देहरादून, 6 जुलाई। उत्तराखंड में सोमवार रात से जारी मूसलाधार बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। लगातार वर्षा के कारण कई स्थानों पर भूस्खलन हुआ है, जिससे बद्रीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग सहित कई प्रमुख सड़कें बंद हो गई हैं। वहीं, मौसम की गंभीर स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने प्रभावित जिलों में स्कूल बंद रखने के आदेश जारी किए हैं। अधिकारियों के अनुसार, भानारपानी, गुलाबकोटी और बिरही-निजमूला समेत कई स्थानों पर मलबा और लगातार पत्थर गिरने से बद्रीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग अवरुद्ध हो गया है। सुरक्षा के मद्देनजर इन मार्गों पर वाहनों की आवाजाही अस्थायी रूप से रोक दी गई है, जबकि सड़कों को साफ करने का कार्य युद्धस्तर पर जारी है।
रुद्रप्रयाग जिले में गढ़वाल क्षेत्र के ऊपरी इलाकों में लगातार भारी बारिश के चलते अलकनंदा नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ गया है। इसके कारण नमामी घाट पूरी तरह जलमग्न हो गया। जिला प्रशासन के मुताबिक सोमवार को अलकनंदा नदी का जलस्तर समुद्र तल से 622.90 मीटर दर्ज किया गया, जो लगातार बढ़ रहा है। मौसम विभाग द्वारा जारी ऑरेंज अलर्ट को देखते हुए कुमाऊं मंडल के सभी सरकारी, गैर-सरकारी और मान्यता प्राप्त निजी स्कूलों में कक्षा 1 से 12 तक के छात्रों के लिए अवकाश घोषित किया गया है।
जिला प्रशासन ने बताया कि अवरुद्ध सड़कों को जल्द से जल्द खोलने के लिए मशीनों और राहत दलों को तैनात किया गया है। साथ ही लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने और नदियों, नालों तथा भूस्खलन संभावित क्षेत्रों के आसपास विशेष सतर्कता बरतने की अपील की गई है। इधर, पहाड़ी जिलों में लगातार खराब मौसम को देखते हुए पिथौरागढ़ जिला प्रशासन ने आदि कैलाश और ओम पर्वत यात्रा को अगले आदेश तक अस्थायी रूप से स्थगित कर दिया है। तीर्थयात्रियों और वाहनों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए इनर लाइन परमिट जारी करने की प्रक्रिया भी तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दी गई है। प्रशासन ने लोगों से मौसम विभाग की सलाह का पालन करने और केवल आवश्यक होने पर ही यात्रा करने की अपील की है।

