्शनकारियों ने गुजराती समुदाय के खिलाफ कथित अपमानजनक टिप्पणियों पर रोष व्यक्त किया। भाजपा के नेताओं और गुजराती संगठनों के सदस्यों ने प्रदर्शन में भाग लिया। उन्होंने कांग्रेस नेतृत्व से माफी की मांग की।
प्रदर्शनकारियों ने कांग्रेस नेतृत्व से माफी की मांग की
गुजरात के वंसदा से भारतीय जनता पार्टी के विधायक धवल पटेल ने आरोप लगाया कि ये टिप्पणियां विपक्षी नेताओं द्वारा गुजराती लोगों का अपमान करने के एक पैटर्न को दर्शाती हैं। उन्होंने कांग्रेस नेता राहुल गांधी और अन्य के पूर्व के बयानों का हवाला देते हुए दावा किया कि ऐसी टिप्पणियों ने देशभर में समुदाय की भावनाओं को ठेस पहुंचाई है।
आणंद से सांसद मितेश पटेल ने कहा कि सामुदायिक समूहों की अपील के बाद गुजराती लोग दिल्ली में एकत्रित हुए हैं। महात्मा गांधी और सरदार वल्लभभाई पटेल जैसे नेताओं के योगदान का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि गुजरात ने देश के इतिहास और विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि खरगे के बयान के खिलाफ देश के विभिन्न हिस्सों में प्रदर्शन हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह प्रदर्शन तब तक जारी रहेगा, जब तक खरगे और अन्य कांग्रेस नेता माफी नहीं मांग लेते।

